
होर्मुज़ स्ट्रेट की वजह से क्यों हो रहा है तेल और गैस की क़ीमतों में उछाल, कब तक रहेगा ऐसा
BBC
मध्य पूर्व में अमेरिका और इसराइल के जारी हमलों के जवाब में ईरान लगातार हमले कर रहा है. इस बीच दुनिया में तेल की क़ीमतों में बढ़ोतरी दर्ज की गई.
मध्य पूर्व में अमेरिका और इसराइल के जारी हमलों के जवाब में ईरान लगातार हमले कर रहा है. इस बीच दुनिया में तेल की क़ीमतों में बढ़ोतरी दर्ज की गई.
सोमवार को प्राकृतिक गैस की क़ीमतों में लगभग 50 फ़ीसदी की तेज़ बढ़ोतरी हुई है, क्योंकि दुनिया की सबसे बड़ी निर्यातक कंपनियों में से एक क़तर एनर्जी ने अपनी फ़ैसिलिटीज़ पर हुए "सैन्य हमलों" के बाद उत्पादन रोक दिया.
तेल की वैश्विक मानक क़ीमत यानी ब्रेंट क्रूड सोमवार को 10 फ़ीसदी उछलकर 82 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर पहुंच गया.
पिछले दो दिनों में होर्मुज़ जलडमरूमध्य (स्ट्रेट) के पास कम से कम तीन जहाज़ों पर हमले के बाद यह बढ़ोतरी हुई. स्ट्रेट दो समुद्रों को जोड़ने वाली एक संकरी वॉटर बॉडी होती है.
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ईरान ने देश के दक्षिण में स्थित होर्मुज़ स्ट्रेट से किसी भी समुद्री जहाज़ के गुज़रने पर पाबंदी लगा दी है. दुनिया के लगभग 20 प्रतिशत तेल और गैस की ढुलाई इसी रास्ते से होती है.
सोमवार को लंदन में एफ़टीएसई 100 शेयर बाज़ार सूचकांक क़रीब एक प्रतिशत गिरावट के साथ खुला. मध्य पूर्व में हवाई क्षेत्र बंद होने के बाद एयरलाइंस कंपनियों के शेयरों में भारी गिरावट देखी गई.













