
Booster Dose: जानिए किसे लगवानी चाहिए कोरोना की बूस्टर डोज, 10 जरूरी सवालों के जवाब
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Covid Vaccine Booster Dose: अब देश में 18 साल से ऊपर के सभी लोगों को कोरोना वैक्सीन की बूस्टर डोज लगाई जा रही है. कोरोना के नए-नए वैरिएंट ने बूस्टर डोज की जरूरत को और बढ़ा दिया है. एक्सपर्ट मानते हैं कि हर 6 महीने में बूस्टर डोज देनी चाहिए.
Covid Vaccine Booster Dose: अब भारत में 18 साल से ऊपर के सभी लोगों को कोरोना वैक्सीन की बूस्टर डोज लगनी शुरू हो गई है. भारत में इस प्रीकॉशन डोज या एहतियाती खुराक नाम दिया गया है. फिलहाल 18 से 59 साल के लोगों को प्राइवेट सेंटर पर ही वैक्सीन की तीसरी डोज लगाई जा रही है. इस उम्र के लोगों को तीसरी डोज के लिए पैसे खर्च करने होंगे. स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक, दूसरी डोज के 9 महीने बाद बूस्टर डोज लगवा सकते हैं.
बूस्टर डोज लगाने का फैसला इसलिए लिया गया है क्योंकि कई स्टडी में सामने आया है कि समय के साथ कोरोना के खिलाफ इम्युनिटी कम होने लगती है. ऐसे में इस इम्युनिटी को बढ़ाने के लिए बूस्टर डोज जरूरी है. फ्रांस में तो 80 साल से ऊपर के लोगों को वैक्सीन की चौथी डोज भी लगनी शुरू हो गई है. इजरायल में भी जनवरी से चौथी डोज लगाई जा रही है.
एक्सपर्ट यही मानते हैं कि कोरोना महामारी को काबू में करने के लिए वैक्सीन की बूस्टर डोज जरूरी है. एक्सपर्ट ये भी कहते हैं कि जब तक महामारी खत्म नहीं हो जाती, तब तक हर 6 महीने के अंतर पर डोज देनी चाहिए.
1. कौन लगवा सकता है बूस्टर डोज?
स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक, अब 18 साल से ऊपर के सभी लोग कोरोना वैक्सीन की तीसरी डोज लगवा सकते हैं. तीसरी डोज ऐसे लोग सकवा सकते हैं, जिन्हें दूसरी डोज लगे 9 महीने पूरे हो गए हैं.
2. क्या गर्भवती महिलाएं लगवा सकती हैं तीसरी डोज?

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