
रणजी ट्रॉफी: 21 साल के सुवेद पारकर का कमाल, डेब्यू मैच में जड़ा दोहरा शतक, 28 साल पुराने रिकॉर्ड की बराबरी
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मुंबई और उत्तराखंड के बीच खेला जा रहे मुकाबले में जबरदस्त बल्लेबाजी देखने को मिल रही है. 21 साल के सुवेद पारकर ने इस मैच में दोहरा शतक जड़ दिया है, यह उनका डेब्यू मैच भी है.
रणजी ट्रॉफी के क्वार्टरफाइनल मुकाबलों में बेहतरीन प्रदर्शन देखने को मिल रहा है. मुंबई और उत्तराखंड के बीच खेले जा रहे मुकाबले में 21 साल के सुवेद पारकर (Suved Parkar) ने इतिहास रच दिया है. सुवेद ने अपने डेब्यू मैच में ही दोहरा शतक जमा दिया और अपने ही कोच अमोल मजूमदार के रिकॉर्ड की बराबरी कर ली. उत्तराखंड के खिलाफ खेले जा रहे इस मैच में सुवेद पारकर ने अपनी पारी में 18 चौके और 3 छक्के (खबर लिखे जाने तक) लगाए और 400 के करीब बॉल खेल चुके हैं. सुवेद पारकर ऐसे दूसरे खिलाड़ी हैं, जिन्होंने रणजी ट्रॉफी में नॉकआउट मैच में डेब्यू करते हुए दोहरा शतक जड़ा हो. सुवेद से पहले रणजी क्रिकेट के दिग्गज बल्लेबाज अमोल मजूमदार ने साल 1994 में हरियाणा के खिलाफ 260 रनों की पारी खेली थी. अब 28 साल बाद जब अमोल मजूमदार मुंबई टीम के कोच हैं, तब उनकी कोचिंग में ही सुवेद पारकर ने ये इतिहास रचा है.फर्स्ट क्लास डेब्यू पर उच्चतम स्कोर: 341 सकिबुल गनी (2022) 267* अजय रोहेरा (2018) 260 अमोल मजूमदार (1994) 256* बाहिर शाह (2017) 240 एरिक मार्क्स (1920) अगर किसी फर्स्ट क्लास मैच के डेब्यू में सर्वाधिक स्कोर की बात करें तो यह रिकॉर्ड सकिबुल गनी के नाम है, जिन्होंने इसी सीजन में 341 रन बनाए थे. हालांकि वह नॉकआउट मैच नहीं था, जबकि सुवेद पारकर ने जो दोहरा शतक जड़ा है वह नॉकआउट मैच में है. सुवेद पारकर के इस कमाल पर क्रिकेट फैन्स गदगद हैं, मुंबई के ही सूर्यकुमार यादव ने भी ट्वीट कर सुवेद को बधाई दी है और इसे एक ड्रीम डेब्यू करार दिया है. जबकि सोशल मीडिया पर फैन्स भी सुवेद पारकर की इस पारी की तारीफ कर रहे हैं.

पाकिस्तान क्रिकेट टीम के ऑलराउंडर शादाब खान और मोहम्मद नवाज ने टी20 वर्ल्ड कप 2026 में टीम के फाइनल तक पहुंचने का भरोसा जताया है. सेमीफाइनल तक पहुंचने के सवाल पर दोनों ने साफ कहा कि लक्ष्य सिर्फ फाइनल है. टीम दबाव में जरूर है, लेकिन खिलाड़ियों का आत्मविश्वास बताता है कि पाकिस्तान अभी भी वापसी की उम्मीद जिंदा रखे हुए है.

35 साल के मोहम्मद शमी ने इस रणजी सीजन में धमाकेदार प्रदर्शन करते हुए 36 विकेट चटकाए हैं और सेमीफाइनल में करियर‑बेस्ट 8/90 निकाली. इसके बावजूद वह टीम इंडिया से बाहर हैं. यह मामला अब केवल फॉर्म या फिटनेस का नहीं रहा. अक्टूबर‑नवंबर में न्यूजीलैंड दौरा उनके लिए आखिरी मौका हो सकता है, जो तय करेगा कि उनका अंतरराष्ट्रीय अध्याय सम्मानजनक विदाई के साथ समाप्त होगा या अनिश्चित खामोशी में.

भारत-पाकिस्तान के बीच जारी क्रिकेट के राजनीतिक तनाव का असर अब इंटरनेशनल क्रिकेट पर दिखने लगा है. रिपोर्ट्स के मुताबिक ICC भविष्य के बड़े टूर्नामेंट भारत से बाहर शिफ्ट करने पर विचार कर रहा है. 2029 चैम्पियंस ट्रॉफी और 2031 वर्ल्ड कप के लिए ऑस्ट्रेलिया मजबूत विकल्प बनकर उभरा है, जबकि एशियाई देशों के बीच यात्रा विवाद से शेड्यूलिंग मुश्किल हो गई है.

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