
सीएम भजनलाल, सचिन पायलट, हनुमान बेनीवाल... राजस्थान उपचुनाव में दांव पर दिग्गजों की साख
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राजस्थान की सात सीटों के लिए हुए उपचुनाव में पांच सीटों पर त्रिकोणीय मुकाबला है. दो सीटों पर बीजेपी और कांग्रेस उम्मीदवारों की सीधी फाइट है. इन उपचुनावों में मुख्यमंत्री भजनलाल और बीजेपी के कद्दावर नेता किरोड़ीलाल मीणा, कांग्रेस नेता सचिन पायलट और हनुमान बेनीवाल की प्रतिष्ठा दांव पर है.
राजस्थान विधानसभा की सात रिक्त सीटों के लिए हुए उपचुनाव में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और सचिन पायलट समेत चार कद्दावर नेताओं की प्रतिष्ठा दांव पर है. मतदान के बाद अब नतीजे की घड़ी करीब आ गई है. 23 नवंबर को मतगणना होनी है और इसके लिए तैयारियां पूरी कर ली गई हैं. वोटों की गिनती सुबह आठ बजे से शुरू होगी. मतगणना 141 राउंड में होनी है और इसके लिए 98 टेबल बनाए गए हैं. पोस्टल बैलेट के वोटों की गिनती के लिए अलग से 67 टेबल का इंतजाम किया गया है.
किस सीट पर कितने राउंड मतगणना
उपचुनाव में अलग-अलग सीटों पर अलग-अलग राउंड में मतगणना संपन्न होगी. झुंझुनूं और सालंबर विधानसभा सीट की मतगणना 22-22 राउंड में होगी. वहीं, रामगढ़ विधानसभा सीट के वोटों की गिनती 21 राउंड में पूरी होगी. देउली उनियारा और खींवसर विधानसभा सीट की मतगणना 20-20 राउंड में होनी है. सबसे कम राउंड में मतगणना दौसा और चौरासी सीट की है. इन दोनों विधानसभा सीटों के लिए पड़े वोट 18-18 राउंड में गिने जाएंगे. चुनाव आयोग ने मतगणना प्रक्रिया की 360 डिग्री वीडियोग्राफी कराने के निर्देश दिए हैं.
दिग्गजों की राजनीति पर पड़ेगा नतीजे का असर
राजस्थान की सात सीटों के लिए हुए उपचुनाव के नतीजे मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा समेत कई दिग्गजों की सियासत पर असर डालेंगे. भजनलाल को मुख्यमंत्री बने चार महीने ही हुए थे कि लोकसभा चुनाव में बीजेपी को 10 सीटों का नुकसान झेलना पड़ा था. पिछले चुनाव में सूबे की 25 में से 24 सीटों पर लड़कर सभी पर जीत हासिल करने वाली बीजेपी इस बार 14 सीटें ही जीत सकी थी. जिन सात सीटों पर उपचुनाव हुए हैं, इनमें से एक सीट सालूंबर ही बीजेपी के कब्जे में थी. बीजेपी अपनी सीट बचाए रखते हुए विपक्ष से और सीटें झटकने में सफल रहती है तो सीएम भजन का कद पार्टी में मजबूत हो सकता है.
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