
UP निकाय चुनाव: बृजेश पाठक, नंदी, बृजभूषण, दिनेश ...BJP के वो दिग्गज जिनके इलाके में नहीं खिल पाया कमल
AajTak
उत्तर प्रदेश के नगर निकाय चुनाव में बीजेपी ने भले ही क्लीन स्वीप कर दिया हो, लेकिन योगी सरकार के कई मंत्रियों के गढ़ में पार्टी को करारी मात मिली है. बृजेश पाठक अपने कस्बे की सीट नहीं बचा सके तो नंद गोपाल नंदी और दयाशंकर मिश्र दयालु जैसे मंत्रियों के बूथ पर कमल नहीं खिल सका.
उत्तर प्रदेश के नगर निकाय चुनाव में बीजेपी ने भले ही सभी 17 मेयर सीटों पर कब्जा जमाकर इतिहास रच दिया हो लेकिन पार्टी के तमाम दिग्गज नेताओं और योगी सरकार के मंत्रियों के क्षेत्र में बीजेपी को हार का मुंह देखना पड़ा है. पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह के गढ़ में बीजेपी हारी तो डिप्टी सीएम बृजेश पाठक के गांव में कमल नहीं खिल सका.
कल्याण सिंह के अतरौली में बीजेपी हारी पूर्व सीएम कल्याण सिंह के क्षेत्र अतरौली में बीजेपी को हार का सामना करना पड़ा है. अतरौली से खुद बेसिक शिक्षा मंत्री और कल्याण सिंह के पौत्र संदीप सिंह विधायक हैं. इसके बावजूद बीजेपी को जीत नहीं दिला सके. इस सीट पर सपा उम्मीदवार वीरेंद्र सिंह लोधी ने बीजेपी उम्मीदवार और निवर्तमान चेयरमैन पवन वर्मा को हराया है. डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने भी यहां पर चुनावी सभा की थी.
बृजेश पाठक के कस्बे में बीजेपी हारी डिप्टी सीएम बृजेश पाठक के गृह नगर हरदोई के मल्लावां में बीजेपी की करारी हार हुई है. बीजेपी प्रत्याशी सुशीला देवी पर चौथे नंबर पर रहीं जबकि बृजेश पाठक ने उनके लिए एक बड़ी जनसभा और रोड शो भी किया था. यहां से निर्दलीय प्रत्याशी तबस्सुम जीती हैं. बीजेपी की करारी से चर्चा गर्म हो गई है.
मंत्री रजनी तिवारी के गढ़ में मिली मात योगी सरकार में शिक्षा राज्यमंत्री रजनी तिवारी के क्षेत्र शाहाबाद में भी बीजेपी को करारी शिकस्त मिली है. रजनी तिवारी शाहाबाद से विधायक हैं. उन्होंने कई दावेदारों को दरकिनार कर संजय मिश्र को शाहाबाद नगर पालिका सीट से बीजेपी प्रत्याशी बनवाया था. डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य और बृजेश पाठक ने यहां चुनावी जनसभा की थी जबकि रजनी तिवारी ने भी गली-गली घूमकर पार्टी प्रत्याशी के लिए वोट मांगे थे. इसके बावजूद सपा प्रत्याशी नसरीन बानो ने संजय मिश्रा को साढ़े चार हजार वोटों से हरा दिया है.
मंत्री दिनेश प्रताप सिंह के गढ़ में शिकस्त योगी सरकार के मंत्री दिनेश प्रताप सिंह और बीजेपी की विधायक अदिति सिंह के गढ़ रायबरेली में बीजेपी को करारी मात मिली है. नगर पालिका अध्यक्ष पद के प्रत्याशी शत्रोहन सोनकर ने 17,775 मतों के अंतर से रिकॉर्ड जीत दर्ज कराई जबकि बीजेपी प्रत्याशी शालिनी कनौजिया को शिकस्त मिली है. इस सीट पर योगी आदित्यनाथ खुद प्रचार करने आए थे. दिनेश प्रताप सिंह और आदिति सिंह ने गली-गली घूमकर वोट मांगे, लेकिन बीजेपी को जीत नहीं दिला सके.
मंत्री मयंकेश्वर शरण भी अपना गढ़ नहीं बचा सके योगी सरकार में हाई प्रोफाइल माने जाने वाले मंत्री मयंकेश्वर शरण सिंह भी अपना गढ़ नहीं बचाए रख सके. मयंकेश्वर शरण के तिलाई क्षेत्र और केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी के अमेठी लोकसभा क्षेत्र में आने वाली जायस नगर पालिका सीट बीजेपी ने गवां दी है. जायस सीट से कांग्रेस प्रत्याशी मनीषा सिंह चौहान ने 3580 वोटों से जीत दर्ज की. उन्होंने बीजेपी की बीना सोनकर को हराया. यह हार बीजेपी के लिए बड़ा झटका मानी जा रही है.

उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश के पहाड़ों पर बर्फबारी हो रही है. ऊंची चोटियां लगातार बर्फ की सफेद चादर से ढकने लगी हैं. इस बार बर्फबारी में विलंब होने के बावजूद अक्टूबर महीने में कई इलाकों में पहली बार बर्फ गिरी थी और अब हिमपात जारी है. पहाड़ों पर यह बर्फबारी मौसम के ठंडा होने का संकेत है और यहां के प्राकृतिक नज़ारों को और भी खूबसूरत बनाती है.

कांग्रेस नेता राहुल गांधी आज इंदौर के दौरे पर रहेंगे, जहां वह दूषित पानी पीने से जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों और अस्पताल में भर्ती मरीजों से मुलाकात करेंगे फुल स्टॉप इस दौरे को लेकर मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने तीखा हमला बोला है. सीएम ने राहुल गांधी पर 'लाशों पर राजनीति' करने का आरोप लगाते हुए कांग्रेस के पर सवाल उठाए हैं.

आज नेशनल स्टार्टअप डे देश के उन नए उद्यमियों को समर्पित है, जिन्होंने अपने आईडिया, मेहनत और सरकार की आर्थिक मदद के बल पर बड़ी कंपनियां बनाई हैं. ये कंपनियां न केवल रोजगार प्रदान कर रही हैं बल्कि देश की अर्थव्यवस्था को भी मजबूत कर रही हैं. स्टार्टअप इंडिया प्रोग्राम को लॉन्च हुए 10 साल हो चुके हैं, और अब देश में 2 लाख से अधिक स्टार्टअप्स हैं. पिछले साल 50 हजार नए स्टार्टअप खुले, यानी दिन में औसतन 137 स्टार्टअप्स शुरू हुए. आज देश में कुल 2 लाख 9 हजार रजिस्टर्ड स्टार्टअप्स हैं, जिनमें लाखों लोग काम कर रहे हैं.

आज दस्तक देंगे केंद्र सरकार के उस फैसले पर, जिसने बिहार के हजारों परिवारों के सिर पर छटनी की छुरी लटका दी है. आज हम बिहार के उन परिवारों का दर्द देश के पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी तक पहुंचाएंगे. आज हम बिहार के उन परिवारों की आवाज बन कर जिम्मेदारों को बेरोजगार होने के डर की आपबीती सुनाएंगे. सवाल दस या सौ का नहीं बल्कि हजारों लोगों का है, बीमारू राज्य माने जाने वाले बिहार में लगे उद्योगों की तालेबंदी का है, सवाल बिहार में सर कारी फरमान से मजबूरी में हजारों लोगों के पलायन के संकट का है.

बीएमसी चुनावो और महाराष्ट्र नगर निगम चुनावों में ठाकरे बंधुओं की हुई दुर्गति ने स्पष्ट कर दिया है कि बाला साहब की विरासत अब परिवार के हाथ से छिटक चुकी है. मुंबई का शिवसैनिक बाला साहब में छत्रपति शिवाजी को देखता था. बीएमसी चुनावों में उद्धव और राज दोनों में ही बाला साहब की दृष्टि और चतुराई दोनों ही नजर नहीं आई.

अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप का वर्षों पुराना सपना पूरा हो गया है. उन्हें नोबल शांति पुरस्कार मिल गया है, लेकिन अफसोस उन्हें सेकेंड हैंड नोबेल मिला है. अब आप सोचेंगे कि ये सेकेंड हैंड नोबेल क्या होता है. आज की सबसे बड़ी खबर ये है कि नोबेल शांति पुरस्कार विजेता मारिया कोरिना मचाडो ने अपना नोबेल शांति पुरस्कार, अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रप को दे दिया है. गिफ्ट में मिले इस नोबेल को हासिल करने के बाद डॉनल्ड ट्रंप ने मुस्कुराते हुए, उनके साथ एक फोटो भी खिंचवाई है.







