
'मेरे बैग में बम है क्या', यात्री के कमेंट ने कोलकाता एयरपोर्ट पर लोगों को डराया, फ्लाइट लेट
AajTak
कोलकाता एयरपोर्ट पर एक यात्री की वजह से बम की अफवाह उड़ गई. दरअसल जब सुरक्षाकर्मी बार बार एक यात्री की बैग चेक कर रहे थे तो इससे नाराज होकर उसने पूछ लिया कि क्या इस बैग में बम है. यात्री की यह बात सुनकर अन्य लोगों को लगा कि वहां बम है, इस वजह से विमान की भी चेकिंग की गई, पुणे जाने वाली फ्लाइट ने भी इस वजह से देरी से उड़ान भरी.
पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता में एयरपोर्ट पर बम की अफवाह को लेकर अफरातफरी मच गई. एक अधिकारी ने कहा कि यह अफवाह तब फैली जब एक यात्री ने सुरक्षाकर्मी से पूछ लिया क्या मेरे बैग में बम है. यात्री की इस टिप्पणी के कारण वहां लोग डर गए जिससे पुणे की उड़ान में कुछ घंटों की देरी हो गई.
न्यूज एजेंसी के मुताबिक एक अधिकारी ने बताया कि यह घटना दोपहर करीब 12 बजे हुई जब एक निजी एयरलाइन की कोलकाता से पुणे वाया भुवनेश्वर उड़ान के लिए चेक-इन प्रक्रिया चल रही थी।
भारतीय हवाईअड्डा प्राधिकरण (एएआई) के एक प्रवक्ता ने कहा, सुरक्षाकर्मियों द्वारा बैग की बार-बार जांच करने से नाराज एक यात्री ने कह दिया कि , "क्या इसमें बम है?"
उन्होंने कहा, इससे वहां डर पैदा हो गया, जिसके बाद सुरक्षाकर्मियों ने सभी यात्रियों के सामान और विमान को खाली करने के बाद गहन तलाशी ली, क्योंकि कुछ यात्री पहले ही विमान में चढ़ चुके थे.
उन्होंने कहा, सभी आवश्यक सुरक्षा प्रोटोकॉल से गुजरने के बाद भी कुछ नहीं मिला. प्रवक्ता ने कहा कि जो कुछ हुआ उसकी जड़ उस यात्री की टिप्पणी थी, यह देखते हुए विमान को शाम 5.30 बजे अपने गंतव्य के लिए रवाना कर दिया. बता दें कि अप्रैल में कोलकाता हवाईअड्डे को बम से उड़ाने की दो फर्जी धमकियां मिली थीं

जिस अमेरिका और इजरायल ने मिलकर 28 फरवरी को ईरान पर हमले कर जंग की शुरुआत की थी, उसी अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोमवार को ये ऐलान किया कि अमेरिका अगले 5 दिनों के लिए युद्ध विराम कर रहा है यानी जंग को रोक रहा है. अब सवाल ये है कि जंग के पहले हफ्ते में जब ट्रंप ने ये दावा किया था कि ईरान की ताकत को वो पूरी तरह कुचल चुके हैं तो फिर भी ईरान इस जंग को तीसरे हफ्ते तक कैसे खींच ले गया.

आज ईरान-अमेरिका युद्ध का 24 वां दिन है. आज युद्ध को लेकर अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप का बड़ा बयान आया. ट्रंप ने ऐलान किया है कि अगले पांच दिनों तक ईरान के पावर और इनर्जी के ठिकानों पर हमले नहीं होंगे. ईरान को लेकर अमेरिकी राष्ट्रपति के बयान को युद्ध की दिशा में उठाया गया बड़ा कदम माना जा रहा है. हालांकि ईरान की तरफ से अमेरिकी के साथ किसी तरह की बातचीत का खंडन किया गया है, ईरान का यही दावा है कि उनकी धमकी के डर से अमेरिकी राष्ट्रपति झुक गए. अब सवाल यही है क्या ट्रंप के सीजफायर से युद्ध रुक जाएगा.

गाजियाबाद पुलिस ने पाकिस्तान के लिए जासूसी करने वाले गिरोह के सदस्य नौशाद अली उर्फ लालू को फरीदाबाद से गिरफ्तार किया है. वह पेट्रोल पंप पर पंचर की दुकान की आड़ में काम कर रहा था. गिरोह के सरगना सुहेल समेत 22 आरोपी पहले ही पकड़े जा चुके हैं. यह गैंग रेलवे स्टेशनों और सुरक्षा ठिकानों की तस्वीरें और वीडियो पाकिस्तान भेजता था, जिसके बदले 4-6 हजार रुपये मिलते थे. दिल्ली-हरियाणा में लगाए कैमरों की लाइव स्ट्रीमिंग भी पाकिस्तान तक पहुंच रही थी. पुलिस जांच जारी है.

राजकोट में एक डॉक्टर के क्लिनिक में स्पाई कैमरा लगाकर निजी वीडियो रिकॉर्ड कर 25 लाख रुपये की उगाही के मामले में पुलिस ने डॉ. कमल नांढा को गिरफ्तार किया है. आरोप है कि उसने 3000 से ज्यादा वीडियो बनाकर स्थानीय पत्रकारों के जरिए ब्लैकमेल किया. राजकोट साइबर क्राइम पुलिस ने 12 आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज किया है, जबकि 11 आरोपी अभी फरार हैं और उनकी तलाश जारी है.

महायुद्ध के 24 दिन हो चुके हैं. खबरदार की शुरुआत अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के ताजा यूटर्न से. डोनाल्ड ट्रंप ने आज शाम ऐलान किया कि ईरान के पावर प्लांट्स और एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर पर होने वाले हमलों को उन्होंने फिलहाल टाल दिया है. ट्रम्प ने कहा कि अमेरिका और ईरान के बीच पिछले दो दिनों से चली बातचीत के बाद ये फैसला लिया गया है.








