
LG और दिल्ली सरकार के बीच की रार, अब विनय सक्सेना ने किया पलटवार
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दिल्ली के उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना और मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के नेतृत्व वाली सरकार के बीच राजनीतिक रार बढ़ती जा रही है. दिल्ली की सत्ता पर काबिज आम आदमी पार्टी जहां उपराज्यपाल के घर के बाहर धरना प्रदर्शन कर रही है. वहीं अब विनय कुमार सक्सेना ने इस पूरी कवायद पर अपनी बात रखते हुए अरविंद केजरीवाल पर पलटवार किया है.
दिल्ली की सत्ता पर काबिज आम आदमी पार्टी जहां उपराज्यपाल के खिलाफ मोर्चा खोलकर खड़ी हुई है. वहीं इस राजनीतिक गतिरोध के बीच अब एलजी विनय कुमार सक्सेना ने पलटवार किया है. एलजी के ऑफिशियल ट्विटर अकाउंट पर एक लेटर जारी किया गया है और इसमें दिल्ली सरकार को खूब खरी खोटी सुनाई गई है. विनय कुमार सक्सेना ने इस लेटर में अब तक अपने द्वारा उठाए कदमों को कर्तव्य करार दिया है.
'संविधानिक कर्तव्यों से विचलित नहीं होउंगा'
एलजी विनय कुमार सक्सेना ने एक बयान में कहा- मैंने उनसे (अरविंद केजरीवाल) अच्छे शासन, करप्शन को लेकर जीरो टोलरेंस और दिल्ली के लोगों को बेहतर सेवा देने की बात की. लेकिन दुर्भाग्यवश मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने हताश होकर मामले को भटकाने और झूठे आरोपों का सहारा लिया. मुझे आश्चर्य नहीं होगा, जब आने वाले दिनों में मुझ पर और मेरे परिवार पर निजी हमले किए जाएंगे और आधारहीन आरोप लगाए जाएंगे. उन्हें पता होना चाहिए कि मैं किसी भी परिस्थिति में अपने संवैधानिक कर्तव्यों से विचलित नहीं होऊंगा. दिल्ली के लोगों के जीवन में सुधार के लिए मेरी प्रतिबद्धता अटूट है.
एलजी के लेटर में कई बातें
इसी सिलसिले में एलजी की ओर से एक लेटर भी ट्विटर पर शेयर किया गया है. इस लेटर में उन्होंने कहा है- दिल्ली के लोगों के प्रति मेरे कर्तव्य ओर संविधान से बंधे होने के चलते मैंने मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के सामने अहम मसलों को उठाया. इसमें आबकारी नीति में कई अनियमिताओं की बात है, जिसे खुद उनकी कैबिनेट ने विदड्रॉ कर लिया. इसके अलावा CVC की रिपोर्ट पर 2.5 साल तक कार्रवाई नहीं करने, मुख्यमंत्री के बिना साइन वाली फाइलें मेरे पास तक भेजने, स्टेट यूनिवर्सिटी का समय से सीएजी ऑडिट नहीं करने जैसे कई अहम मामले शामिल हैं.
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