
Corona in India: देश में नहीं थम रही कोरोना की रफ्तार, सामने आए 3.5 लाख से ज्यादा नए मामले
Zee News
देश में कोरोना संक्रमण की रफ्तार थमने का नाम नहीं ले रही है. देश में बीते 24 घंटों में कोरोना संक्रमण के 3.5 लाख से ज्यादा नए मामले सामने आने के बाद अब देश में कुल संक्रमितों की संख्या 2 करोड़ पार कर गई है.
नई दिल्ली: भारत में एक दिन में कोविड-19 के 3,57,229 मामले आने के साथ ही संक्रमण के कुल मामले दो करोड़ का आंकड़ा पार कर गए हैं जबकि 3,449 और लोगों के जान गंवाने से मृतकों की संख्या 2,22,408 पर पहुंच गई है. India reports 3,57,229 new COVID19 cases, 3,20,289 discharges and 3,449 deaths in the last 24 hours, as per Union Health Ministry देश में दो करोड़ के पार कोरोना संक्रमित Total cases: 2,02,82,833 Total recoveries: 1,66,13,292 Death toll: 2,22,408 Active cases: 34,47,133
Ramjet artillery shell IIT Madras: भारतीय वैज्ञानिकों ने एक बार फिर दुनिया को हैरान कर दिया है. अब दुश्मन सीमा के उस पार कहीं भी छिप जाएं, भारत के गोलों से बच नहीं पाएंगे. IIT Madras के होनहार दिमागों ने तोपों के लिए एक ऐसा 'जादुई' गोला तैयार किया है, जो अब पहले से कहीं ज्यादा दूर तक मार करेगा. यह तकनीक इतनी धाकड़ है कि पुरानी तोपें भी अब नई और खतरनाक मिसाइलों जैसा काम करेंगी.

DRDO AL-HCM missile: भारत के रक्षा वैज्ञानिकों ने एक ऐसी मिसाइल पर काम शुरू कर दिया है जो भविष्य के युद्धों का चेहरा बदल देगी. यह मिसाइल इतनी तेज होगी कि दुश्मन को पलक झपकने का मौका भी नहीं मिलेगा. हवा से छोड़ी जाने वाली यह हाइपरसोनिक क्रूज मिसाइल (AL-HCM) भारतीय वायुसेना के लड़ाकू विमानों को वो ताकत देगी, जिसका मुकाबला करना फिलहाल किसी भी देश के लिए नामुमकिन है.

IAF Air Launched Ballistic Missile: भारतीय वायुसेना अब अपनी रणनीति में एक बहुत बड़ा बदलाव करने जा रही है. सरहद पार बैठे दुश्मनों के बंकर और एयरबेस अब पहले से कहीं ज्यादा निशाने पर होंगे. भारत सरकार ने हवा से छोड़ी जाने वाली बैलिस्टिक मिसाइलों (ALBM) की संख्या को बढ़ाने का फैसला किया है. इसका मतलब यह है कि अब हमारे फाइटर जेट्स सिर्फ छोटी मिसाइलें ही नहीं, बल्कि भारी-भरकम और बिजली जैसी तेज रफ्तार वाली मिसाइलें लेकर उड़ेंगे, जो पलक झपकते ही दुश्मन का नामोनिशान मिटा देंगी.

S-400 Air Defence India: रूस-यूक्रेन युद्ध के बीच जब यूक्रेन ने रूस के S-400 मिसाइल सिस्टम को तबाह करने का दावा किया, तो पूरी दुनिया में शोर मच गया. लोग पूछने लगे कि क्या भारत ने रूस से यह सिस्टम खरीदकर गलती की? लेकिन सच तो यह है कि जो लोग S-400 की आलोचना कर रहे हैं, वे भारत की असली ताकत और रणनीति को समझ ही नहीं पा रहे हैं.

