
क्या जेल में इमरान खान के साथ सब ठीक है? पाकिस्तान में अफवाहें तेज, 3 हफ्ते से नहीं मिल पा रहा परिवार
AajTak
पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान लाहौर की अदियाला जेल में बंद है. लेकिन हाल में उन्हें लेकर कई अफवाहें चल रही हैं. इमरान खान की 3 बहनों को तीन सप्ताह से इमरान खान से नहीं मिलने दिया जा रहा है. उनके ताजा ठिकाने के बारे में कोई भी स्थिति स्पष्ट नहीं है.
पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की सेहत को लेकर पाकिस्तान में कई अफवाहें चल रही हैं. पाकिस्तान में अफवाहें उड़ रही हैं कि जेल में उनकी सेहत ठीक नहीं है. इमरान खान की तीन बहनों को पिछले 21 दिनों से अदियाला जेल में इमरान खान से नहीं मिलने दिया जा रहा है. इमरान खान की बहनों ने पाकिस्तन के पंजाब प्रांत के आईजी से शिकायत की है.
कोर्ट से परमिशन मिलने के बावजूद रावलपिंडी के अदियाला जेल में बंद इमरान खान से उनकी 3 बहनें और वकीलों को नहीं मिलने दिया जा रहा है. इमरान मिले उनकी बहनों को 3 हफ्ते गुजर चुके हैं. इनकी बहनों का आरोप है कि इमरान खान के ठिकाने और उनकी सेहत के बारे में कोई ऑफिशियल जानकारी नहीं है.
इमरान की बहन नौरीन ने अदियाला जेल के बाहर प्रदर्शनकारियों पर ‘बेरहमी से हमले’ को लेकर पंजाब IG को औपचारिक शिकायत दी है.
अफगानिस्तान की मीडिया में इमरान खान को लेकर कई बातें कही जा रही हैं और पाकिस्तान सरकार पर आरोप लगाया जा रहा है.
कहां हैं इमरान खान
पीटीआई के समर्थकों का कहना है कि अगर इमरान खान स्वस्थ हैं, तो पुलिस उनकी बहनों को उनसे मिलने क्यों नहीं दे रही है. जबकि इमरान से मुलाकात का आदेश कोर्ट ने दिया है.

इस वीडियो में जानिए कि दुनिया में अमेरिकी डॉलर को लेकर कौन सा नया आर्थिक परिवर्तन होने वाला है और इसका आपके सोने-चांदी के निवेश पर क्या प्रभाव पड़ेगा. डॉलर की स्थिति में बदलाव ने वैश्विक बाजारों को हमेशा प्रभावित किया है और इससे निवेशकों की आर्थिक समझ पर भी असर पड़ता है. इस खास रिपोर्ट में आपको विस्तार से बताया गया है कि इस नए भूचाल के कारण सोने और चांदी के दामों में क्या संभावित बदलाव आ सकते हैं तथा इससे आपके निवेश को कैसे लाभ या हानि हो सकती है.

चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने ब्रिटेन के पीएम की मेजबानी करते हुए कहा है कि अंतरराष्ट्रीय कानून तभी सच में असरदार हो सकता है जब सभी देश इसका पालन करें. राष्ट्रपति शी ने अमेरिका का नाम लिए बिना कहा कि अगर बड़े देश ऐसा करेंगे नहीं तो दुनिया में जंगल का कानून चलेगा. विश्व व्यवस्था जंगल राज में चली जाएगी.

ईरान की धमकियों के जवाब में अमेरिका ने मध्य-पूर्व में अपने कई सहयोगियों के साथ सबसे बड़ा युद्धाभ्यास शुरू किया है. यह युद्धाभ्यास US एयर फोर्सेज सेंट्रल (AFCENT) द्वारा आयोजित किया गया है, जो कई दिनों तक चलेगा. इस युद्धाभ्यास की घोषणा 27 जनवरी को हुई थी और यह अभी भी जारी है. माना जा रहा है कि यह अभ्यास अगले दो से तीन दिनों तक चलेगा. इस प्रयास का मकसद क्षेत्र में तनाव के बीच सैन्य तैयारियों को बढ़ाना और सहयोगियों के साथ सामरिक तालमेल को मजबूत करना है.

कोलंबिया और वेनेज़ुएला की सीमा के पास एक जेट विमान अचानक लापता हो गया. यह विमान फ्लाइट नंबर NSE 8849 थी जो कुकुटा से ओकाना की ओर जा रही थी. इस विमान ने सुबह 11 बजकर 42 मिनट पर उड़ान भरी थी लेकिन लैंडिंग से पहले ही एयर ट्रैफिक कंट्रोल से संपर्क टूट गया. राडार से इस विमान का अचानक गायब होना चिंता का विषय है.

वेनेजुएला में मिली बड़ी कामयाबी के बाद अब डॉनल्ड ट्रंप का आत्मविश्वास आसमान छू रहा है। कूटनीति के गलियारों में चर्चा है कि ट्रंप के मुंह 'खून लग गया है' और अब उनकी नज़रें क्यूबा और ईरान पर टिक गई हैं... और अब वो कह रहे हैं- ये दिल मांगे मोर...। ट्रंप की रणनीति अब सिर्फ दबाव तक सीमित नहीं है, बल्कि वे सीधे सत्ता परिवर्तन के खेल में उतर चुके हैं। क्या क्यूबा और ईरान ट्रंप की इस 'मोमेंटम' वाली कूटनीति का मुकाबला कर पाएंगे?








