
सिंधिया के गढ़ में आज हुंकार भरेंगी प्रियंका गांधी, 40 दिन में मध्यप्रदेश का दूसरा दौरा
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मध्यप्रदेश में इस साल के अंत में विधानसभा चुनाव होने हैं. ऐसे में कांग्रेस ने अपना चुनावी अभियान तेज कर दिया है. प्रियंका गांधी ने 12 जून को जबलपुर में एक रैली को संबोधित करके राज्य में कांग्रेस के चुनावी अभियान की शुरुआत की थी. वे 40 दिन में दूसरी बार मध्यप्रदेश के दौरे पर पहुंची हैं.
कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी आज केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के गढ़ ग्वालियर के दौरे पर हैं. वे यहां एक रैली को भी संबोधित करेंगी. प्रियंका की एमपी में 40 दिन में यह दूसरी यात्रा है. यहां इस साल के आखिर में विधानसभा चुनाव होने हैं. खास बात ये है कि प्रियंका गांधी को ज्योतिरादित्य सिंधिया के साथ ही कांग्रेस महासचिव बनाया गया था. दोनों को 2019 लोकसभा चुनाव में उत्तर प्रदेश की जिम्मेदारी दी गई थी. लेकिन सिंधिया मार्च 2020 में बीजेपी में शामिल हो गए.
एमपी कांग्रेस के मीडिया विभाग के अध्यक्ष केके मिश्रा ने बताया, "प्रियंका गांधी सुबह 11 बजे ग्वालियर पहुंचेंगी. यहां वे रानी लक्ष्मीबाई के स्मारक पर जाकर उन्हें श्रद्धांजलि देंगी. इसके बाद वे मेला ग्राउंड में जनसभा को संबोधित करेंगी.'' प्रियंका ने किया 5 गारंटी का वादा
इससे पहले प्रियंका गांधी ने 12 जून को जबलपुर में एक रैली को संबोधित करके राज्य में कांग्रेस के चुनावी अभियान की शुरुआत की थी. इस दौरान उन्होंने ऐलान किया था कि अगर राज्य में कांग्रेस सत्ता में आई, तो पार्टी 5 गारंटी लागू करेंगी. इनमें महिलाओं को हर महीने 15000 रुपये की आर्थिक मदद, 100 यूनिट फ्री बिजली और पुरानी पेंशन योजना की बहाली शामिल है. प्रियंका ने इस दौरान मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और सिंधिया पर भी निशाना साधा था. उन्होंने बीजेपी सरकार पर भ्रष्टाचार में डूबे रहने और नौकरियां देने में विफल रहने का आरोप लगाया था.
सिंधिया की बगावत के बाद गिरी थी कांग्रेस सरकार
मध्यप्रदेश में नवंबर 2018 में विधानसभा चुनाव हुए थे. इस चुनाव में कांग्रेस ने 114 और बीजेपी ने 109 सीटों पर जीत हासिल की. कांग्रेस ने सपा-बसपा और निर्दलीयों के साथ मिलकर सरकार बनाई थी. हालांकि, मार्च 2020 में सिंधिया बागी विधायकों के साथ बीजेपी में शामिल हो गए थे. इसके बाद कमलनाथ के नेतृत्व वाली सरकार 15 महीने में गिर गई थी. इसके बाद शिवराज सिंह चौहान दोबारा सत्ता में लौटे. मध्यप्रदेश में अभी बीजेपी की 127 सीटें हैं. जबकि कांग्रेस की 96 सीटें हैं.

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