
CBSE 10th Result 2021: दसवीं बोर्ड कक्षा के नतीजे जल्द होंगे जारी, यहां पढ़ें जरूरी अपडेट
Zee News
CBSE 10th Result 2021: सीबीएसई दसवीं बोर्ड परीक्षा के नतीजे बहुत जल्द जारी किए जाएंगे. इसी के साथ देश के लाखों बच्चों का नतीजों के लिए लंबा इंतजार खत्म होने जा रहा है.
नई दिल्ली: सीबीएसई दसवीं बोर्ड परीक्षा के नतीजों (CBSE 10th board exam results) को लेकर विद्यार्थियों में असमंजस की स्थिति बनी हुई है. देश के लाखों छात्र केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSC) नतीजों के ऐलान की प्रतीक्षा कर रहे हैं. दसवीं बोर्ड के रिलीज की आधिकारिक तारीख 20 जुलाई निर्धारित की गई थी. अब इसमें थोड़ी देरी की संभावना है, लेकिन उम्मीद है कि रिजल्ट इस सप्ताह में कभी भी आ सकता है. बोर्ड ने अभी तक 10वीं के छात्रों के लिए सारणीकरण प्रक्रिया को अंतिम रूप नहीं दिया है. ऐसे में बोर्ड कब नतीजे घोषित करेगा ये देखना बाकी है. परीक्षा नियंत्रक संयम भारद्वाज ने कहा था कि कुछ स्कूलों ने अभी तक सभी छात्रों के अंक जमा नहीं किए हैं, इसलिए बोर्ड इस हफ्ते परिणाम जारी नहीं करेगा. इंडियन एक्सप्रेस में प्रकाशित रिपोर्ट के मुताबिक कहा गया था कि इस हफ्ते नतीजे नहीं आएंगे. रिपोर्ट में कंट्रोलर के हवाले से ये भी कहा था कि जिन स्कूलों ने प्रकिया पूरी नहीं की है उन्हें इसके लिए सर्कुलर और नोटिस जारी किया जाएगा.
Indian France Rafale deal: फ्रांस से खरीदे जाने वाले 114 राफेल की मंजूरी डिफेंस प्रोक्योरमेंट बोर्ड से मिल गई है. जिससे यह डील अंतिम चरण में पहुंच गई है. इसके बाद रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता वाली DAC की बैठक में डील पर चर्चा के बाद मुहर लगाई जाएगी. अंतिम हस्तारक्षर इस डील पर पीएम मोदी करेंगे.

India Nuclear Powered Submarine: साल 2040 तक भारत दुनिया का चौथा सबसे बड़ा न्यूक्लियर पावर्ड पनडुब्बी ऑपरेटर बन सकता है. इस दौरान भारत ब्रिटेन को पीछे छोड़ देगा. अमेरिका, रूस और चीन के बाद चौथा देश बन जाएगा. दुनिया में सबसे ज्यादा न्यूक्लियर सबमरीन अमेरिका के पास हैं. इनकी संख्या 60 से 70 के बीच है.

DRDO hypersonic missile: भारतीय नौसेना एक बेहद लंबी दूरी वाली, हवा से लॉन्च होने वाली 'एंटी-शिप बैलिस्टिक' मिसाइल हासिल करने की योजना बना रही है. यह मिसाइल 1,000 किलोमीटर तक मार करने में सक्षम होगी. इसका सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि हमारे लड़ाकू विमान दुश्मन के एयर डिफेंस सिस्टम की रेंज में आए बिना ही उनके जहाजों को समंदर की गहराइयों में भेज सकेंगे.

30MM Naval Gun Indian Navy: यह गन सिस्टम भारत फोर्ज के आर्टिलरी सेक्टर में अनुभव पर आधारित है. कंपनी पहले ही 30×173 मिमी NATO स्टैंडर्ड कैलिबर पर आधारित मॉड्यूलर टर्रेट्स विकसित कर चुकी है. इनका इस्तेमाल इंफैंट्री कॉम्बैट व्हीकल्स में होता है. यही कैलिबर समुद्री नजदीकी लड़ाई (Close-Range Engagement) के लिए भी प्रभावी माना जाता है.









