
Asia Cup Kuldeep Yadav: कुलदीप यादव ने कैसे पाकिस्तान की आधी टीम समेटी...? प्रचंड जीत के बाद खुद किया खुलासा
AajTak
बाएं हाथ के कलाई के स्पिनर कुलदीप यादव ने पाकिस्तान के खिलाफ अपनी करामाती गेंदबाजी से खूब वाहवाही लूटी. उन्होंने पाक की आधी टीम को पवेलियन का रास्ता दिखाया. मैच के बाद इस गेंदबाज ने अपनी सफलता के राज खोले.
Left-arm wrist spinner Kuldeep Yadav: पाकिस्तान के खिलाफ एशिया कप सुपर-4 मुकाबले में टीम इंडिया की जीत में कुलदीप यादव की अहम भूमिका रही. बाएं हाथ के कलाई के स्पिनर कुलदीप का मानना है कि सीधे रन अप सहित तकनीक में कुछ बदलाव से उन्हें गेंदबाजी में सुधार करने और वनडे क्रिकेट में सफलता हासिल करने में मदद मिली. 23 साल के कुलदीप यादव ने इस साल 14 मैचों में 27 विकेट निकाले हैं और वह इस साल वनडे में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले भारतीय गेंदबाज हैं.
'...अब मेरी लय आक्रामक हो गई है'
कुलदीप ने एशिया कप सुपर-4 में पाकिस्तान के खिलाफ भारत की 228 रनों से जीत के बाद कहा, ‘पिछले साल घुटने के ऑपरेशन के बाद मेरा रन अप काफी हद तक सीधा हो गया और मेरी लय आक्रामक हो गई. पहले गेंद छोड़ने के बाद मेरा हाथ नीचे गिर जाता था, लेकिन अब ऐसा नहीं होता है. अब मेरा हाथ बल्लेबाज के सामने होता है.’
कुलदीप ने कहा कि ऑपरेशन के बाद अपनी दक्षता बढ़ाने के लिए उन्होंने ‘स्पिन और ड्रिफ्ट’ पर काम किया. उन्होंने कहा, ‘मैंने इस पर पूरा ध्यान दिया कि मैं अपनी गति खोए बिना अपनी स्पिन और ड्रिफ्ट को बरकरार रखूं. अगर कोई लेग स्पिनर गेंद को गुड लेंथ पर पिच कराता है तो वह फिर लगातार विकेट हासिल कर सकता है. ऐसे में ढीली गेंदों की संख्या कम हो जाएगी और आपके प्रदर्शन में निरंतरता रहेगी.’
कुलदीप ने पाकिस्तान के खिलाफ मैच में 25 रन देकर 5 विकेट चटकाए, जिससे भारत बड़ी जीत हासिल करने में सफल रहा. कुलदीप ने कहा के वह अपने इस प्रदर्शन को हमेशा याद रखेंगे क्योंकि उन्होंने इसे एक चोटी की टीम के खिलाफ हासिल किया है.
'संन्यास के बाद हमेशा याद रखूंगा'

पाकिस्तान क्रिकेट टीम के ऑलराउंडर शादाब खान और मोहम्मद नवाज ने टी20 वर्ल्ड कप 2026 में टीम के फाइनल तक पहुंचने का भरोसा जताया है. सेमीफाइनल तक पहुंचने के सवाल पर दोनों ने साफ कहा कि लक्ष्य सिर्फ फाइनल है. टीम दबाव में जरूर है, लेकिन खिलाड़ियों का आत्मविश्वास बताता है कि पाकिस्तान अभी भी वापसी की उम्मीद जिंदा रखे हुए है.

35 साल के मोहम्मद शमी ने इस रणजी सीजन में धमाकेदार प्रदर्शन करते हुए 36 विकेट चटकाए हैं और सेमीफाइनल में करियर‑बेस्ट 8/90 निकाली. इसके बावजूद वह टीम इंडिया से बाहर हैं. यह मामला अब केवल फॉर्म या फिटनेस का नहीं रहा. अक्टूबर‑नवंबर में न्यूजीलैंड दौरा उनके लिए आखिरी मौका हो सकता है, जो तय करेगा कि उनका अंतरराष्ट्रीय अध्याय सम्मानजनक विदाई के साथ समाप्त होगा या अनिश्चित खामोशी में.

भारत-पाकिस्तान के बीच जारी क्रिकेट के राजनीतिक तनाव का असर अब इंटरनेशनल क्रिकेट पर दिखने लगा है. रिपोर्ट्स के मुताबिक ICC भविष्य के बड़े टूर्नामेंट भारत से बाहर शिफ्ट करने पर विचार कर रहा है. 2029 चैम्पियंस ट्रॉफी और 2031 वर्ल्ड कप के लिए ऑस्ट्रेलिया मजबूत विकल्प बनकर उभरा है, जबकि एशियाई देशों के बीच यात्रा विवाद से शेड्यूलिंग मुश्किल हो गई है.

वो कहते हैं ना, जब आप जीतें, तो उसकी इज्जत करनी चाहिए, 19 नवंबर 2023 को जब ऑस्ट्रेलिया ने जब वनडे वर्ल्ड कप जीता था तो मिचेल मार्श ने अपने पैरों तले ट्रॉफी रख ली थी, लेकिन अब यही चैम्पियन ऑस्ट्रेलिया टी20 वर्ल्ड कप 2026 के सुपर-8 में भी क्वालिफाई नहीं कर पाई. जिसे फैन्स कह रहे कि आखिरकार कुदरत के निजाम (बारिश) ने जिम्बाब्वे का साथ दिया और मिचेल मार्श ने जो 3 साल पहले किया था, उसकी भरपाई ऑस्ट्रेलियाई टीम के साथ हो गई.









