
नेपाल: बालेन शाह प्रधानमंत्री बनते हैं तो भारत के लिए यह कैसा रहेगा?
BBC
काठमांडू के मेयर रहते हुए बालेन शाह ने हिन्दी फ़िल्म आदिपुरुष पर पाबंदी लगाई थी. ओली ने 2020 में नेपाल के जिस नए और विवादित नक़्शे को जारी किया था, उसे अपने दफ़्तर में लगा लिया था.
रेचेप तैय्यप अर्दोआन इस्तांबुल के मेयर के बाद मार्च 2003 में जब तुर्की के प्रधानमंत्री बने थे तो उनकी उम्र 49 साल हो रही थी.
बालेन शाह काठमांडू के मेयर से नेपाल के प्रधानमंत्री बनने जा रहे हैं तो उनकी उम्र महज 35 साल हो रही है.
नेपाल के जेन ज़ी आंदोलन ने वहाँ की संसद को युवा बना दिया है. प्रचंड को छोड़ इस बार कोई भी पूर्व प्रधानमंत्री नेपाल की संसद में नहीं होगा.
इस बार के चुनाव में नेपाल में कई चीज़ें पहली बार होने जा रही हैं. नेपाल में 239 साल पुरानी राजशाही व्यवस्था 2008 में ख़त्म हुई थी.
2008 से अब तक किसी भी पार्टी ने अपने दम पर सरकार नहीं बनाई थी. इस बार राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी बालेन शाह के नेतृत्व में अपने दम पर सरकार बनाने जा रही है. नेपाल में कुल 275 सीटें हैं. सरकार बनाने के लिए 138 सीटों की ज़रूरत होगी और आरएसपी 180 से ज़्यादा सीटें जीतने की ओर बढ़ रही है.
नेपाल के वरिष्ठ पत्रकार किशोर नेपाल कहते हैं कि अब तक यह मिथ था कि 2015 में नया संविधान लागू होने के बाद कोई भी पार्टी अपने दम पर सरकार नहीं बना पाएगी लेकिन बालेन शाह ने इस मिथ को भी तोड़ दिया है.













