
Delhi: कोरोना वैक्सीन लगवा चुके लोगों को ही मिलेगी Gym में एंट्री, Yoga सेंटर्स ने भी कही ये बात
Zee News
दिल्ली में सोमवार से अनलॉक-5 की शुरुआत होने जा रही है. इस दौरान जिम, गार्डन, योगा सेंटर आदि फिर से सशर्त खोले जा सकेंगे. लेकिन इस बार लोगों की यहां पर एंट्री थोड़ी मुश्किल होगी. इसका पीछे क्या कारण है आइए जानते हैं.
नई दिल्ली: राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली (Delhi) में कोरोना वायरस से संक्रमित मरीजों की संख्या तेजी से कम हो रही है. इसी के मद्देनजर राज्य सरकार ने महामारी से बचाव के लिए लागू पाबंदियों में कुछ छूट देने का ऐलान किया है. इसके तहत सोमवार से जिम, योगा सेंटर, गार्डन, बैंक्वेट हॉल, गोल्फ कोर्स 50 प्रतिशत क्षमता के साथ खो जा सकेंगे. वहीं दिल्ली-नोएडा बॉर्डर से दिल्ली आने वाले लोगों को अब E-pass की जरूरत भी नहीं पड़ेगी. शनिवार रात आए दिल्ली डिजास्टर मैनेजमेंट अथॉरिटी (DDMA) के इस आदेश के बाद से ही दिल्लीवासियों ने अनलॉक-5 (Delhi Unlock 5) की तैयारियां शुरू कर दी हैं. इस संबंध में जब हमने जिम संचालक पारस गुप्ता से बात कि तो उन्होंने बताया कि, 'जिम में सिर्फ उन्हीं लोगों की एंट्री होगी, कोरोना वैक्सीन लगवा चुके हैं. इसके अलावा जिम में एंट्री और एक्जिट के वक्त सभी का बॉडी टेम्प्रेचर और ऑक्सीजन लेवल चेक किया जाएगा. गाइडलाइन के अनुसार, जिम के अंदर सभी को सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करना होगा, और सुरक्षा के लिहाज से हर घंटे जिम को सेनिटाइज किया जाएगा.'
Indian France Rafale deal: फ्रांस से खरीदे जाने वाले 114 राफेल की मंजूरी डिफेंस प्रोक्योरमेंट बोर्ड से मिल गई है. जिससे यह डील अंतिम चरण में पहुंच गई है. इसके बाद रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता वाली DAC की बैठक में डील पर चर्चा के बाद मुहर लगाई जाएगी. अंतिम हस्तारक्षर इस डील पर पीएम मोदी करेंगे.

India Nuclear Powered Submarine: साल 2040 तक भारत दुनिया का चौथा सबसे बड़ा न्यूक्लियर पावर्ड पनडुब्बी ऑपरेटर बन सकता है. इस दौरान भारत ब्रिटेन को पीछे छोड़ देगा. अमेरिका, रूस और चीन के बाद चौथा देश बन जाएगा. दुनिया में सबसे ज्यादा न्यूक्लियर सबमरीन अमेरिका के पास हैं. इनकी संख्या 60 से 70 के बीच है.

DRDO hypersonic missile: भारतीय नौसेना एक बेहद लंबी दूरी वाली, हवा से लॉन्च होने वाली 'एंटी-शिप बैलिस्टिक' मिसाइल हासिल करने की योजना बना रही है. यह मिसाइल 1,000 किलोमीटर तक मार करने में सक्षम होगी. इसका सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि हमारे लड़ाकू विमान दुश्मन के एयर डिफेंस सिस्टम की रेंज में आए बिना ही उनके जहाजों को समंदर की गहराइयों में भेज सकेंगे.

30MM Naval Gun Indian Navy: यह गन सिस्टम भारत फोर्ज के आर्टिलरी सेक्टर में अनुभव पर आधारित है. कंपनी पहले ही 30×173 मिमी NATO स्टैंडर्ड कैलिबर पर आधारित मॉड्यूलर टर्रेट्स विकसित कर चुकी है. इनका इस्तेमाल इंफैंट्री कॉम्बैट व्हीकल्स में होता है. यही कैलिबर समुद्री नजदीकी लड़ाई (Close-Range Engagement) के लिए भी प्रभावी माना जाता है.









