
'सरके चुनर तेरी' विवाद: गाने पर बैन, फिर सवालों के घेरे में आए आइटम सॉन्ग
BBC
गाने पर विवाद बढ़ने के बाद गायिका, गीतकार और अभिनेत्री नोरा फ़तेही तक ने किसी न किसी तरीके से इससे किनारा करने की कोशिश की है. लेकिन सवाल ये है कि इस तरह के गानों को दर्शकों को सामने लाने के लिए किसे जिम्मेदार ठहराया जाए.
कन्नड़ फ़िल्म केडी: द डेविल का गना 'सरके चुनर तेरी सरके' विवादों में घिर गया. इसके बाद भारत सरकार ने इसे सभी प्लेटफॉर्म से हटाकर बैन कर दिया.
नोरा फ़तेही और संजय दत्त पर फ़िल्माए गए इस गाने के 'अश्लील' बोलों को लेकर सोशल मीडिया पर लोगों ने कड़ा विरोध जताया.
पिछले एक हफ़्ते में मामला इतना बढ़ गया कि राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने केंद्र सरकार को लीगल नोटिस भेजा. राष्ट्रीय महिला आयोग ने भी फ़िल्म के कलाकारों और निर्माताओं को अपने सामने पेश होने का नोटिस जारी किया. समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक़ अलीगढ़ के संगठन मुस्लिम पर्सनल दारुल इफ़्ता ने नोरा फतेही के ख़िलाफ़ फतवा जारी कर दिया.
फ़िल्म से जुड़े अलग-अलग कलाकारों ने गाने के बोल को लेकर खेद जताया है.
गायिका मांगली ने सोशल मीडिया पर माफ़ी मांगी और गाने के एक नए वर्जन का वादा किया.
गीतकार रक़ीब आलम ने कहा कि पूरे गाने में एक भी मूल शब्द उनका नहीं है, उन्होंने सिर्फ अल्फ़ाज़ो का कन्नड़ से हिंदी में अनुवाद किया.
वहीं अभिनेत्री नोरा फ़तेही ने सोशल मीडिया पर जारी एक वीडियो में कहा कि उन्होंने यह गाना कन्नड़ में शूट किया था और उन्हें अल्फ़ाज़ो का मतलब मालूम नहीं था.













