
WTC 2023 फाइनल: ओवल का मैदान, सामने ऑस्ट्रेलिया और खराब रिकॉर्ड... टीम इंडिया के लिए अच्छे नहीं ये संकेत
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भारत और ऑस्ट्रेलिया की टीमें वर्ल्ड टेस्ट चैम्पियनशिप के फाइनल में भिड़ेंगी. इंग्लैंड के ऐतिहासिक ओवल मैदान में होने वाले इस मैच से पहले अगर आंकड़ों पर नज़र डालें तो भारतीय टीम का इस मैदान पर प्रदर्शन बेहतर नहीं रहा है. टीम इंडिया को ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ फाइनल में किन चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है, जानिए...
टीम इंडिया ने लगातार दूसरी बार वर्ल्ड टेस्ट चैम्पियनशिप के फाइनल में पहुंचकर इतिहास रचा है. भारत ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ जारी सीरीज में 2-1 से जीत दर्ज की. दूसरी ओर न्यूजीलैंड ने श्रीलंका को क्राइस्टचर्च टेस्ट में हराया, जिसकी वजह से टीम इंडिया को फाइनल में पहुंचने में मदद मिली. अब भारत को वर्ल्ड टेस्ट चैम्पियनशिप के फाइनल में ऑस्ट्रेलिया से भिड़ना है, यह महाभिड़ंत 7 से 11 जून के बीच लंदन के ओवल मैदान में होगी.
भारतीय टीम इकलौती ऐसी टीम है, जो लगातार दो बार वर्ल्ड टेस्ट चैम्पियनशिप के फाइनल में पहुंची है. WTC के पहले संस्करण के फाइनल में भारत का मुकाबला न्यूजीलैंड से हुआ था, जहां न्यूजीलैंड की जीत हुई थी. टीम इंडिया अब चाहेगी कि वह रिकॉर्ड सुधारे और इस बार यह खिताब अपने नाम जरूर कर ले. हालांकि, टीम इंडिया के लिए कई चुनौतियां भी हैं जो उसका इंतज़ार कर रही हैं. इन्हीं पर नज़र डालते हैं...
ओवल मैदान में भारत का खराब रिकॉर्ड: लंदन के जिस ओवल मैदान पर भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच वर्ल्ड टेस्ट चैम्पियनशिप का फाइनल मुकाबला खेला जाना है, वहां टीम इंडिया का रिकॉर्ड बेहतर नहीं है. भारत ने इस मैदान पर कुल 14 टेस्ट खेले हैं, इनमें 2 में जीत और 5 में हार मिली है. जबकि 7 मैच ड्रॉ भी रहे हैं.
राहत की बात ये है कि भारत ने इस मैदान पर अपना आखिरी मैच जीता था, जिसमें उन्होंने मेजबान इंग्लैंड को हराया था. तब टीम के कप्तान विराट कोहली थे और मौजूदा कप्तान रोहित शर्मा ने उस मैच में 127 रनों की शतकीय पारी खेली थी. अगर इस मैदान पर ऑस्ट्रेलिया का रिकॉर्ड देखें तो वह 38 मैच में 7 में जीत दर्ज कर चुका है, जबकि 17 मैच में उसे हार मिली है.
ओवल मैदान पर भारत और ऑस्ट्रेलिया • भारत- 14 टेस्ट, 2 जीत, 5 हार, 7 ड्रॉ • ऑस्ट्रेलिया- 38 मैच, 7 जीत, 17 हार, 14 ड्रॉ
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पाकिस्तान क्रिकेट टीम के ऑलराउंडर शादाब खान और मोहम्मद नवाज ने टी20 वर्ल्ड कप 2026 में टीम के फाइनल तक पहुंचने का भरोसा जताया है. सेमीफाइनल तक पहुंचने के सवाल पर दोनों ने साफ कहा कि लक्ष्य सिर्फ फाइनल है. टीम दबाव में जरूर है, लेकिन खिलाड़ियों का आत्मविश्वास बताता है कि पाकिस्तान अभी भी वापसी की उम्मीद जिंदा रखे हुए है.

35 साल के मोहम्मद शमी ने इस रणजी सीजन में धमाकेदार प्रदर्शन करते हुए 36 विकेट चटकाए हैं और सेमीफाइनल में करियर‑बेस्ट 8/90 निकाली. इसके बावजूद वह टीम इंडिया से बाहर हैं. यह मामला अब केवल फॉर्म या फिटनेस का नहीं रहा. अक्टूबर‑नवंबर में न्यूजीलैंड दौरा उनके लिए आखिरी मौका हो सकता है, जो तय करेगा कि उनका अंतरराष्ट्रीय अध्याय सम्मानजनक विदाई के साथ समाप्त होगा या अनिश्चित खामोशी में.

भारत-पाकिस्तान के बीच जारी क्रिकेट के राजनीतिक तनाव का असर अब इंटरनेशनल क्रिकेट पर दिखने लगा है. रिपोर्ट्स के मुताबिक ICC भविष्य के बड़े टूर्नामेंट भारत से बाहर शिफ्ट करने पर विचार कर रहा है. 2029 चैम्पियंस ट्रॉफी और 2031 वर्ल्ड कप के लिए ऑस्ट्रेलिया मजबूत विकल्प बनकर उभरा है, जबकि एशियाई देशों के बीच यात्रा विवाद से शेड्यूलिंग मुश्किल हो गई है.

वो कहते हैं ना, जब आप जीतें, तो उसकी इज्जत करनी चाहिए, 19 नवंबर 2023 को जब ऑस्ट्रेलिया ने जब वनडे वर्ल्ड कप जीता था तो मिचेल मार्श ने अपने पैरों तले ट्रॉफी रख ली थी, लेकिन अब यही चैम्पियन ऑस्ट्रेलिया टी20 वर्ल्ड कप 2026 के सुपर-8 में भी क्वालिफाई नहीं कर पाई. जिसे फैन्स कह रहे कि आखिरकार कुदरत के निजाम (बारिश) ने जिम्बाब्वे का साथ दिया और मिचेल मार्श ने जो 3 साल पहले किया था, उसकी भरपाई ऑस्ट्रेलियाई टीम के साथ हो गई.









