
Delhi: 'मालकिन, 37 लाख लुट गए', खुद की आंखों में मिर्ची झोंक ड्राइवर पहुंचा घर, फिर खुला ये राज
AajTak
Delhi News: दिल्ली पुलिस ने लूट की सारी रकम 37 लाख 40 हजार बरामद कर ली है. पुलिस ने करीब 50 किलोमीटर पीछा करके गुड़गांव से रकम के साथ एक आरोपी को भी दबोच लिया.
दिल्ली पुलिस ने बीते दिन शुक्रवार को हुए लूट मामले का खुलासा कर दिया है. दोस्त के साथ मिलकर एक शातिर ड्राइवर ने यह झूठी कहानी रची थी. खुद ने ही दोस्त को कैश से भरा बैग देने के बाद अपनी ही आंखों में मिर्ची का पाउडर झोंक लिया था. दिल्ली पुलिस ने दोनों आरोपियों को पकड़ लिया और लूट की सारी रकम 37 लाख 40 हजार बरामद कर ली. पुलिस ने करीब 50 किलोमीटर पीछा करके गुड़गांव से रकम के साथ एक आरोपी को दबोचा.
27 मई की शाम करीब पांच बजे एक पीसीआर कॉल दिल्ली पुलिस को मिली कि ग्रेटर कैलाश इन्क्लेव के पार्ट-2 से आंखों में मिर्च पाउडर झोंककर करीब 50-60 लाख की लूट हो गई है. जानकारी मिलते ही सीआर पार्क थाने के एसएचओ रितेश शर्मा अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंच गए. वहां पर पुलिस टीम को शिकायतकर्ता महिला मिली.
महिला ने पुलिस को बताया कि उसने अपनी बहन के साथ होटल हयात में मेकअप क्लास ऑर्गनाइज की थी. शुक्रवार को वह छात्रों की फीस (37 लाख 40 हजार) को लेकर अपने घर के लिए निकली. गाड़ी उनका ड्राइवर प्रमोद कुमार मंडल चला रहा था. कॉलोनी में पहुंचने के दौरान ड्राइवर कैश से भरा बैग घर के अंदर ले जा रहा था, तभी लुटेरे आए और उसकी आंखों में मिर्च पाउडर झोंकक रुपयों से भरा बैग छीन ले गए.
शिकायत मिलते ही दिल्ली पुलिस ने तुरंत लूट की एफआईआर दर्ज कर ली और जांच शुरू कर दी. दिल्ली पुलिस ने सबसे पहले आसपास के सारे सीसीटीवी फुटेज की जांच शुरू की, और साथ में ड्राइवर प्रमोद से पूछा कि लूट कैसे हुई?
पुलिस का कहना है कि प्रमोद बार-बार अपने बयान बदल रहा था, और अपना मोबाइल फ़ोन भी नहीं दे रहा था. इसके बाद पुलिस को प्रमोद पर शक हुआ. जिसके बाद पुलिस ने प्रमोद के साथ सख्ती से पूछताछ की. तब उसने साजिश और लूट की पूरी कहानी उगल दी. आरोपी ने बताया कि उसने इस लूट में अपने साथी फूल कुमार यादव को भी मिला रखा था. प्रमोद ने पुलिस को अपना मोबाइल भी बरामद करवा दिया, जो उसने पार्किंग एरिया में छिपा रखा था.
प्रमोद को इस बात का शक था कि अगर उसका फोन पुलिस को मिल जाएगा, तो पूरा राज खुल जाएगा. लूट से पहले ड्राइवर प्रमोद अपने दोस्त फूल कुमार से लगातार संपर्क में था. इसके बाद पुलिस ने करीब 50 किलोमीटर पीछे आकर गुड़गांव से फूल कुमार यादव को पकड़ लिया और उसके पास से रुपयों से भरा बैग बरामद कर. लूट के इस मामले में सारी रकम 37 लाख 40 हजार बरामद किया है.

आज जब वक्त इतना कीमती हो गया है कि लोग हरेक चीज की दस मिनट में डिलीवरी चाहते हैं. वहीं दूसरी तरफ विडंबना ये है कि भारत का एक शहर ऐसा है जहां इंसान को कहीं जाने के लिए सड़कों पर ट्रैफिक में फंसना पड़ता है. यहां हर साल औसतन 168 घंटे लोग ट्रैफिक में फंसे रहते हैं. यानी पूरे एक हफ्ते का समय सिर्फ ट्रैफिक में चला जाता है.

जिस शहर की फायरब्रिगेड के पास छोटे से तालाब के पानी से एक शख्स को निकालने के लिए टूल नहीं है, वह किसी बड़े हादसे से कैसे निबटेगा. युवराज मेहता की मौत ने नोएडा की आपदा राहत तैयारियां की कलई खोल दी है. सवाल यह है कि जब नोएडा जैसे यूपी के सबसे समृद्ध शहर में ये हालात हैं तो बाकी शहर-कस्बों की स्थिति कितनी खतरनाक होगी.

दिल्ली-एनसीआर में वायु गुणवत्ता में सुधार के कारण कमीशन ऑफ एयर क्वालिटी इंप्रवूमेंट (CAQM) ने GRAP-3 पाबंदियां हटा दी हैं. AQI में सुधार के चलते अब कंस्ट्रक्शन और आवाजाही पर लगी पाबंदियों में राहत मिली है. IMD के पूर्वानुमान के अनुसार, आने वाले दिनों में AQI 'एवरेज' से 'खराब' श्रेणी में रह सकता है, जिसके कारण GRAP-3 के तहत गंभीर पाबंदियां लागू नहीं की जाएंगी.

AIMIM प्रवक्ता वारिस पठान ने स्पष्ट किया है कि मुसलमानों ने अब फैसला कर लिया है कि वे अब किसी भी ऐसे व्यक्ति को समर्थन नहीं देंगे जो केवल जातीय विभाजन करता है, बल्कि वे उस नेता के साथ जाएंगे जो विकास की बात करता है. उनका यह बयान समाज में सकारात्मक बदलाव और विकास को प्राथमिकता देने की दिशा में है. मुसलमान अब ऐसे नेताओं के साथ खड़े होंगे जो उनकी बेहतरी और समाज के समग्र विकास के लिए काम करें.









