
EXCLUSIVE, Saurabh Kumar: 'लगे रहो!' का मंत्र और रेल पटरियों से टीम इंडिया तक का सफर, जानिए सौरभ कुमार की कहानी
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हाल ही में श्रीलंका के खिलाफ भारतीय टेस्ट टीम में उत्तर प्रदेश के युवा लेफ्ट आर्म स्पिनर सौरभ कुमार को भी जगह मिली है. सौरभ ने aajtak.in से बात की औऱ अपनी योजनाओं के बारे में विस्तार से बताया.
आपका माइंडसेट, आपकी सोच और आपकी लगन ही आपको सफलता तक पहुंचा सकती है. ऐसे शब्द एक मोटिवेशनल स्पीकर से सुने जा सकते हैं. कभी-कभी ये शब्द जिंदगी में भी सामने नजर आ जाते हैं. खुद की सोच, खुद का डिसिप्लिन और खुद की मेहनत से इंसान अपने हर सपने की तरफ सफलता से आगे बढ़ सकता है. उत्तर प्रदेश के एक छोटे से कस्बे बड़ौत में जन्मे सौरभ कुमार की कहानी भी कुछ ऐसी ही है. उन्होंने बड़ौत में रेल की पटरियों से भारतीय टेस्ट के सदस्य बनने तक की अपनी यात्रा के बारे में बातचीत की.

पाकिस्तान क्रिकेट टीम के ऑलराउंडर शादाब खान और मोहम्मद नवाज ने टी20 वर्ल्ड कप 2026 में टीम के फाइनल तक पहुंचने का भरोसा जताया है. सेमीफाइनल तक पहुंचने के सवाल पर दोनों ने साफ कहा कि लक्ष्य सिर्फ फाइनल है. टीम दबाव में जरूर है, लेकिन खिलाड़ियों का आत्मविश्वास बताता है कि पाकिस्तान अभी भी वापसी की उम्मीद जिंदा रखे हुए है.

35 साल के मोहम्मद शमी ने इस रणजी सीजन में धमाकेदार प्रदर्शन करते हुए 36 विकेट चटकाए हैं और सेमीफाइनल में करियर‑बेस्ट 8/90 निकाली. इसके बावजूद वह टीम इंडिया से बाहर हैं. यह मामला अब केवल फॉर्म या फिटनेस का नहीं रहा. अक्टूबर‑नवंबर में न्यूजीलैंड दौरा उनके लिए आखिरी मौका हो सकता है, जो तय करेगा कि उनका अंतरराष्ट्रीय अध्याय सम्मानजनक विदाई के साथ समाप्त होगा या अनिश्चित खामोशी में.

भारत-पाकिस्तान के बीच जारी क्रिकेट के राजनीतिक तनाव का असर अब इंटरनेशनल क्रिकेट पर दिखने लगा है. रिपोर्ट्स के मुताबिक ICC भविष्य के बड़े टूर्नामेंट भारत से बाहर शिफ्ट करने पर विचार कर रहा है. 2029 चैम्पियंस ट्रॉफी और 2031 वर्ल्ड कप के लिए ऑस्ट्रेलिया मजबूत विकल्प बनकर उभरा है, जबकि एशियाई देशों के बीच यात्रा विवाद से शेड्यूलिंग मुश्किल हो गई है.

वो कहते हैं ना, जब आप जीतें, तो उसकी इज्जत करनी चाहिए, 19 नवंबर 2023 को जब ऑस्ट्रेलिया ने जब वनडे वर्ल्ड कप जीता था तो मिचेल मार्श ने अपने पैरों तले ट्रॉफी रख ली थी, लेकिन अब यही चैम्पियन ऑस्ट्रेलिया टी20 वर्ल्ड कप 2026 के सुपर-8 में भी क्वालिफाई नहीं कर पाई. जिसे फैन्स कह रहे कि आखिरकार कुदरत के निजाम (बारिश) ने जिम्बाब्वे का साथ दिया और मिचेल मार्श ने जो 3 साल पहले किया था, उसकी भरपाई ऑस्ट्रेलियाई टीम के साथ हो गई.









