
India Today Conclave: 'जिस उम्र में लोग रिटायर हो रहे, मैं पीक कर रहा हूं...', शिखर धवन ने बताया सफलता का राज
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टीम इंडिया के स्टार क्रिकेटर शिखर धवन का मानना है कि उम्र बढ़ने के साथ ही उनमें और निखार आ रहा है. धवन ने 2019 के विश्व कप का वाकया भी सुनाया जहां एक मुकाबले में उन्होंने टूटे हाथ से शतकीय पारी खेली थी. धवन को हाल ही में पंजाब किंग्स का कप्तान नियुक्त किया गया है.
इंडिया टुडे के कॉन्क्लेव के दूसरे दिन शनिवार (5 नवंबर) को भारतीय टीम के स्टार क्रिकेटर शिखर धवन ने भी भाग लिया. धवन ने इस दौरान अपने करियर, फेवरेट मोमेंट्स को लेकर भी बात की. धवन ने कहा कि वह उम्र बढ़ने के साथ ही और निखर रहे हैं. शिखर धवन को हाल ही में पंजाब किंग्स का कप्तान नियुक्त किया गया है. वह न्यूजीलैंड दौरे पर वनडे सीरीज में भी टीम इंडिया की कप्तानी करेंगे.
शिखर धवन ने कहा, 'मैंने प्रतिद्वंद्विता करने के बजाय योगदान (contribute) देने पर फोकस कर लिया है. ऐसा करने से मेरे लिए कोई प्रतिद्वंद्वी नहीं बचा. मैं एनर्जी में विश्वास करता हूं. जब कम्पटीशन हट गया तो मेरे अंदर से जलन हट गई. अब मेरी निरंतरता बढ़ती चली गई है. जिसका नतीजा है कि मुझे पंजाब किंग्स का कप्तान बनाया है. मैं न्यूजीलैंड में भारत की कप्तानी करूंगा. जिस उम्र में लोगों के करियर खत्म हो रहे हैं मेरे में पीक आ रहा है.'
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जब टूटे हाथ से धवन ने की थी बैटिंग
शिखर धवन ने अपने फेवरेट क्रिकेटिंग मोमेंट्स को लेकर कहा, मेरे कई सारे फेवरेट मोमेंट्स हैं. जब मैंने साल 2019 के वर्ल्ड कप में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सेंचुरी बनाई थी, तो उस दौरान 25 रनों के स्कोर पर मेरा अंगूठा टूट गया. तब मैंने पेन किलर्स खाकर बैटिंग जारी रखी और टूटे हाथ से 125 रन बनाए. ऐसे ही मैं दो-तीन मौकों पर टूटे हाथ से मैंने इंडिया के लिए खेला है. यह सब मैरे दिल के काफी करीब है.'
मैंने सबों से सीखने की कोशिश की: धवन

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