
साउथ कोरिया: न PM को बताया, न कैबिनेट को... राष्ट्रपति को मार्शल लॉ का आइडिया देने वाले रक्षा मंत्री का इस्तीफा
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दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति यून सुक योल ने बुधवार रात 11 बजे अचानक से देश को संबोधित कर मार्शल लॉ लगाने का ऐलान किया था. लेकिन विपक्ष के विरोध और आम जनता के हंगामे के बीच उन्हें इस फैसले को वापस लेना पड़ा. इससे पहले संसद में इस फैसले के खिलाफ प्रस्ताव लाकर इसे गिरा दिया गया था.
दक्षिण कोरिया में इस समय भारी राजनीतिक अस्थिरता है. मार्शल लॉ को लेकर मचे घमासान के बीच देश के रक्षा मंत्री ने इस्तीफा दे दिया. उन्हें इस पूरे मार्शल लॉ आइडिया का मास्टमाइंड माना जा रहा था.
दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति यून सुक योल ने बुधवार रात 11 बजे अचानक से देश को संबोधित कर मार्शल लॉ लगाने का ऐलान किया था. लेकिन विपक्ष के विरोध और आम जनता के हंगामे के बीच उन्हें इस फैसले को वापस लेना पड़ा. इससे पहले संसद में इस फैसले के खिलाफ प्रस्ताव लाकर इसे गिरा दिया गया था.
इस मामले में राष्ट्रपति यून सुक के कार्यालय की ओर से जारी किए गए बयान में कहा गया है कि आज, राष्ट्रपति ने रक्षा मंत्री किम योंग-ह्यून का इस्तीफा मंजूर कर लिया. इसके साथ ही सऊदी अरब में राजदूत चोई ब्युंग-ह्यूक को नए रक्षा मंत्री के रूप में नामित किया गया है.
क्या रक्षा मंत्री और राष्ट्रपति की थी सांठगांठ?
दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति यून की पार्टी संसद में अल्पमत में है. संसद में विपक्षी डेमोक्रेटिक पार्टी का बोलबाला है. ऐसे में सत्तारूढ़ पीपुलस पावर पार्टी के हर फैसले को संसद में विपक्षी पार्टी पलट देती है. इससे सरकार और राष्ट्रपति के फैसलों को संसद में पलट दिया जाता है. इसके बाद देश के रक्षा मंत्री किम योंग हयून ने राष्ट्रपति से देश में मार्शल लॉ लगाने का सुझाव दिया.
देश में मार्शल लॉ लगाने के सूत्रधार रक्षा मंत्री किम को ही माना गया. द कोरियन टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, राष्ट्रपति देश के नाम संबोधन में मार्शल लॉ लगाने का ऐलान करेंगे, इसकी जानकारी प्रधानमंत्री हान डक सू को भी नहीं थी.

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