
ईरानी सेना में 'सीक्रेट एजेंट' या मोसाद से मिला हानिया का बॉडीगार्ड... आखिर कौन है हमास चीफ की मौत का सौदागर?
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हमास चीफ इस्माइल हानिया की हत्या के बाद कई सारे सवाल खड़े हो रहे हैं. ईरान ये बताने को राजी नहीं है कि हानिया उसकी राजधानी में कैसे मारा गया? बेहद पॉश और सुरक्षित इलाके में सनसनीखेज हत्या कैसे हुई? क्या ईरानी सेना में कोई सीक्रेट एजेंट था या फिर हानिया के बॉडीगार्ड ने ही उसे धोखा दिया?
हमास चीफ इस्माइल हानिया की हत्या इस वक्त पूरी दुनिया में चर्चा के केंद्र में है. हानिया की हत्या के बाद ईरान लगातार इजरायल को धमका रहा है. उसे गंभीर परिणाम भुगतने की बात कह रहा है. लेकिन वो ये बताने को राजी नहीं है कि हमास नेता उसकी राजधानी में कैसे मारा गया? तेहरान के पॉश और सुरक्षित इलाके में सनसनीखेज हत्या कैसे हुई? सवाल उठ रहा है कि क्या ईरानी सेना के गार्ड इजरायल से मिले हुए थे या फिर हमास के निजी सुरक्षाकर्मियों ने ही उसे धोखा दिया? आखिरकार कौन है हानिया की मौत का सौदागर?
न्यूयॉर्क टाइम्स की एक रिपोर्ट सामने आई है, जिसमें हमास नेता की हत्या पर रोशनी डाली गई है. इसमें बताया गया कि तेहरान में हानिया जहां ठहरा हुआ था वहां 2 महीने पहले ही बम छिपा दिया गया था. जैसे ही हानिया गेस्ट हाउस में आया तो उसे विस्फोट करके उड़ा दिया गया. इस रिपोर्ट में रिमोट से बम विस्फोट की बात कही गई है. बताया गया कि रात 1 बजकर 45 मिनट पर हानिया जब सो रहा था तभी उसकी हत्या कर दी गई. इस धमाके में हानिया का सुरक्षा कर्मी भी मारा गया. इमारत तक हिल गई, दरवाजे खिड़की सब टूट गए.
इस हमले के बाद उस इमारत की तस्वीरें भी सामने आई हैं, जहां हानिया रुके हुए थे. इन तस्वीरों को देखने के बाद हमले की तासिर समझी जा सकती है. जिस तरह से इमारत के नीचे मलबा गिरा हुआ है, उससे समझा जा सकता है कि इमारत के अंदर धमाका किस तरह से हुआ होगा. इन तस्वीरों को देखने के बाद बाहर से मिसाइल मारकर हानिया की हत्या की बात सही नहीं लगती, क्योंकि यदि ऐसा होता तो इमारत के अंदर इतना ज्यादा नुकसान नहीं होता और न ही मलबा इस तरह बाहर गिरता, जो कि तस्वीरों में साफ देखा जा सकता है.
ईरान के राष्ट्रपति के निवास के पास हुई हानिया की हत्या!
इसी इमारत की 6 दिन पहले की सैटेलाइट तस्वीर में पर्दा और मलबा दोनों नहीं दिखते. शपथ ग्रहण में आए हाईप्रोफाइल मेहमान सादाबाद कॉम्पलेक्स में ठहरे थे. जो ईरान के राष्ट्रपति का आधिकारिक निवास है. यहीं पर हनीया भी ठहरा हुआ था, जो तेहरान के उत्तर में ताजरीश स्क्वायर के पास है. इस बड़े परिसर के अंदर हमला ईरान के लिए शर्मिंदा करने वाला है, क्योंकि यहां से राष्ट्रपति का सरकारी निवास बहुत करीब है. यहां की सुरक्षा ईरान की सेना के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स के पास है. इसलिए ये हत्या ईरान के लिए बहुत बड़ा झटका है.

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