TATA Airbus DRDO Develop C-295 MRMR Aircraft: C-295 विमान में किए जाने वाले विशेष मिशन अमेंडमेंट स्पेन में किए जाएंगे. जहां एयरबस को इस तरह के स्पेशल मिशन कन्वर्जन का लंबा अनुभव है. बेस कॉन्फिगरेशन के सफल जांच के बाद, विमान का निर्माण और सेंसर इंटीग्रेशन का काम भारत में किए जाने की योजना है. इससे देश में एयरोस्पेस मैन्युफैक्चरिंग को मजबूती मिलेगी. लंबे समय तक फ्लीट सपोर्ट भी देश के भीतर ही संभव होगा.

DRDO MPATGM missile test: भारतीय सेना के हाथों में अब एक ऐसा हथियार आ गया है. जिसकी एक दहाड़ से दुश्मन टैंकों के परखच्चे उड़ जाएंगे. दरअसल, भारत के रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन यानी DRDO ने स्वदेशी 'एंटी-टैंक' मिसाइल का सफल परीक्षण करके दुनिया को अपनी ताकत दिखा दी है. यह मिसाइल इतनी स्मार्ट है कि यह चलते हुए टैंक को भी ढूंढकर उसे ऊपर से तबाह कर देती है.

LCA Tejas Mk1A Fighter Jet: भारतीय वायुसेना के आधुनिक लड़ाकू विमान LCA Tejas Mk1A के लिए एक बड़ी राहत की खबर आई है. अमेरिकी कंपनी General Electric Aerospace ने भरोसा दिया है कि वह वित्त वर्ष 2026-27 में भारत को 20 नए F404-IN20 इंजन डिलीवर करेगी. इंजनों की इस सप्लाई से Hindustan Aeronautics Limited (HAL) को तेजस विमानों का उत्पादन तेज करने में बड़ी मदद मिलेगी. जिससे IAF को 20 और नए तेजस लड़ाकू विमान मिलने का रास्ता साफ हो जाएगा.

J-10C fighter jet: पेंटागन की एक ताजा रिपोर्ट ने दक्षिण एशिया की हवाई सुरक्षा को लेकर एक बड़ी हलचल पैदा कर दी है. चीन ने गुपचुप तरीके से पाकिस्तान को जो J-10C लड़ाकू विमान दिए थे, उन्हें लेकर अब अमेरिकी रक्षा मंत्रालय ने पक्की मुहर लगा दी है. यह खबर ऐसे समय में आई है जब भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव हमेशा बना रहता है, और 'ऑपरेशन सिंदूर' जैसे मिशनों में इन विमानों की भूमिका ने सुरक्षा विशेषज्ञों के कान खड़े कर दिए हैं.

India Radar Air Defence Network: देश के एयर डिफेंस सिस्टम में अब Passive Coherent Location Radar (PCLR) को शामिल किया जा रहा है. इसे भारत के उभरते Low Observable Detection Network (LODN) का अहम हिस्सा माना जा रहा है. इस नेटवर्क का मकसद ऐसे स्टेल्थ और लो-ऑब्जर्वेबल हवाई खतरों का पता लगाना है. जो आम रडार की पकड़ से बच निकलते हैं.

India Plans 114 Rafale Jets and Stealth Submarines: एयरफोर्स के लिए 114 राफेल मल्टी-रोल लड़ाकू विमानों और नौसेना के लिए प्रोजेक्ट 75I के तहत 6 अत्याधुनिक पनडुब्बियों की खरीद को अंतिम रूप देने की तैयारी में है. इन दोनों सौदों को भारत के पोस्ट-कोल्ड वॉर दौर की सबसे अहम रक्षा खरीद में से एक माना जा रहा है.

Army Parade Autonomous Utility Logistics Vehicle: यह वाहन एक कॉम्पैक्ट, लो-प्रोफाइल और ट्रैक्ड रोबोटिक प्लेटफॉर्म है. जिसे बेहद मुश्किल और खतरनाक इलाकों में काम करने के लिए तैयार किया गया है. ड्रोन, आर्टिलरी और प्रिसिजन हथियारों के बढ़ते खतरे को देखते हुए, यह वाहन उन इलाकों में सप्लाई पहुंचाने के लिए बनाया गया है. जहां सैनिकों के साथ जाने वाले काफिले जोखिम में होते हैं.


