
पुतिन ने अब सोशल मीडिया पर की सख्ती, रूस में Facebook पर आंशिक पाबंदी लगी
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रूस की यूक्रेन पर कार्रवाई को लेकर अब उसी के देश में उसका विरोध भी शुरू हो गया है. अपना विरोध दर्ज कराने के लिए लोग सोशल मीडिया का प्रयोग कर रहे हैं तो ऐसे में रूस ने देश में सोशल मीडिया पर ही आंशिक पाबंदी लगा दी है. जानकारी के मुताबिक रूस ने फेसबुक पर आंशिक पाबंदी लगाई है.
रूस के हमलों के बीच यूक्रेन में तबाही मची हुई है. रूस की सेना यूक्रेन की राजधानी कीव तक पहुंच गई है. तो इसी बीच चीन ने शुक्रवार को रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से फोन पर बातचीत की. जिसके बाद पुतिन, यूक्रेन से बातचीत करने के लिए राजी हो गए हैं और जिसके बाद पुतिन की ओर से बातचीत के लिए प्रतिनिधिमंडल भेजने को बात सामने आई. लेकिन इस दौरान रूसी सेना की तरफ से विराम लेने जैसे बात सामने नहीं आई. रूसी सेना की यूक्रेन पर कार्रवाई जारी है. इसी बीच रूस ने देश में सोशल मीडिया पर पाबंदी लगा दी है. बताया जा रहा है कि रूस में ही रूस का विरोध देखने को मिल रहा है. ऐसे में फेसबुक पर रूस विरोधी कंटेंट के चलते यहां आंशिक पाबंदी लगा दी गई है. इसके साथ ही यह भी जानकारी आ रही है कि 48 घंटे में तकरीबन 50 हजार यूक्रेनवासियों ने देश छोड़ दिया है. बता दें कि यूक्रेन पर हमले के पुतिन के फैसले का रूस में विरोध शुरू हो गया है. रूस की राजधानी मॉस्को सहित 53 शहरों में युद्ध के खिलाफ बड़े स्तर पर प्रदर्शन हो रहे हैं. रूस की पुलिस अब तक 1700 प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार कर चुकी है, लेकिन इसके बाद भी विरोध थमने का नाम नहीं ले रहा है. प्रदर्शन कर रहे लोगों में कई ऐसे भी हैं, जिनका परिवार या रिश्तेदार यूक्रेन में फंसे हुए हैं. ये लोग युद्ध का विरोध करते हुए बातचीत के जरिए मसला सुलझाने की मांग कर रहे हैं. दूसरी तरफ रूस के राष्ट्रपति पुतिन ने यूक्रेन पर हमले को लेकर शुक्रवार को बात की है. उन्होंने कहा कि यूक्रेन नाजी आतंकियों जैसा बर्ताव कर रहा है. उन्होंने आगे कहा कि हम यूक्रेन पर कब्जा नहीं करना चाहते हैं लेकिन उसे परमाणु हथियार भी बनाने नहीं देंगे. पुतिन ने सुरक्षा परिषद के साथ बैठक में कहा कि नाटो ने लाल रेखा पार कर ली है. तो वहीं यूक्रेन नागरिकों को ढाल बना रहा है. 47 देशों की संस्था ने रूस को अलग किया

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