
PAK vs AUS Test: चौथी पारी में 1030 बॉल खेलकर पाकिस्तान ने बचाया मैच, टेस्ट इतिहास में ऐसा महज दूसरी बार
AajTak
पाकिस्तान टीम ने घरेलू टेस्ट सीरीज में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ शानदार प्रदर्शन किया है. दोनों टीम के बीच कराची टेस्ट ड्रॉ हुआ, लेकिन इसमें 83 साल बाद एक ऐतिहासिक रिकॉर्ड भी बना...
पाकिस्तान और ऑस्ट्रेलिया के बीच खेला गया कराची टेस्ट रोमांचक तरीके से 5वें दिन ड्रॉ हो गया है. इस मैच में जब कप्तान बाबर आजम बल्लेबाजी कर रहे थे, तब ऐसा लग रहा था कि पाकिस्तान टीम 506 रनों के टारगेट को चेज कर इतिहास रच देगी. हालांकि यह मैच ड्रॉ पर खत्म हुआ.
मैच में टारगेट चेज का रिकॉर्ड तो नहीं बना, लेकिन एक दूसरा ही ऐतिहासिक रिकॉर्ड कायम हो गया है. दरअसल, पाकिस्तान ने चौथी पारी में कुल 1030 गेंदें खेली थीं. वह 83 साल बाद किसी एक टेस्ट की चौथी पारी में 1000 से ज्यादा गेंदें खेलकर मैच बचाने वाली पहली टीम बन गई है.
83 साल पहले इंग्लैंड टीम ने बनाया था ये रिकॉर्ड
साथ ही क्रिकेट इतिहास में ऐसा दूसरी बार हुआ है, जब किसी टीम ने एक टेस्ट की चौथी पारी में 1000 या उससे ज्यादा गेंदें खेलकर मैच बचाया हो. यह उपलब्धि पहली बार इंग्लैंड ने 1939 में हासिल की थी. तब उसने डरबन में साउथ अफ्रीका के खिलाफ टेस्ट की चौथी पारी में 1746 बॉल खेलकर 5 विकेट पर 654 रन बनाए थे.
चौथी पारी में सबसे ज्यादा बॉल खेल कर ड्रॉ कराया मैच
इंग्लैंड और पाकिस्तान के अलावा टेस्ट क्रिकेट के इतिहास में अब तक किसी टीम ने चौथी पारी में मैच बचाने के लिए 1000 बॉल नहीं खेली हैं. इन दोनों के बाद तीसरा नंबर भी इंग्लैंड टीम का ही है, जिसने 1995 के एक टेस्ट की चौथी पारी में 990 बॉल खेली थीं. यह टेस्ट भी साउथ अफ्रीका के खिलाफ ही हुआ था. चौथा नंबर वेस्टइंडीज टीम का है, जिसने 1930 में इंग्लैंड के खिलाफ चौथी पारी में 987 बॉल खेलकर मैच बचाया था.

ICC मेन्स T20 वर्ल्ड कप 2026 में बांग्लादेश के हिस्सा लेने पर आखिरी फैसला लेने से एक दिन पहले, PCB ने ICC गवर्निंग बॉडी को लिखा कि वह पड़ोस में राजनीतिक उथल-पुथल के समय भारत में नहीं खेलने के BCB के रुख का समर्थन करता है. एक रिपोर्ट में बताया गया है कि PCB ने इसमें ICC बोर्ड के सदस्यों की भी कॉपी की है.

भारत और न्यूजीलैंड के बीच शुरू हो रही टी20 सीरीज भारत के लिए टी20 वर्ल्ड कप से पहले आखिरी बड़ी तैयारी है. टीम का प्रदर्शन मजबूत है, लेकिन कप्तान सूर्यकुमार यादव की खराब फॉर्म चिंता का कारण बनी हुई है. श्रेयस अय्यर और ईशान किशन के बीच प्लेइंग इलेवन को लेकर मुकाबला है, वहीं हार्दिक पंड्या, बुमराह और वरुण चक्रवर्ती की वापसी से भारत की ताकत बढ़ेगी.











