
Coronavirus New Guidelines जारी, अपार्टमेंट और कॉलोनियों के लिए अलग-अलग नियम
Zee News
Coronavirus New Guidelines: कोरोना वायरस केस लगातार बढ़ते जा रहा हैं ऐसे में उत्तर प्रदेश सरकार ने नए निर्देश जारी किए हैं. कॉलोनियों और अपार्टमेंट्स के लिए अलग-अलग नियम हैं.
नोएडा: कोरोना संक्रमण (Coronavirus) तेजी से बढ़ता जा रहा हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी खुद हालातों पर नजर बनाए हुए हैं, रविवार को उन्होंने हाई लेवल मीटिंग की. दूसरी तरफ राज्य सरकारें रोकथाम के लिए अपने-अपने स्तर पर लगातार सख्त कदम उठा रही हैं. उत्तर प्रदेश सरकार ने भी कोविड प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन कराए जाने और कंटनमेंट जोन को लेकर नए निर्देश जारी किए हैं. मल्टी स्टोरी बिल्डिंग और अन्य रिहायशी इलाकों के लिए सरकार ने अलग-अलग निर्देश जारी किए हैं. Surveillance to be intensified in containment zones. After 1 COVID case on a floor of multistorey building, entire floor would be declared containment zone. If more than 1 floor comes under scrutiny, building to be turned containment zone: Suhas LY, Gautam Budh Nagar DM (04.04) यूपी सरकार ने प्रदेश में मल्टी स्टोरी बिल्डिंग के लिए अलग गाइडलाइन (Coronavirus New Guidelines) जारी की है. नोएडा डीएम सुहाल एल.वाई के मुताबिक, मल्टी स्टोरी बिल्डिंग में एक मरीज मिलने पर अपार्टमेंट की उस मंजिल को कंटेनमेंट जोन बनाया जाएगा. एक से अधिक मरीज मिलने पर ग्रुप हाउसिंग का संबंधित ब्लॉक सील होगा. 14 दिनों तक एक भी मरीज न मिलने पर ही कंटेनमेंट जोन समाप्त होगा. — ANI UP (@ANINewsUP)
Indian France Rafale deal: फ्रांस से खरीदे जाने वाले 114 राफेल की मंजूरी डिफेंस प्रोक्योरमेंट बोर्ड से मिल गई है. जिससे यह डील अंतिम चरण में पहुंच गई है. इसके बाद रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता वाली DAC की बैठक में डील पर चर्चा के बाद मुहर लगाई जाएगी. अंतिम हस्तारक्षर इस डील पर पीएम मोदी करेंगे.

India Nuclear Powered Submarine: साल 2040 तक भारत दुनिया का चौथा सबसे बड़ा न्यूक्लियर पावर्ड पनडुब्बी ऑपरेटर बन सकता है. इस दौरान भारत ब्रिटेन को पीछे छोड़ देगा. अमेरिका, रूस और चीन के बाद चौथा देश बन जाएगा. दुनिया में सबसे ज्यादा न्यूक्लियर सबमरीन अमेरिका के पास हैं. इनकी संख्या 60 से 70 के बीच है.

DRDO hypersonic missile: भारतीय नौसेना एक बेहद लंबी दूरी वाली, हवा से लॉन्च होने वाली 'एंटी-शिप बैलिस्टिक' मिसाइल हासिल करने की योजना बना रही है. यह मिसाइल 1,000 किलोमीटर तक मार करने में सक्षम होगी. इसका सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि हमारे लड़ाकू विमान दुश्मन के एयर डिफेंस सिस्टम की रेंज में आए बिना ही उनके जहाजों को समंदर की गहराइयों में भेज सकेंगे.

30MM Naval Gun Indian Navy: यह गन सिस्टम भारत फोर्ज के आर्टिलरी सेक्टर में अनुभव पर आधारित है. कंपनी पहले ही 30×173 मिमी NATO स्टैंडर्ड कैलिबर पर आधारित मॉड्यूलर टर्रेट्स विकसित कर चुकी है. इनका इस्तेमाल इंफैंट्री कॉम्बैट व्हीकल्स में होता है. यही कैलिबर समुद्री नजदीकी लड़ाई (Close-Range Engagement) के लिए भी प्रभावी माना जाता है.

Rafale deal India: इंडियन एयरफोर्स की हवाई ताकत को बड़ा बूस्टर मिलने वाला है. ANI की रिपोर्ट के मुताबिक, भारतीय वायुसेना को दुनिया की सबसे घातक हवाई शक्ति बनाने की दिशा में इसी हफ्ते एक बहुत बड़ा फैसला लिया जा सकता है. भारत और फ्रांस के बीच होने वाली राफेल डील अब सिर्फ 114 विमानों तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि यह आंकड़ा 200 के पार जा सकता है.

Indian Army के 5 वॉर वेपन्स, जिससे थर-थर कांपती दुनिया; आखिरी वाला पाकिस्तान का कहलाता 'जानी' दुश्मन
Indian Army war weapons: भारतीय सेना की गिनती दुनिया की सबसे घातक सैन्य ताकतों में होती है. इसके पीछे की वजह लाखों में भर्ती जवानों की संख्या ही नहीं है, बल्कि उनके हाथों में मौजूद वे मॉडर्न हथियार भी हैं. जो दुश्मन की किसी भी हिमाकत का तुरंत जवाब देने के लिए काफी हैं. ऐसे में आइए इंडियन आर्मी के 5 वॉर वेपन्स के बारे में जानते हैं.







