
Masik karthigai 2022: कब है मासिक कार्तिगाई? जानें डेट, महत्व और पूजन विधि
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Masik karthigai 2022: मासिक कार्तिगाई इस महीने 15 सितंबर, गुरुवार को पड़ रही है. तमिल हिंदुओं द्वारा मनाए जाने वाले सभी त्योहारों में से यह सबसे पुराना और सबसे महत्वपूर्ण त्योहार माना गया है. इस दिन सूर्यास्त के पश्चात दीपावली की तरह दीप जलाकर भगवान शिव और उनके पुत्र कार्तिकेय की पूजा की जाती है. इस दिन भगवान शिव और कार्तिकेय की पूजा करने से जीवन में नकारात्मक शक्ति का नाश होकर सकारात्मक ऊर्जा का संचार होने लगता है.
Masik karthigai 2022: मासिक कार्तिगाई दीपम तमिल हिंदुओं द्वारा मनाया जाने वाला एक प्रमुख त्योहार होता है. इस दिन सूर्यास्त के पश्चात दीपावली की तरह दीप जलाकर भगवान शिव और उनके पुत्र कार्तिकेय की पूजा की जाती है. इस दिन को कार्तिका नक्षत्र भी कहा जाता है. कार्तिगाई दीपम के दिन भगवान शिव की पूजा करने का विधान बताया गया है. इस महीने मासिक कार्तिगाई 15 सितंबर, गुरुवार को पड़ रही है.
मासिक कार्तिगाई का महत्व (Masik karthigai 2022 importance)
इस दिन भगवान शिव और कार्तिकेय की पूजा करने से जीवन में नकारात्मक शक्ति का नाश होकर सकारात्मक ऊर्जा का संचार होने लगता है. भगवान कार्तिकेय की कृपा से परिवार में सबकुछ कुशल मंगल रहता है. हिंदू पौराणिक मान्यताओं के अनुसार कहा जाता है कि यह वही दिन है जिस दिन भगवान शिव ने भगवान विष्णु और ब्रह्मा जी को अपनी श्रेष्ठता साबित करने के लिए खुद को प्रकाश की अनंत ज्योति में बदल लिया था.
पूजन विधि (Masik karthigai 2022 pujan vidhi)
इस दिन शाम के समय शिवालय में जाकर शिवलिंग की पूजा करने का विधान बताया गया है. इस दिन की पूजा में इत्र, सिंदूर, धतूरा, लाल रंग के फूल, दूध, शहद, घी, चीनी, गुड, दही, मिठाई, फल, यज्ञोपवित आदि सामान अवश्य शामिल करना चाहिए. इस दिन सुगंधित तेल का दीपक जलाएं. भगवान को गुलाबी कनेर का फूल चढ़ाएं. साथ ही इस दिन चावल की खीर का भोग लगाया जाता है.
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