
एक साथ 3 टारगेट पर हमला, सेंसर पैकेज, 1.5 टन तक न्यूक्लियर हथियार ले जाने में सक्षम... कितना खास है DRDO का मिशन दिव्यास्त्र
AajTak
भारत ने मल्टीपल इंडिपेंडेंटली टारगेटेबल री-एंट्री (MIRV) तकनीक के साथ अग्नि-5 (Agni-V) मिसाइल विकसित की है. इसे दिव्यास्त्र मिशन नाम दिया गया है. यह मिसाइल एक साथ कई सौ किलोमीटर में फैले 3 टारगेट को निशाना बना सकती है.
भारत ने मिशन दिव्यास्त्र का सफल परीक्षण कर लिया है. डीआरडीओ सहित भारतीय वैज्ञानिकों के लिए यह बहुत बड़ी उपलब्धि है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने खुद सोशल मीडिया पर ट्वीट कर भारतीय वैज्ञानिकों को बधाई दी है. भारत की मिसाइल टेक्नोलॉजी को एडवांस करने वाली इस टेक्नोलॉजी में सेंसर पैकेज के साथ 1.5 टन तक न्यूक्लियर हथियार ले जाने की क्षमता है. आइए आपको बताते हैं कि आखिर DRDO का यह मिशन दिव्यास्त्र कितना खास है.
दरअसल, भारत ने मल्टीपल इंडिपेंडेंटली टारगेटेबल री-एंट्री (MIRV) तकनीक के साथ अग्नि-5 (Agni-V) मिसाइल विकसित की है. इसे ही दिव्यास्त्र मिशन नाम दिया गया है. इसे दिव्यास्त्र कहने के पीछे बड़ा कारण यह है कि यह मिसाइल एक साथ कई सौ किलोमीटर में फैले 3 टारगेट को निशाना बना सकती है. इसके अलावा भी इस मिसाइल की कई और विशेषताएं हैं.
जानिए Agni-V मिसाइल की 10 खासियत
1. इस मिसाइल को ट्रक पर लोड करके किसी भी स्थान पर पहुंचाया जा सकता है.
2. MIRV तकनीक यानी मिसाइल की नाक पर दो से 10 हथियार लगाए जा सकते हैं.
3. इसके ऊपर 1500 किलोग्राम वजन का परमाणु हथियार लगा सकते हैं.

पश्चिम बंगाल सरकार और प्रवर्तन निदेशालय (ED) के बीच बढ़ते टकराव पर सुप्रीम कोर्ट ने बड़ा कदम उठाया है. कोर्ट ने ईडी अधिकारियों द्वारा दर्ज एफआईआर पर रोक लगाते हुए राज्य सरकार को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है. विपक्ष का दावा है कि यह राज्य सरकार की जिम्मेदारी में चूक को दर्शाता है, जबकि सरकार का कहना है कि सभी कार्रवाई नियमों के अनुरूप की गई थी. मामले पर कोर्ट ने क्या-क्या कहा. जानिए.

दिल्ली में फिर से घना कोहरा छाने लगा है जिससे सड़क पर चलना मुश्किल हो रहा है. मौसम विभाग ने कोहरे और शीतलहर की संभावना जताई है. दिल्ली का तापमान चार डिग्री तक गिर चुका है और शीतलहर भी फैल रही है. आज से वेस्टर्न डिस्टर्बेंस सक्रिय होगा जिससे पहाड़ों पर ताजा बर्फबारी हो सकती है और कई शहरों में बारिश की संभावना है. दिल्ली के साथ इधऱ पंजाब में भी कोहरी की मार है.











