
हनीफ़ का ब्लॉग : अमेरिकियों को नहीं पता कि उनके प्रेज़िडेंट कल कहां जंग शुरू करेंगे और क्यों
BBC
ईरान पर इसराइल-अमेरिका के हमले, अमेरिकी लोकतंत्र और गल्फ़ की राजशाहियों पर नज़र डालता वरिष्ठ पत्रकार और लेखक मोहम्मद हनीफ़ का व्लॉग
पिछले साल भारत और पाकिस्तान के बीच झड़पें हुईं थीं और यह तीन-चार दिन तक चली थीं. मिसाइलें चलीं, ड्रोन उड़े, प्लेन क्रैश हुए और फिर सीज़फ़ायर हो गया.
उसके बाद अमेरिका के सदर (राष्ट्रपति) ट्रंप जब भी कैमरे के सामने आते हैं, तो कहते हैं कि इंडिया और पाकिस्तान एक-दूसरे को ख़त्म करने वाले थे. मैंने उनकी जंग रुकवाई है. वरना पता नहीं इन्होंने अपने एटम बम चला कर पूरी दुनिया को जलाकर राख कर देना था.
पाकिस्तान के नेता भी हल्का सा मुंह बनाकर कहते रहे हैं कि ट्रंप जैसा शांति पसंद इंसान इस धरती पर पैदा ही नहीं हुआ. सभी उन्हें मसीहा मानो और शांति का नोबेल पुरस्कार दे दो.
ट्रंप खुद भी दूसरी बार सदर बनने से पहले कहते थे कि अमेरिका ने कई जंगें लड़ी हैं, अब हम घर पर बैठेंगे, अपने लोगों के लिए काम करेंगे, हमने पूरी दुनिया की रखवाली का ठेका नहीं लिया है.
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और अब देखिए, एक नहीं, दो नहीं, बल्कि कई छोटी-छोटी ग्लोबल लड़ाइयां शुरू कर ली हैं.
वेनेजुएला के प्रेज़िडेंट को ऐसे उठा लिया है जैसे किडनैपर्स उठाते हैं, क्यूबा के सिर पर बैठे हैं और अब इसराइल के साथ मिलकर ईरान पर हमला करने पहुंच गए हैं.

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