
Sourav Ganguly: ममता बनर्जी से मिले पूर्व कप्तान सौरव गांगुली, क्या खेलेंगे राजनीतिक पारी?
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बीसीसीआई के पूर्व अध्यक्ष सौरव गांगुली नेे पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी से मुलाकात की. दोनों की यह मुलाकात करीब 20 मिनट तक चली. पिछले साल अक्टूबर में जब सौरव गांगुली को बीसीसीआई के अध्यक्ष पद से हटना पड़ा था, तो ममता बनर्जी ने सार्वजनिक रूप से उनका समर्थन किया था.
टीम इंडिया के पूर्व कप्तान सौरव गांगुली ने सोमवार (16 जनवरी) को पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी से मुलाकात की. गांगुली की यह मुलाकात राजकीय सचिवालय में हुई. सूत्रों के मुताबिक दोनों की यह मुलाकात करीब 20 मिनट तक चली और इस दौरान व्यक्तिगत मसलों को लेकर चर्चा हुई. यह एक साल के अंदर दूसरी बार हुआ है जब गांगुली ने ममता बनर्जी से राजकीय सचिवालय में मुलाकात की है.
जुलाई 2021 में ममता बनर्जी भी सौरव गांगुली के 49वें जन्मदिन पर उन्हें बधाई देने के लिए दक्षिण कोलकाता स्थित पूर्व भारतीय कप्तान के आवास पर गई थीं. पिछले साल जब अक्टूबर में सौरव गांगुली को को बीसीसीआई के अध्यक्ष पद से हटना पड़ा था, तो ममता बनर्जी ने सार्वजनिक रूप से उनका समर्थन किया था. ममता बनर्जी ने कहा था कि पूर्व भारतीय कप्तान आईसीसी में देश का प्रतिनिधित्व करने के लिए सबसे अच्छे शख्स हैं.
क्या राजनीति में आएंगे गांगुली?
सौरव गांगुली के कई मौके पर राजनिति में आने के कयास लग चुके हैं. पिछले साल भी जब सौरव गांगुली ने अमित शाह से मुलाकात थी कि उनके बीजेपी से जुड़ने के कयास लग रहे थे. हालांकि बाद में गांगुली ने साफ किया था वो राजनीति में नहीं जा रहे हैं. अब ममता बनर्जी से मुलाकात के बाद उनको लेकर फिर से अटकलें तेज हो गई हैं.
गांगुली की जगह रोजर बिन्नी बने थे अध्यक्ष
पिछले साल सौरव गांगुली के हटने के बाद टीम इंडिया के पूर्व क्रिकेटर रोजर बिन्नी 18 अक्टूबर को बीसीसीआई अध्यक्ष बने थे. आपको बता दें कि रोजर बिन्नी उस भारतीय टीम के सदस्य थे जिसने 1983 में कपिल देव की कप्तानी में पहली बार वनडे विश्व कप जीता था. बीसीसीआई अध्यक्ष पद से छुट्टी होने के बाद सौरव गांगुली ने घोषणा की थी कि वह बंगाल क्रिकेट संघ (CAB) के अध्यक्ष पद का चुनाव लड़ेंगे, लेकिन वह अंतिम समय में हट गए. बाद में उनके बड़े भाई स्नेहाशीष गांगुली सीएबी चीफ बने.

2003 के क्रिकेट वर्ल्ड फाइनल में भारतीय टीम खिताब जीतने के लिए मैदान पर उतरी थी, लेकिन कुछ ही घंटों में ये सपना टूट गया था. रिकी पोंटिंग की तूफानी पारी, वीरेंद्र सहवाग की अकेली जंग और 'स्प्रिंग बैट' की रहस्यमयी अफवाहों ने इस मुकाबले को सिर्फ एक मैच नहीं, बल्कि क्रिकेट इतिहास की सबसे चर्चित और यादगार कहानी बना दिया.












