
Coronavirus से लड़ने वाली Antibody जिंदगी भर दे सकती हैं आपका साथ, Research में हुआ खुलासा
Zee News
कोरोना स्टडी के लेखक ने कहा कि कोरोना की पहली लहर के दौरान कहा जा रहा था कि संक्रमण के बाद एंटीबॉडी ज्यादा दिनों तक के लिए शरीर में नहीं रहती. लेकिन ये सच नहीं है. संक्रमण के बाद एंटीबॉडी कम होती हैं लेकिन ये जल्द रिकवर हो जाती हैं.
नई दिल्ली: कोरोना वायरस संकट की दूसरी लहर (Corona Second Wave) के कहर के बीच राहत भरी खबर आई है. अमेरिका स्थित वॉशिगंटन यूनिवर्सिटी स्कूल ऑफ मेडिसिन के शोधकर्ताओं का कहना है कि कोरोना के हल्के लक्षण वाले मरीजों का शरीर हमेशा कोरोना वायरस (Coronavirus) से सुरक्षित रहते हुए इस महामारी का मुकाबला कर सकता है. COVID has shown we must study immunity in the whole body — let’s sort the logistics to acquire the right samples. पहली खुशखबरी ये कि आपके शरीर को कोरोना से बचाने वाला रक्षा कवच यानी एंटीबॉडी हमेशा आपका साथ निभाती रहेंगी. दूसरी राहत ये कि कोरोना संक्रमण का पहला लक्षण दिखने के 11 महीने बाद लोगों में फिर से एंटीबॉडी विकसित हो रही हैं. शोधकर्ताओं का अध्ययन साइंस जर्नल नेचर में प्रकाशित हुआ.
Line Replaceable Units: RVAS ने भारत के स्वदेशी फाइटर प्रोग्राम में एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है. कंपनी अब तेजस Mk-2 के लिए एक महत्वपूर्ण Line Replaceable Unit के विकास में भागीदार बन गई है. तेजस Mk-2 को भारतीय वायुसेना के भविष्य के बेड़े की रीढ़ माना जा रहा है. तेजस Mk-2 एक मीडियम-वेट, सिंगल इंजन, मल्टी-रोल फाइटर जेट होगा. इसमें नया एयरफ्रेम, ज्यादा ताकतवर इंजन, आधुनिक एवियोनिक्स, स्वदेशी AESA रडार और ज्यादा हथियार ले जाने की क्षमता होगी.

Pakistani Leader Chief Guest in 1955 republic day: यह किस्सा है साल 1955 का. उस समय भारत ने पाकिस्तान के तत्कालीन गवर्नर जनरल मलिक गुलाम मोहम्मद को गणतंत्र दिवस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित किया था. उस दौर में भारत अपनी लोकतांत्रिक संस्थाओं और परंपराओं को आकार दे रहा था. मलिक गुलाम मोहम्मद का भारत से पुराना जुड़ाव भी रहा था. उन्होंने अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी से पढ़ाई की थी.

Indian France Rafale deal: फ्रांस से खरीदे जाने वाले 114 राफेल की मंजूरी डिफेंस प्रोक्योरमेंट बोर्ड से मिल गई है. जिससे यह डील अंतिम चरण में पहुंच गई है. इसके बाद रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता वाली DAC की बैठक में डील पर चर्चा के बाद मुहर लगाई जाएगी. अंतिम हस्तारक्षर इस डील पर पीएम मोदी करेंगे.










