
IPL: सैम करन ने केएल राहुल को पछाड़ा, ये हैं अब तक के सबसे महंगे टॉप-10 खिलाड़ी
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IPL 2023 की नीलामी में सभी 10 टीमों ने 80 खिलाड़ी ही खरीदे हैं. इसमें 29 खिलाड़ी विदेशी रहे हैं. इन खिलाड़ियों को खरीदने के लिए सभी टीमों ने कुल 167 करोड़ रुपये खर्च किए. इस नीलामी में इंग्लैंड के स्टार ऑलराउंडर सैम कुरेन, बेन स्टोक्स और ऑस्ट्रेलिया के ऑलराउंडर कैमरून ग्रीन ने धमाल मचाया है.
इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2023 सीजन के लिए नीलामी शुक्रवार (23 दिसंबर) को कोच्चि में हुई. इस बार मिनी ऑक्शन में 405 खिलाड़ियों को शॉर्ट लिस्ट किया गया था. जबकि सभी 10 टीमों के पास खिलाड़ियों को खरीदने के लिए 87 का स्लॉट था. मगर नीलामी में 80 खिलाड़ी ही बिके हैं. इसमें 29 खिलाड़ी विदेशी रहे हैं. इन खिलाड़ियों को खरीदने के लिए सभी टीमों ने कुल 167 करोड़ रुपये खर्च किए.
इस नीलामी में इंग्लैंड के स्टार ऑलराउंडर सैम कुरेन, बेन स्टोक्स और ऑस्ट्रेलिया के ऑलराउंडर कैमरून ग्रीन ने धमाल मचाया है. सैम कुरेन आईपीएल नीलामी में सबसे ज्यादा महंगे बिकने वाले प्लेयर बन गए हैं. कुरेन को पंजाब किंग्स ने 18.50 करोड़ रुपये में खरीदा है.
सैम कुरेन बने आईपीएल में सबसे ज्यादा फीस लेने वाले प्लेयर
इस ऐतिहासिक बोली के साथ ही सैम कुरेन अब आईपीएल में सबसे ज्यादा फीस लेने वाले खिलाड़ी भी बन गए हैं. उनके बाद दूसरे नंबर पर कैमरून ग्रीन काबिज हो गए हैं. इस मामले में इन दोनों ने ही केएल राहुल को पछाड़ दिया है. बता दें कि लखनऊ सुपर जायंट्स के कप्तान केएल राहुल को 17 करोड़ रुपये मिलते हैं. जबकि कैमरून ग्रीन को मुंबई इंडियंस ने 17.50 करोड़ रुपये में अपनी टीम से जोड़ा. आइए जानते हैं आईपीएल इतिहास में सबसे महंगे टॉप-10 खिलाड़ी....
IPL 2023 नीलामी में बिकने वाले टॉप-5 महंगे खिलाड़ी
खिलाड़ी - किसने खरीदा - कितने रुपये में खरीदा - बेस प्राइस सैम कुरेन - पंजाब किंग्स - 18.50 करोड़ रुपये - 2 करोड़ रुपये कैमरून ग्रीन - मुंबई इंडियंस - 17.50 करोड़ रुपये - 2 करोड़ रुपये बेन स्टोक्स - चेन्नई सुपर किंग्स - 16.25 करोड़ रुपये - 2 करोड़ रुपये निकोलस पूरन - लखनऊ टीम - 16 करोड़ रुपये - 2 करोड़ रुपये हैरी ब्रूक - सनराइजर्स हैदराबाद - 13.25 करोड़ रुपये - 1.5 करोड़ रुपये

एक समय था जब बिहार से आईपीएल में खिलाड़ियों की मौजूदगी गिनी-चुनी होती थी. लेकिन आज 7 खिलाड़ियों का इस लीग में होना राज्य के क्रिकेट इकोसिस्टम में आए बदलाव का संकेत है. यह सिर्फ एक आंकड़ा नहीं, बल्कि उस बदलाव की कहानी है जहां कभी संसाधनों की कमी से जूझने वाला राज्य अब भारतीय क्रिकेट की मुख्यधारा में अपनी जगह बना रहा है.












