
सुकर्णो से सुबिआंतो... 5वीं बार गणतंत्र दिवस के चीफ गेस्ट इंडोनेशिया से, जानें 75 सालों में कितनी मजबूत हुई दोनों देशों की दोस्ती
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साल 1950 में गणतंत्र दिवस के पहले कार्यक्रम में इंडोनेशिया के राष्ट्रपति सुकर्णो बतौर चीफ गेस्ट शामिल हुए थे. इसके बाद साल 1984 में भूटान और इंडोनेशिया के प्रतिनिधि भारत पहुंचे. इसमें भूटान के राजा जिग्मे सिंगये वांगचुक और इंडोनेशिया की सेना के चीफ ऑफ स्टाफ जनरल रुदिनी शामिल हुए थे.
इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबिआंतो इस बार गणतंत्र दिवस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि हैं. ये 5वीं बार है जब गणतंत्र दिवस के मौके पर इंडोनेशिया के नेता को बतौर गेस्ट भारत ने बुलाया है. भारत ने जब साल 1950 में पहली बार गणतंत्र दिवस मनाया था तब भी इंडोनेशिया के राष्ट्रपति सुकर्णो ही चीफ गेस्ट थे. इस बात में कोई संदेह नहीं है कि भारत और इंडोनेशिया के रिश्ते हजारों साल की ऐतिहासिक जड़ों से मजबूत हैं. लेकिन ये जानना जरूरी है कि आखिर दोनों देशों की आजादी के बाद ये रिश्ते कितने पुख्ता हुए हैं. साथ ही गणतंत्र दिवस पर बतौर चीफ गेस्ट इंडोनेशिया को बुलाने के पीछे क्या मकसद रहा है.
जानें कब-कब इंडोनेशिया के नेता गणतंत्र दिवस पर भारत पहुंचे
साल 1950 में गणतंत्र दिवस के पहले कार्यक्रम में इंडोनेशिया के राष्ट्रपति सुकर्णो बतौर चीफ गेस्ट शामिल हुए थे. इसके बाद साल 1984 में भूटान और इंडोनेशिया के प्रतिनिधि भारत पहुंचे. इसमें भूटान के राजा जिग्मे सिंगये वांगचुक और इंडोनेशिया की सेना के चीफ ऑफ स्टाफ जनरल रुदिनी शामिल हुए थे. इसके बाद साल 2011 में इंडोनेशिया के राष्ट्रपति सुसीलो बाम्बांह युद्दोयोनो बतौर चीफ गेस्ट भारत पहुंचे थे. साल 2018 में गणतंत्र दिवस के मौके पर भारत ने आसियान देशों के प्रमुखों को न्यौता भेजा था. इसमें इंडोनेशिया भी शामिल था. अब 5वीं बार 2025 में इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबिआंतो भारत पहुंचे हैं.
1950 में सुकर्णो का भारत दौरा
साल 1950 दोनों ही देशों के लिए कई मायनो में अहम था. भारत और इंडोनेशिया के रिश्तों के लिहाज से भी ये समय काफी अहम था. इसी बीच, भारत के पहले गणतंत्र दिवस के कार्यक्रम में इंडोनेशिया के राष्ट्रपति सुकर्णो मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए थे. यह घटना उस समय के वैश्विक परिप्रेक्ष्य में बेहद अहम थी. दरअसल, तब द्वितीय विश्व युद्ध के बाद उपनिवेशवाद का अंत हो रहा था और एशिया में नए स्वतंत्र राष्ट्रों का उदय हो रहा था. भारत ने 1947 में ब्रिटिश साम्राज्य से स्वतंत्रता प्राप्त की थी और इंडोनेशिया ने भी 1949 में नीदरलैंड्स से स्वतंत्रता हासिल की थी.

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