
लखनऊ में 90 साल की बुजुर्ग महिला की घर में गला काटकर हत्या, चार बेटे थे लेकिन रहती थीं अकेली
AajTak
लखनऊ के अलीगंज में 90 साल की बुजुर्ग महिला की गला रेतकर उन्हीं के घर में हत्या कर दी डाली. महिला के 4 बेटे हैं जो उससे अलग रह रहे थे. महिला इतनी उम्र में भी अकेले रह रही थी. घर में न तो लूटपाट हुई है और न ही किसी को इसकी भनक तक लगी. पुलिस हर एंगल से इस हत्याकांड की गुत्थी को सुलझाने में जुटी है.
उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में 90 साल की बुजुर्ग महिला शैल कुमारी की गला रेतकर हत्या कर दी गई. घटना अलीगंज थाना क्षेत्र के त्रिवेणी नगर की है. जानकारी के मुताबिक, बुजुर्ग महिला की जब हत्या हुई तो वह घर में अकेली थी. इस वारदात को एक या उससे ज्यादा बदमाशों ने अंजाम दिया है, इसकी जांच की जा रही है. साथ ही यह भी पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि आखिर इस महिला का कौन दुश्मन हो सकता है. साथ ही किस मकसद से महिला की हत्या की गई है, इसकी भी जांच की जा रही है.
पुलिस की मानें तो घर में किसी प्रकार की लूटपाट नहीं हुई है. अंदेशा लगाया जा रहा है कि प्रॉपर्टी का शायद कोई विवाद हो. तभी महिला को मौत के घाट उतार दिया गया हो. लेकिन इस बात की अभी कोई पुष्टि नहीं हुई है. हैरानी की बात ये है कि बुजुर्ग महिला के चार बेटे हैं. एक बेटा रमेश फैमिली के साथ लंदन में रहता है. दूसरा बेटा मुकेश चंद्र शर्मा जो फॉरेंसिक विभाग से रिटायर्ड है डिप्टी डायरेक्टर के पद पर रहा है, अपनी फैमिली के साथ लखनऊ के ही जानकीपुरम इलाके में रहता है. जबकि, बाकी दोनों बेटे आलोक और महेश भी अपनी अपनी फैमिली के साथ अलग रहते हैं.
परिजनों की मानें तो सुबह उनकी महिला से फोन पर बात हुई. लेकिन शाम को उन्होंने मोबाइल नहीं उठाया. कई बार काल की गई, जिसके बाद पड़ोसियों को फोन किया गया और जब पड़ोसी घर में गए तो देखा कि शैल कुमार जमीन पर खून से लथपथ हालत में पड़ी थीं. उन्होंने तुरंत पुलिस को इसकी सूचना दी. मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया.
हत्या को लेकर उठ रहे कई सवाल
बहरहाल पुलिस के लिए कई सवाल चुनौती बने हुए हैं. मसलन 90 साल की महिला का आखिर कौन दुश्मन हो सकता है, जिसने इतनी बेरहमी से उसे मौत के घाट उतार डाला. इसके अलावा जिस तरह से बिना किसी लूटपाट के इस हत्या की वारदात को अंजाम दिया गया और पड़ोसियों को भनक भी नहीं लगी? ये भी एक अपने आप में सवाल है क्योंकि कातिल शायद जानता था की महिला घर में अकेली रहती है और उसने बेरहमी से महिला की हत्या कर दी. हत्यारों की गिरफ्तारी के बाद ही इन तमाम सवालों पर से पर्दा उठेगा, क्योंकि न घर में लूटपाट हुई और न ही किसी तरह की तोड़फोड़. लेकिन बुजुर्ग महिला की हत्या ने एक बार फिर राजधानी में सीनियर सिटीजन की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं.

अमेरिका-इजरायल और ईरान युद्ध का आज 23वां दिन है. अब ये जंग परमाणु प्लांट पर हमलों तक पहुंच गई है. एक दिन पहले इजरायल ने नतांज में ईरान के न्यूक्लियर प्लांट को टारगेट किया, जिसके जवाब में ईरान ने डिमोना और अराद शहरों पर भीषण हमला कर दिया. ईरान के ये हमले युद्ध को और भीषण बना सकते हैं क्योंकि अब इजरायल तेहरान में लगातार कई ठिकानों को निशाना बना रहा है. नेतन्याहू ने इस समय को इजरायल के अस्तित्व और भविष्य की लड़ाई का एक चुनौतीपूर्ण पड़ाव बताया है. वहीं ईरान दावा कर रहा है कि डिमोना और अराद पर हमले के बाद युद्ध का पूरा समीकरण बदल गया है.

