
मुल्लांपुर में गौतम गंभीर के प्रयोग पड़े भारी, कप्तान सूर्या और उप-कप्तान गिल फिर फेल, ऐसे जीतेंगे टी20 वर्ल्ड कप?
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टी20 वर्ल्ड कप 2026 में अब ज्यादा समय बाकी नहीं है, लेकिन भारतीय टीम का कॉम्बिनेशन पूरी तरह से सेट नहीं दिख रहा है. भारतीय टीम के कप्तान सूर्यकुमार यादव और उप-कप्तान शुभमन गिल का बल्ला तो पूरी तरह खामोश नजर आ रहा है.
भारतीय टीम को साउथ अफ्रीका के खिलाफ टी20 सीरीज के दूसरे मुकाबले में 51 रनों से करारी शिकस्त झेलनी पड़ी. 11 दिसंबर (गुरुवार) को मुल्लांपुर के महाराजा यादवेंद्र सिंह इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में आयोजित इस मैच में भारतीय टीम को जीत के लिए 214 रनों का टारगेट मिला था. भारतीय टीम 19.1 ओवरों में 162 रनों पर सिमट गई. यानी टीम इंडिया लक्ष्य से काफी दूर रह गई. कभी ऐसा लगा ही नहीं कि भारतीय टीम इस मैच को अपने नाम कर सकती है.
इस मुकाबले में भारतीय टीम की हार का कारण औसत बल्लेबाजी, खराब गेंदबाजी और हेड कोच गौतम गंभीर के प्रयोग रहे. भारतीय गेंदबाजों ने आखिरी 3 ओवरों में 49 रन लुटाए, जिसने अफ्रीकी टीम को बड़े स्कोर तक पहुंचाया. अर्शदीप सिंह सबसे महंगे बॉलर साबित हुए जिन्होंने 54 रन लुटाए और उन्हें कोई विकेट नहीं मिला. जसप्रीत बुमराह भी फीके रहे और उन्होंने चार ओवरों में 45 रन खर्च किए.
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रनचेज में कप्तान सूर्यकुमार यादव और उप-कप्तान शुभमन गिल का प्रदर्शन बेहद खराब रहा. कप्तन सूर्या सिर्फ 5 रन बनाकर पवेलियन लौटे, वहीं गिल का खाता तक नहीं खुला. ये दोनों स्टार खिलाड़ी साउथ अफ्रीका के खिलाफ कटक टी20 मैच में भी चल नहीं पाए थे. तब शुभमन ने 4 और सूर्या ने 12 रनों का योगदान दिया था.
अक्षर को तीसरे नंबर पर भेजना कितना सही? जब शुभमन गिल पारी के पहले ही ओवर में आउट हुए, तो हेड कोच गौतम गंभीर ने अक्षर पटेल को बल्लेबाजी के लिए भेजा. ये निर्णय काफी चौंकाने वाला रहा. तब क्रीज पर अभिषेक शर्मा मौजूद थे, ऐसे में ये दलील नहीं दी जा सकती है कि गंभीर ने लेफ्ट-राइट कॉम्बिनेशन बनाने के लिए ऐसा किया. गंभीर का ये प्रयोग सही साबित नहीं हुआ. अक्षर स्ट्राइक रोटेट करने के लिए जूझते रहे. अक्षर ने 21 गेंदों का सामना किया और 21 रन ही बनाए. अक्षर की इस इनिंग्स ने प्रेशर पूरी तरह भारतीय टीम पर ला दिया.
दूसरे टी20 में ये भी समझ से परे रहा कि शिवम दुबे 8वें नंबर पर बैटिंग करने आए. शिवम यदि तीसरे नंबर पर आते, तो ये बात फैन्स को पच भी सकती थी. मगर उन्हें आठवें नंबर पर उतारना बिल्कुल सही नहीं था. शिवम जब 18वें ओवर में बैटिंग करने आए, तब तक मुकाबला भारतीय टीम के हाथों से निकल चुका था.

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