
ऑस्ट्रेलिया में टीम इंडिया का ये T20 रिकॉर्ड टाइट! क्या सूर्या कायम रख पाएंगे धोनी-कोहली की परंपरा?
AajTak
भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच 29 अक्टूबर से 5 मैचों की टी20 सीरीज की शुरुआत हो रही है. लेकिन इस दौरान एक दिलचस्प आंकड़ा भी सामने आया है, जहां दिख रहा है कि भारतीय टीम ऑस्ट्रेलिया से उसके घर में पिछले 13 सालों से कोई भी टी20 सीरीज नहीं गंवाई है.
साल 2012 के बाद से ऑस्ट्रेलिया ने भारत को अपने ही देश में टी20 सीरीज में नहीं हरा पाया है. ऐसे में महेंद्र सिंह धोनी, विराट कोहली के बाद अब टी20 कप्तान सूर्यकुमार यादव के कंधों पर एक बड़ी जिम्मेदारी है. पिछली 5 टी20 सीरीज में भारतीय टीम केवल एक बार ऑस्ट्रेलिया सरजमीं पर ऑस्ट्रेलिया से साल 2008 में हारी थी.
ऐसे में सूर्या चाहेंगे कि वो धोनी और कोहली की परंपरा कायम रखें. कैनबरा के मानुका ओवल में 29 अक्टूबर को भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच 5 मैचों की टी20 सीरीज का पहला मुकाबला होगा. मुकाबला दोपहर 1.45 पर शुरू होगा.
2008 में भारतीय टीम ने एकमात्र टी20 महेंद्र सिंह धोनी की कप्तानी में मेलबर्न में खेला था. तब भारतीय टीम को कंगारू टीम ने 9 विकेट से रौंदा था, इस तरह सीरीज भी जीती थी. इसके बाद ऑस्ट्रेलियाई टीम कभी कोई सीरीज नहीं जीत पाई.
इसके बाद अगली सीरीज साल 2012 में हुई, जहां धोनी के नेतृत्व में यह सीरीज 1-1 से बराबरी पर छूटी थी, तब सिडनी में भारतीय टीम को पहले मुकाबले में 31 रनों से हार मिली, वहीं दूसरे टी20 में भारतीय टीम ने ऑस्ट्रेलिया को 8 विकेट से हराकर सीरीज बराबर की थी.
2016 में तो भारतीय टीम ने गजब ही कर दिया था, तब भारतीय टीम ने इस सीरीज को 3-0 से हराकर सूपड़ा साफ कर दिया था. तब भारतीय टीम ने एडिलेड, मेलबर्न में लगातार दो मैच जीते, वहीं भारत ने आखिरी मुकाबला तो रोमांचक अंदाज में सिडनी में आखिरी बॉल पर 7 विकेट से जीता था. यह सीरीज भी तब भारतीय टीम ने धोनी की ही कप्तानी में खेली थी.
2018 में भारतीय टीम एक बार फिर ऑस्ट्रेलियाई दौरे पर थी, तब दोनों के बीच टी20 सीरीज 1-1 से बराबरी पर छूटी थी. मेलबर्न में हुआ एक मुकाबला बारिश की भेंट चढ़ गया था. इस सीरीज में भारतीय टीम की कमान विराट कोहली ने संभाली थी. वहीं 2020 में एक बार फिर किंग कोहली की कप्तानी में भारत ने ऑस्ट्रेलिया में टी20 सीरीज खेली थी, तब भी भारतीय टीम ने इस सीरीज को 2-1 से अपने नाम किया था.

टी20 वर्ल्ड कप 2026 से पहले पूर्व कप्तान रोहित शर्मा ने भारतीय टीम की सबसे बड़ी चुनौती को लेकर आगाह किया है. उनका मानना है कि ओस के कारण स्पिन और तेज गेंदबाजी के संतुलन को लेकर टीम मैनेजमेंट को मुश्किल फैसले लेने पड़ेंगे. कुलदीप यादव और वरुण चक्रवर्ती को एक साथ खिलाना या नहीं, यही भारत के लिए सबसे बड़ा सवाल होगा.












