
लॉरेंस बिश्नोई से लकी पटियाल तक... पंजाब के वो 5 कुख्यात गैंगस्टर, जिनके नाम से कांपता है 'अंडरवर्ल्ड'
AajTak
पंजाब में कबड्डी का मैदान अब खेल नहीं, गैंगवार की रणभूमि बनता जा रहा है. मोहाली से जालंधर तक खिलाड़ियों की हत्याएं, जेलों से चल रहे गिरोह और विदेशों से रची जा रही साजिशें इस बात का सबूत हैं कि पंजाब का अंडरवर्ल्ड अब ज्यादा खतरनाक शक्ल ले चुका है.
पंजाब में गैंगस्टर कल्चर ने एक बार फिर अपनी मौजूदगी का एहसास करा दिया है. मोहाली में कबड्डी टूर्नामेंट के दौरान कबड्डी खिलाड़ी र कंवर दिग्विजय उर्फ राणा बलाचौरिया की सरेआम गोली मारकर हत्या ने पूरे राज्य को झकझोर दिया. खेल के मैदान में हुई इस हत्या ने साफ कर दिया कि पंजाब में कबड्डी अब सिर्फ खेल नहीं रह गई, बल्कि गैंगस्टरों के दबदबे, वर्चस्व और वसूली का बड़ा जरिया बन चुकी है.
इस सनसनीखेज हत्याकांड के बाद बंबीहा गैंग ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए इसकी जिम्मेदारी ली थी. उस पोस्ट में दावा किया गया था कि राणा बलाचौरिया लॉरेंस बिश्नोई और जग्गू भगवानपुरिया के लिए काम करता था. गैंग ने आरोप लगाया कि उसने सिद्धू मूसेवाला के कातिल को पनाह दी थी और उसी का बदला लेने के लिए उसकी हत्या की गई है. इस दावे ने मामले को और ज्यादा संवेदनशील बना दिया.
हालांकि, पुलिस जांच में कहानी कुछ और ही निकली. जांच में सामने आया कि इस हत्याकांड के पीछे डोनी बाल और लकी पटियाल गैंग का हाथ था. पुलिस के मुताबिक यह गैंग पंजाब में हो रहे कबड्डी टूर्नामेंटों पर अपना दबदबा कायम करना चाहता था. गैंग को शक था कि राणा बलाचौरिया जेल में बंद गैंगस्टर जग्गू भगवानपुरिया का करीबी है. इसी वजह से उसे निशाना बनाया गया. उसे दिनदहाड़े मार दिया गया.
पुलिस ने इस मामले में शूटर्स की पहचान आदित्य कपूर उर्फ मक्खन और करण पाठक उर्फ डिफॉल्टर करण के तौर पर की है. दोनों आरोपी अमृतसर के रहने वाले हैं. इनका सीधा कनेक्शन डोनी बाल गैंग से जोड़ा जा रहा है. इस मामले में कार्रवाई करते हुए मोहाली पुलिस और एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स ने हैंडलर हरजिंदर उर्फ मिड्डू को एनकाउंटर में मार गिराया. वो तरनतारन के नौशेहरा पन्नुआं का रहने वाला था.
वहीं इस पूरे हत्याकांड के मास्टरमाइंड ऐशदीप सिंह को दिल्ली एयरपोर्ट से गिरफ्तार किया गया. ऐशदीप मॉस्को से इस हत्या की साजिश रचकर भारत आया था और गिरफ्तारी के वक्त मस्कट लौटने की फिराक में था. पुलिस के मुताबिक ऐशदीप सिंह विदेश में बैठकर गैंगस्टर डोनी बाल के संपर्क में था. उसी के खुलासों के आधार पर पुलिस हरजिंदर उर्फ मिड्डू तक पहुंची और उसका एनकाउंटर कर दिया.

ईरान युद्ध के बीच पाकिस्तान की एक बड़ी साजिश बेनकाब हुई है. पाकिस्तान को लेकर खुलासा हुआ है कि वो उसने अपने एजेंट्स की मदद से भारत में सीसीटीवी लगवाए, जिनके जरिए वीडियो पाकिस्तान भेजे जा रहे थे. गाजियाबाद पुलिस ने पाकिस्तान की इस साजिश को नाकाम किया. पाकिस्तान ने इजरायल से सीख लेकर ऐसा किया. इजरायल ने तेहरान के ट्रैफिक कैमरों को हैक कर खामेनेई को लेकर अहम जानकारी जुटाई थी. देखें वीडियो.

डोनाल्ड ट्रंप ने पूरी दुनिया को कन्फ्यूज कर दिया है. एक तरफ डोनाल्ड ट्रंप और उनके दावे हैं. वहीं दूसरी तरफ इन दावों को आंख दिखाती हकीकत. सवाल ये है कि जंग की बिसात पर ट्रंप कौन सा खेल खेल रहे हैं. जंग की शुरुआत से अबतक डोनाल्ड ट्रंप अपनी आदत के मुताबिक अपने बयान बदल रहे हैं. दुर्भाग्य ये है कि ये जंग है. पहले दिन से वो कह रहे हैं कि हम जीत रहे हैं. जंग के 25 दिन बाद हकीकत कुछ और है. लेकिन वो कह रहे हैं कि उन्होंने ईरान को खत्म कर दिया है. फिर दबाव बढ़ाने के लिए उन्होंने ईरान को 48 घंटे का अल्टीमेटम दे दिया. वहीं अचानक ये कहकर दुनिया को चौंका दिया कि 5 दिन युद्धविराम. ट्रंप की इन बातों ने बता दिया है कि उनके दिमाग में घोर कन्फ्यूजन है.

पश्चिम एशिया में बिगड़े हालातों पर अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और पीएम मोदी की बातचीत हुई है. पीएम मोदी ने सोशल मीडिया एक्स पर इसकी जानकारी दी. पीएम मोदी ने कहा है कि उन्हें ट्रंप का फोन आया और पश्चिम एशिया की स्थिति पर बात हुई. भारत तनाव कम करने और जल्द से जल्द शांति बहाल करने का समर्थन करता है. देखें वीडियो.

मोहम्मद बाघेर जोलघादर, ईरान के नए सुरक्षा रणनीतिकार होंगे. ईरान ने अली लारीजानी की जगह पर मोहम्मद बाघेर की नियुक्ति का ऐलान किया है. ईरान के सरकारी चैनल IRIB के मुताबिक सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई और राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने मोहम्मद बाघेर की नियुक्ति को मंजूरी दी है. ईरान का ये ऐलान ऐसे समय में हुआ है, जब बातचीत के राष्ट्रपति ट्रंप के एकतरफा ऐलान के बावजूद ईरान पलटवार से रुका नहीं. ईरान के हमलों से आज तेल अवीव में रिहाइशी इमारतों की बर्बादी की तस्वीरें आईं. उधर, इजरायल ने ईरान के खोर्रमशहर और इशफाहान में ऊर्जा केंद्रों पर हमले किए. इजरायल ने ईरान के कई शहरों में हमले किए हैं. बीती रात हुए हमलों से साफ है कि बातचीत के लिए 5 दिनों की जो मोहलत ट्रंप ने दी, उसका कोई नतीजा नहीं दिख रहा. इस बीच, वॉल स्ट्रीट जर्नल की रिपोर्ट के मुताबिक सऊदी अरब और UAE भी युद्ध में उतर सकते हैं. सवाल है कि इस युद्ध पर फुलस्टॉप कैसे लगेगा? क्या बातचीत के लिए ईरान को कथित तौर पर मोहलत देने का ट्रंप का दांव नाकाम है?









