
Holi Special Trains: दिल्ली-मुंबई से यूपी-बिहार तक...कई राज्यों के लिए होली स्पेशल ट्रेनों का ऐलान, देखें लिस्ट
AajTak
होली के त्योहार के दौरान यात्रियों की भारी भीड़ को देखते हुए भारतीय रेलवे ने अतिरिक्त होली स्पेशल ट्रेनें चलाने का फैसला किया है. ये ट्रेनें मुख्य रूप से मुंबई, पुणे, दिल्ली से उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड जैसे राज्यों के लिए चलाई जाएंगी. ट्रेनें फरवरी के अंत से मार्च के मध्य तक चलेंगी, जिससे यात्रियों को कंफर्म टिकट मिलने में आसानी होगी.
रंगों का त्योहार होली नजदीक आ रहा है.होली के दौरान ट्रेनों में भारी भीड़ की वजह से कंफर्म टिकट मिलना मुश्किल हो जाता है. यात्रियों की सुविधा और अतिरिक्त भीड़ को कम करने के लिए भारतीय रेलवे ने विभिन्न राज्यों के लिए होली स्पेशल ट्रेनें चलाने का ऐलान किया है. रेलवे के मुताबिक, होली के मौके पर यात्रियों की सुविधा के लिए देश भर में सैकड़ों अतिरिक्त स्पेशल ट्रेनें चलाई जा रही हैं. खासकर मुंबई, पुणे, दिल्ली और अन्य बड़े शहरों से उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड जैसे राज्यों के लिए ज्यादा ट्रेनें चलाई जा रही हैं.
सेंट्रल रेलवे के मुताबिक, 186 स्पेशल ट्रेनें चलाने का फैसला किया गया है. जिसमें 94 ट्रेनें होली स्पेशल हैं और बाकी 92 अन्य स्पेशल सेवाएं हैं. ये ट्रेनें मुख्य रूप से मुंबई (लोकमान्य तिलक टर्मिनस और छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस) और पुणे से नागपुर, बनारस (वाराणसी), गोरखपुर, समस्तीपुर, दानापुर, सुल्तानपुर जैसे शहरों के लिए चलेंगी.ये ट्रेनें फरवरी के आखिर से मार्च के मध्य तक चलेंगी. आइए देखते हैं कुछ ट्रेनों की लिस्ट.
> गाड़ी संख्या 01043/01044 लोकमान्य तिलक-समस्तीपुर-लोकमान्य तिलक स्पेशल मुजफ्फरपुर-हाजीपुर-पाटलिपुत्र-डीडीयू-प्रयागराज छिवकी के रास्ते चलाई जाने वाली गाड़ी संख्या 01043 लोकमान्य तिलक-समस्तीपुर स्पेशल 24 फरवरी एवं 03 मार्च, 2026 मंगलवार को लोकमान्य तिलक से 12.15 बजे खुलकर अगले दिन 15.25 बजे डीडीयू, 18.55 बजे पाटलिपुत्र, 19.55 बजे हाजीपुर रुकते हुए 23.45 बजे समस्तीपुर पहुंचेगी.
जबकि, गाड़ी संख्या 01044 समस्तीपुर-लोकमान्य तिलक स्पेशल 26 फरवरी एवं 05 मार्च, 2026 गुरुवार को समस्तीपुर से 03.00 बजे खुलकर 05.15 बजे हाजीपुर, 06.10 बजे पाटलिपुत्र एवं 10.50 बजे डीडीयू रुकते हुए अगले दिन 16.25 बजे लोकमान्य तिलक पहुंचेगी.
> गाड़ी संख्या 05557/05558 रक्सौल-लोकमान्य तिलक-रक्सौल स्पेशल मुजफ्फरपुर- हाजीपुर-पाटलिपुत्र-डीडीयू-प्रयागराज छिवकी के रास्ते चलाई जाने वाली गाड़ी संख्या 05557 रक्सौल-लोकमान्य तिलक स्पेशल 10 मार्च से 31 मार्च, 2026 तक प्रत्येक मंगलवार को रक्सौल से 19.15 बजे खुलकर दूसरे दिन 00.01 बजे हाजीपुर, 01.05 बजे पाटलिपुत्र एवं 05.00 बजे डीडीयू रुकते हुए तीसरे दिन 05.50 बजे लोकमान्य तिलक पहुंचेगी.
वहीं, गाड़ी संख्या 05558 लोकमान्य तिलक-रक्सौल स्पेशल 12 मार्च से 02 अप्रैल, 2026 तक प्रत्येक गुरुवार को लोकमान्य तिलक से 07.55 बजे खुलकर अगले दिन 07.15 बजे डीडीयू, 10.00 बजे पाटलिपुत्र, 11.05 बजे हाजीपुर रुकते हुए 16.50 बजे रक्सौल पहुंचेगी.

इजरायल अमेरिका और ईरान के बीच चल रहे युद्ध का असर पूरी दुनिया में देखने को मिल रहा है और भारत भी इससे अछूता नहीं है, इस युद्ध के चलते भारत में भी ऊर्जा संकट पैदा हो रहा था, इसी संकट को लेकर पीएम मोदी ने आज संसद में पहली बार सार्वजनिक तौर पर बयान दिया. पश्चिम एशिया में जंग के हालातों पर पीएम मोदी ने लोकसभा में 25 मिनट की स्पीच दी उन्होंने कहा कि तनाव खत्म होना चाहिए. बातचीत से ही समस्या का समाधान है. पीएम ने कहा कि नागरिकों और पावर प्लांट पर हमले मंजूर नहीं हैं. होमुर्ज का रास्ता रोकना स्वीकार नहीं होगा ‘सरकार की कोशिश है कि देश में तेल-गैस संकट न हो. इसके लिए 27 की जगह अब 41 देशों से इंपोर्ट कर रहे हैं. पश्चिम एशिया में एक करोड़ भारतीय रहते हैं. उनकी सुरक्षा हमारी प्राथमिकता है.

हैदराबाद में आगामी रामनवमी शोभा यात्रा को लेकर गोशामहल के विधायक टी. राजा सिंह ने पुलिस प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं. उन्होंने कहा कि साल 2010 से लगातार शोभा यात्रा आयोजित की जा रही है, लेकिन हर साल पुलिस की ओर से बाधाएं खड़ी की जाती हैं. उनका आरोप है कि सिदंबर बाजार, पुराना पुल और बेगम बाजार जैसे इलाकों में विशेष रूप से लाठीचार्ज के लिए टास्क फोर्स तैनात की जाती है. साथ ही उन्होंने दावा किया कि हर साल उनके खिलाफ FIR दर्ज की जाती है और इस बार भी पुलिस अपनी गलतियों का ठीकरा उन पर फोड़ सकती है.

जम्मू-कश्मीर के बडगाम में लोगों ने ईरान के समर्थन में सोना, चांदी और नकद दान किया. यह कदम पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच उठाया गया है. लोग एक जगह इकट्ठा होकर मदद के लिए आगे आए. बडगाम के विधायक मुंतज़िर मेहदी ने भी एक महीने की सैलरी दान करने की घोषणा की. यह घटना दिखाती है कि अंतरराष्ट्रीय संघर्ष का असर दूर तक हो रहा है और लोग इंसानियत के लिए साथ खड़े हो रहे हैं.










