
UP Crime: 24 साल पहले थाने में युवक की पीट-पीटकर हत्या, तीन पुलिसकर्मियों को मिली उम्रकैद
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24 साल पहले तीन पुलिसकर्मियों ने कस्टडी के दौरान एक युवक के साथ बेरहमी से मारपीट की थी. जिसके चलते उसकी मौत हो गई थी. तीनों पुलिस चौकी में ही शव को छोड़कर फरार हो गए. तीन में से दो पुलिसकर्मी अब रिटायर हो चुके हैं. कोर्ट ने तीनों को उम्रकैद की सजा सुनाई है.
उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर में कोर्ट ने तीन पुलिसकर्मियों को आजीवन कारावास और 25-25 रुपये अर्थ दंड की सजा सुनाई है. जानकारी के मुताबिक तीनों दोषियों ने कस्टडी के दौरान एक युवक के साथ बेरहमी से मारपीट की थी, जिसके चलते उसकी मौत हो गई. बाद में तीनों पुलिस चौकी में ही शव को छोड़कर फरार हो गए.
24 साल के लंबे ट्रायल के बाद तीनों आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई. तीन में से दो पुलिसकर्मी अब रिटायर हो चुके हैं. यह घटना 25 अगस्त 1999 की है. 25 जनवरी को यहां फास्ट ट्रैक कोर्ट की एडिशनल डिस्ट्रिक्ट जज लवी यादव ने फैसला सुनाते हुए तीनों को जीवन भर कैद में रहने और 25-25 हजार रुपये जुर्माना भरने का निर्देश दिया. तीनों दोषी सैय्यद अली, शिवकुमार शुक्ला और अरविंद शाहजहांपुर के सदर थाने की पुलिस चौकी कैंट में सिपाही के पद पर तैनात थे.
'माफ किया तो पुलिस चौराहे पर सजा देने लगेगी', खेड़ा पिटाई कांड में पुलिसकर्मी दोषी करार
हत्या के मामले में तीन पुलिसकर्मियों को उम्रकैद
दोषी पुलिसकर्मियों ने मंगल शाह नाम के युवक को पूछताछ के लिए चौकी लेकर आए थे. आरोप था कि जहां उसे बेरहमी से पीटा गया था जिससे उसकी मौत हो गई थी. इसके बाद तीनों चौकी में शव छोड़कर फरार हो गए थे. मृतक के मामा ने अपने भांजे की पहचान की और थाना सदर बाजार में तीनों सिपाहियों के खिलाफ केस दर्ज कराया.
कस्टडी में युवक की पीट-पीटकर की थी हत्या

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