आज बात पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दंगल की जहां टीएमसी और बीजेपी के बीच कड़ा मुकाबला है. बंगाल की सियासत इस वक्त अपने चरम पर है, जहां हर बयान, हर कदम और हर मंच चुनावी रणनीति का हिस्सा बन चुका है. कल ईद के मौके पर मंदिर -मस्जिद का रंग देखने को मिला. ममता बनर्जी ने कोलकाता में ईद के मौके पर बीजेपी के घुसपैठिए वाले मुद्दे पर अबतक का सबसे बड़ा पलटवार किया. ईद-उल-फितर के मौके पर कोलकाता के रेड रोड पर आयोजित एक बड़े धार्मिक कार्यक्रम में ममता ने पीएम मोदी को सबसे बड़ा घुसपैठिया बता दिया. ये वही मुद्दा है जिस पर पीएम मोदी लगातार ममता सरकार को घेर रहे हैं. ममता के बयान पर बीजेपी ने हार की हताशा में दिया गया बयान बताया. वहीं बीजेपी ने भी बंगाल में अपने वोटरों को मैसेज दिया है. शुभेंदु अधिकारी कालीघाट मंदिर में जाकर पूजा-अर्चना की और मां काली से आशीर्वाद मांगते हुए कहा कि बंगाल में घुसकर बांग्लादेशी घुसपैठियों ने बहुत अत्याचार किया है. बंगाल में अगले महीने दो चरण में वोटिंग होनी है. ऐसे में जैसे-जैसे तारीख नजदीक आएगी, बयान और भी तीखे होंगे और सियासी चालें और भी पेचीदा. लेकिन सवाल ये कि क्या बंगाल मंदिर-मस्जिद की राजनीति से बाहर निकल पाएगी. इस बार बंगाल में किस पार्टी की नैरेटिव का सिक्का चलेगा. बीजेपी-टीएमसी की आमने-सामने की लड़ाई में आखिर कांग्रेस और कभी 34 साल तक लगातार सरकार में रहने वाली लेफ्ट क्या कर रही है.

दिल्ली में जद (यू) के पूर्व नेता केसी त्यागी ने रविवार को राष्ट्रीय लोक दल जॉइन कर लिया. उन्होंने जयंत चौधरी की मौजूदगी में पार्टी की सदस्यता ली. इससे पहले मंगलवार को उन्होंने बिना कारण बताए जद (यू) से इस्तीफा दिया था. 2003 से पार्टी से जुड़े त्यागी महासचिव, प्रवक्ता और राजनीतिक सलाहकार जैसे अहम पदों पर रह चुके हैं.

पंजाब की मान सरकार की 'एकमुश्त निपटान स्कीम' को व्यापारियों का भारी समर्थन मिला है. पुराने टैक्स बकाये के जरिए अब तक सरकारी खजाने में 111.16 करोड़ रुपये आ चुके हैं. हालांकि, इस राहत का फायदा सिर्फ 31 मार्च तक ही उठाया जा सकता है. इसके बाद सरकार नरम रुख छोड़कर सख्त एक्शन लेगी और करीब 8,000 संपत्तियों पर कुर्की की कार्रवाई शुरू की जाएगी.

अमेरिका-इजरायल और ईरान युद्ध का आज 23वां दिन है. अब ये जंग परमाणु प्लांट पर हमलों तक पहुंच गई है. एक दिन पहले इजरायल ने नतांज में ईरान के न्यूक्लियर प्लांट को टारगेट किया, जिसके जवाब में ईरान ने डिमोना और अराद शहरों पर भीषण हमला कर दिया. ईरान के ये हमले युद्ध को और भीषण बना सकते हैं क्योंकि अब इजरायल तेहरान में लगातार कई ठिकानों को निशाना बना रहा है. नेतन्याहू ने इस समय को इजरायल के अस्तित्व और भविष्य की लड़ाई का एक चुनौतीपूर्ण पड़ाव बताया है. वहीं ईरान दावा कर रहा है कि डिमोना और अराद पर हमले के बाद युद्ध का पूरा समीकरण बदल गया है.

विश्व जल दिवस पर 'जल है तो कल है' जैसे नारे सुनने में तो अच्छे लगते हैं, लेकिन जमीन पर हकीकत आज भी बहुत कड़वी है. सरकारी कागजों में 'हर घर जल' के बड़े-बड़े दावे तो दिखते हैं, पर असलियत में आज भी लोगों को प्यास बुझाने के लिए दूर-दूर तक पैदल चलना पड़ रहा है. कई परिवारों को तो पानी के लिए खुद कुएं तक खोदने पड़ रहे हैं. जब तक पानी के लिए यह जानलेवा संघर्ष और लंबी कतारें खत्म नहीं होतीं, तब तक ये जल दिवस सिर्फ कैलेंडर की एक तारीख बनकर ही रह जाएगा.







