
India China Border Dispute: लद्दाख से अरुणाचल तक चीन दो मोर्चों पर दे रहा टेंशन, भारत की ये है तैयारी
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China Stir in India Border: चीन पेंगॉन्ग लेक पर निर्माण कर रहा है. साथ ही अरुणाचल प्रदेश से सटी सीमा पर ढांचागत विकास कर रहा है. सीमा के दोनों तरफ 50 से 60 हजार जवान तैनात हैं. अत्याधुनिक हथियार भी तैनात हैं. किसी भी तरह के हमले या विरोध का करारा जवाब देने के लिए भारतीय फौज की तैयारी पूरी है.
19 मई 2022 को एक खबर आई कि चीन ने लद्दाख के पेंगॉन्ग लेक पर तेजी से पुल बना रहा है. विदेश मंत्रालय ने इस पर स्पष्ट बयान देने के बजाय कहा कि ये मामला रक्षा मंत्रालय का है. वो ही बता पाएंगे. लोकेशन को लेकर स्पष्टता नहीं है. सैटेलाइट तस्वीरों से यह बात साफ होती है कि चीन लद्दाख से लेकर अरुणाचल प्रदेश तक अपना कब्जा बढ़ाने के लिए कई तरह के निर्माण करवा रहा है. कहीं पर पुल तो कहीं वह गांव बना रहा है.
पिछली साल मार्च में लोकसभा में एक सवाल के जवाब में ये माना था कि चीन पिछले कुछ सालों से भारतीय सीमा के पास गांव, सड़कें, पुल आदि बना रहा है. ताकि वह अपने स्थानीय लोगों को संपर्क मुहैया करा सके. साथ ही सेना की तैनाती करने में आसानी हासिल कर सके. लेकिन उसकी मुख्य तैयारी रणनीतिक ही है. ये विकास कार्य तिब्बत और शिनजियांग ऑटोनॉमस रीजन्स में देखे गए हैं.
पहला प्रयास ये होगा कि बातचीत से मुद्दा सुलझ जाए
समझना ये है कि भारतीय सेना की क्या तैयारी है? क्या भारत की मिलिट्री चीन को मुंहतोड़ जवाब देने के लिए तैयार है. पहली बात तो ये कि विदेश मंत्रालय ने कहा है कि LAC को लेकर चीन से बातचीत जारी है. भारत ने अपना पक्ष रख दिया है. उन्होंने कहा कि बातचीत के जरिए समाधान निकालने की जरूरत है.
भारत भी लगातार बना रहा है सीमा पर इंफ्रास्ट्रक्चर
पूर्वी कमान के प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल आरपी कलीता ने कहा कि चीन अरुणाचल प्रदेश से सटी सीमा में गांव बसाने में लगा है. लेकिन भारत भी सीमा के पास इन्फ्रास्ट्रक्चर खड़ा करने में जुटा है, ताकि किसी भी स्थिति से निपटने की तैयारी रखी जा सके. चीन 5G नेटवर्क लगा रहा है. सड़क, रेल और हवाई संपर्क बना रहा है. चीन ने अरुणाचल के पास की सीमा में दो गांवों को ऐसे विकसित कर रहा है कि युद्ध की स्थिति में उसे फायदा हो. लेकिन भारतीय सेना ऐसा होने नहीं देगी.

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