
AstraZeneca की Covishield वैक्सीन से Guillain-Barre नामक बीमारी का खतरा, अब तक 11 मामले आए सामने
Zee News
एनल्स ऑफ न्यूरोलॉजी (Annals of Neurology) नामक पत्रिका में प्रकाशित अध्ययन में कहा गया है कि वैक्सीन लेने के बाद जिन लोगों को गुलियन-बेरी सिंड्रोम बीमारी हुआ, उनके चेहरे के दोनों किनारे कमजोर होकर लटक गए. जबकि आमतौर पर इसके 20 फीसदी से भी कम मामलों में ऐसा देखने को मिलता है.
नई दिल्ली: कोरोना महामारी से बचाव के लिए वैक्सीनेशन को बढ़ावा देने के लिए चलाए जा रहे अभियान के बीच एक बुरी खबर सामने आई है. एक स्टडी में पाया गया है कि एस्ट्राजेनेका-ऑक्सोफोर्ड (AstraZeneca-Oxford) की बनी कोरोना वैक्सीन (Corona Vaccine) ने कुछ लोगों पर विपरीत प्रभाव डाला है. कम से कम 11 लोग न्यूरोलॉजिकल डिसऑर्डर का शिकार हुए हैं. इनमें से 7 मामले अकेले केरल (Kerala) में मिले हैं, जहां 12 लाख लोगों को ये वैक्सीन लगाई गई थी. स्टडी रिपोर्ट में कहा गया है कि भारत और ब्रिटेन (India & UK) में एस्ट्राजेनेका-ऑक्सोफोर्ड की वैक्सीन लगवाने वाले कुल 11 लोगों में 'गुलियन बेरी' (Guillain-Barre) नामक न्यूरोलॉजिकल डिसऑर्डर पाया गया है. इसमें से 7 मामले केरल और 4 नॉटिंघम (Nottingham) में दर्ज हुए हैं. नॉटिंघम में करीब 7 लाख लोगों को एस्ट्राजेनेका-ऑक्सोफोर्ड की वैक्सीन लगाई गई है. बता दें कि भारत में एस्ट्राजेनेका-ऑक्सोफोर्ड की वैक्सीन कोविशील्ड के नाम से बनाई जाती है.
Indian France Rafale deal: फ्रांस से खरीदे जाने वाले 114 राफेल की मंजूरी डिफेंस प्रोक्योरमेंट बोर्ड से मिल गई है. जिससे यह डील अंतिम चरण में पहुंच गई है. इसके बाद रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता वाली DAC की बैठक में डील पर चर्चा के बाद मुहर लगाई जाएगी. अंतिम हस्तारक्षर इस डील पर पीएम मोदी करेंगे.

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DRDO hypersonic missile: भारतीय नौसेना एक बेहद लंबी दूरी वाली, हवा से लॉन्च होने वाली 'एंटी-शिप बैलिस्टिक' मिसाइल हासिल करने की योजना बना रही है. यह मिसाइल 1,000 किलोमीटर तक मार करने में सक्षम होगी. इसका सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि हमारे लड़ाकू विमान दुश्मन के एयर डिफेंस सिस्टम की रेंज में आए बिना ही उनके जहाजों को समंदर की गहराइयों में भेज सकेंगे.

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