
Covid in Shanghai: शंघाई में एक बार फिर बढ़े कोरोना के केस, लॉकडाउन की आशंका ने बढ़ाई टेंशन
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चीन के कॉमर्शियल हब शंघाई में कोरोना की रफ्तार ने एक बार फिर से टेंशन बढ़ा दी है. बता दें कि दो महीनों के लंबे लॉकडाउन के बाद हाल ही में प्रतिबंधों को हटाया गया था. एक बार फिर बढ़ रहे कोरोना के मामलों से लॉकडाउन की आशंका है जिससे वहां के लोगों की टेंशन बढ़ गई है.
शंघाई में कोरोना वायरस के नए केस में लगातार इजाफा हो रहा है. गुरुवार को लगातार तीसरे दिन बड़ी संख्या में कोरोना के नए केस मिले हैं. उधर, चीन के अन्य शहरों में भी कोरोना के नए केस पर लगाम लगाने के लिए अधिकारी जुटे हुए हैं. लगातार मिल रहे नए मामलों से दुनिया की दूसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था में विकास के कार्यों को लेकर एक बार फिर से टेंशन बढ़ गई है.
चीन की डायनेमिक जीरो कोविड रणनीति के तहत जब तक अधिकारी कोरोना वायरस को रोकने में सफल नहीं हो जाते हैं, तब तक इसकी रोकथाम के लिए लगाए गए प्रतिबंधों को हटाया नहीं जा सकता है. बता दें कि चीन की सबसे अधिक आबादी वाला शहर शंघाई में पिछले दो महीनों से लॉकडाउन लगा था. यहां कुछ दिनों पहले ही कुछ छूट दी गई थी कि अचानक कोरोना के नए केस बढ़ने के बाद फिर से सख्ती बरती जाने लगी है.
चीन में बुधवार को मिले थे कोरोना के 338 नए केस
शंघाई में बुधवार को 54 जबकि मंगलवार को कोरोना के 24 केस मिले थे. वहीं, गुरुवार को कोरोना के 70 नए केस मिले हैं. उधर, पूरे चीन में बुधवार को कोरोना के 338 केस मिले थे, जो मंगलवार को मिले 353 केस से कम थे.
ग्लोबल ब्रोकरेज फर्म नोमुरा के स्पेशलिस्ट्स के मुताबिक, अधिकांश देशों में कोरोना के नए वैरिएंट ओमिक्रॉन के केस मिले हैं लेकिन चीन में लगातार मिल रहे केस चीनी अर्थव्यवस्था के लिए एक प्रमुख मुद्दा बना हुआ है. चीन में कोरोना के प्रकोप को लेकर प्रतिबंधों ने एक बार फिर यहां के लोगों को सावधान कर दिया है. पहले भी कोरोना को रोकने के लिए लगाए गए प्रतिबंधों के चलते यहां के लोगों को मानसिक परेशानियों और वित्तीय कठिनाईयों का सामना करना पड़ा है. इसके अलावा चीन का विदेशी व्यापार भी प्रभावित हुआ है.
2.5 करोड़ लोगों को कोरोना टेस्ट कराने का दिया आदेश

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