
PAK से क्रिप्टो डील, भारत में प्रॉपर्टी, गिफ्ट और... ट्रंप ने चारों ओर से बटोरा पैसा, कमाए 12800 करोड़
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अमेरिका को महान बनाते बनाते राष्ट्रपति ट्रंप ने अरबों रुपये कमाए हैं. उनकी कमाई पर न्यूयॉर्क टाइम्स ने सनसनीखेज खुलासा किया है. ये रिपोर्ट कहती है कि ट्रंप ने अपनी दूसरी पारी में अरबों-खरबों कमाए हैं. ट्रंप की फैमिली बिजनेस ने पाकिस्तान से क्रिप्टो डील कर 17 हजार करोड़ रुपये कमाए हैं. ट्रंप ने अपने प्रेशिडेंटशिप के दौरान अरबों के गिफ्ट स्वीकार किए हैं.
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने स्विटजरलैंड के दावोस में चल रही वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम में शेखी बघारी कि वह अमेरिका को फिर से महान और अमीर बना रहे हैं. ट्रंप ने दावोस में अर्थशास्त्रियों की भरी महफिल में झूठा दावा किया कि उनकी नीतियों और टैरिफ की वजह से अमेरिका में 18 ट्रिलियन डॉलर का इन्वेस्टमेंट हुआ है. हालांकि असल में अमेरिकी कंज्यूमर्स ही उनके टैरिफ वॉर का खामियाजा भुगत रहे हैं, जबकि अमेरिकी राष्ट्रपति "मेक ट्रंप रिचर" के एजेंडे पर काम करते दिख रहे हैं. NYT की एक रिपोर्ट के अनुसार रियल एस्टेट कारोबारी ट्रंप ने एक साल पहले पद संभालने के बाद से लगभग $1.4 बिलियन (लगभग 12,810 करोड़ रुपये) कमाए हैं. ट्रंप ने अपने क्रिप्टोकरेंसी वेंचर्स से खूब पैसा कमाया है.
जनवरी 2025 में व्हाइट हाउस में लौटने के बाद से ट्रंप की संपत्ति में कम से कम $1,408,500,000 की बढ़ोतरी हुई है. जबकि उनके बिजनेस इंटरेस्ट की फिर से जांच हो रही थी और उन पर प्रेसिडेंसी का फायदा उठाने के आरोप लग रहे थे. इस आंकड़े तक पहुंचने के लिए, NYT ने कई न्यूज़ ऑर्गनाइज़ेशन के एनालिसिस पर भरोसा किया. हालांकि उनके कुल मुनाफे का आकलन नहीं लगाया जा सकता है. क्योंकि उनके कुछ बिजनेस लेन-देन का ब्यौरा पब्लिक में उपलब्ध नहीं है.
ट्रंप की कमाई को संदर्भ में देखें. बता दें कि अमेरिका में औसत घरेलू इनकम लगभग $83,000 (₹76,70,860) है. ये कमाई लगातार गिर रही है. इस तरह ट्रंप ने सिर्फ़ 12 महीनों में जो दौलत जमा की है, वह अमेरिकी घरेलू इनकम का 16,720 गुना है.
ट्रंप रियल एस्टेट प्रोजेक्ट्स में तेजी
राष्ट्रपति ट्रंप ने 20 अलग-अलग विदेशी प्रोजेक्ट्स के लिए 'ट्रंप' ब्रांड की लाइसेंसिंग करके लगभग $23 मिलियन की बड़ी रकम कमाई है. इसमें ओमान में एक लग्जरी होटल, सऊदी अरब में एक गोल्फ कोर्स और महाराष्ट्र में एक ऑफिस टावर शामिल है. पुणे में 'ट्रंप वर्ल्ड सेंटर' भारत में पहला ट्रंप-ब्रांडेड कमर्शियल रियल एस्टेट प्रोजेक्ट होगा. इससे ट्रंप को $289 मिलियन से ज़्यादा मिलने की उम्मीद है. दिलचस्प बात यह है कि कुछ महीने पहले उसी ट्रंप ने अपने टैरिफ और ट्रेड नखरों के कारण संबंधों में तनाव आने पर भारत को "खराब अर्थव्यवस्था" कहा था.
राष्ट्रपति ट्रंप दुनिया के देशों पर मनमानी टैरिफ लगा रहे हैं और वे इसे हथियार की तरह इस्तेमाल कर रहे हैं. लेकिन इससे कुछ देशों को फायदा भी हुआ है.

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर ईरान पर नया बयान देकर दुनिया को चौंका दिया है. ट्रंप ने कहा कि ईरान समझौता करना चाहता है और वो समझौता करेंगे. साथ ही उन्होनें ये भी कहा कि ईरान ने अमेरिका को एक तोहफा दिया जो बहुत बड़ा और महत्वपूर्ण है. ट्रंप ने आगे ये बाताया कि ये तोहपा तेल और गैस से जुड़ा है.

ईरान के सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई के सलाहकार मोहसेन रेजाई ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के 5 दिनों के युद्ध विराम के दावे की धज्जियां उड़ा दी है. रेजाई ने साफ कर दिया है कि अमेरिका और इजरायल के साथ जंग थमेगी नहीं बल्कि और तेज होगी साथ ही उन्होनें चेतावनी दी कि अगर ईरान के इंफ्स्ट्रराक्चर को अगर छुआ भी गया तो अमेरिका को गहरी चोट मिलेगी.

अमेरिका-इज़रायल-ईरान जंग के 25 दिन पूरे हो गए हैं. एक तरफ कूटनीतिक बातचीत की हलचल तेज हुई है, तो दूसरी तरफ सैन्य गतिविधियां भी जारी हैं.इधर इराक बगदाद में विक्टोरिया हवाई अड्डे पर हुए हमले का वीडियो सामने आया है. जानकारी के मुताबिक इराकी इस्लामिक रेजिस्टेंस ने विक्टोरिया बेस को निशाना बनाकर हमला किया. यहां पर अमेरिकी सेना तैनात है.

इजरायल पर ईरान के हमले जारी हैं. ईरान ने ऐसे ही एक हमले का वीडियो जारी किया है. ये वीडियो तेल अवीव पर मिसाइल दागने का बताया जा रहा है. इजरायल की एम्बुलेंस सर्विस की मानें तो ईरानी मिसाइल हमलों में इजरायल में 16 लोग मारे गए हैं. स्थानीय रिपोर्टों के मुताबिक इजरायल के कब्जे वाले वेस्ट बैंक में ईरानी मिसाइल हमले में 4 फिलिस्तीनी महिलाओं की मौत हो गई.

ईरान के साथ जारी जंग और अमेरिका में पेट्रोल की बढ़ती कीमतों ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की लोकप्रियता को तगड़ा झटका दिया है. ट्रंप की रेटिंग गिरकर 36% के रिकॉर्ड निचले स्तर पर आ गई है. चौंकाने वाली बात यह है कि आर्थिक मोर्चे पर अब ट्रंप की रेटिंग उनसे पहले राष्ट्रपति रहे जो बाइडेन के सबसे खराब दौर से भी नीचे चली गई है.








