
बॉन्डी बीच की वो सुहानी शाम जो मैंने देखी, उन यादों पर अब खून बिखर गया
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सिडनी शहर का बॉन्डी बीच दुनिया भर में मशहूर है. पर पिछले 2 साल से यहां की शांति पर लगातार आतंकियों की नजर लग चुकी है. आज से सात साल पहले, जैसा मैंने अपनी आंखों से देखा सिडनी का ये खूबसूरत बीच, कल्पना नहीं थी वो खून से नहा जाएगा.
रविवार का दिन होने के चलते कल का दिन आम दिनों से अधिक बिजी था. इस बीच खबर मिलती है कि ऑस्ट्रेलिया में यहूदी उत्सव मना रहे कुछ लोगों पर अंधाधुंध फायरिंग की गई है, जिससे करीब 15 लोगों की जान चली गई है. कुछ देर बाद पता चलता है यह फायरिंग सिडनी के बॉन्डी बीच पर हुई है जहां यहूदियों का कोई समारोह चल रहा था. हमलावर पाकिस्तान के रहने वाले हैं.
यह इन्फर्मेंशन मिलते ही मेरे जेहन में 2018 का सिडनी और बॉन्डी बीच सामने आ गया. दरअसल यह हमला सिडनी के बॉन्डी बीच पर यहूदियों के हनुक्का उत्सव के दौरान हुआ. दो बंदूकधारियों की गोलीबारी में करीब 15 लोग मारे गए, जिनमें एक बच्चा भी था, और दर्जनों घायल हुए. पाकिस्तानी मूल के हमलावर पिता साजिद अकरम और बेटा नावेद अकरम कथित रूप से आईएसआईएस से प्रेरित थे. यह ऑस्ट्रेलिया का अब तक का सबसे घातक आतंकवादी हमला बताया गया.
मेरे दिमाग में आज से ठीक आठ साल पहले की बॉन्डी बीच यादें ताजा हो गईं. मई 2018 के अंतिम सप्ताह में, जब मैं और मेरी वाइफ बॉन्डी बीच पर घूमने गए हुए थे. मुझे ठीक से याद नहीं, लेकिन हम फेरी से पहुंचे थे, सर्कुलर क्वे से वॉटसन्स बे या रोज बे तक फेरी लेकर. मुझे याद है कि बॉन्डी बीच शांति मेरे लिए अचंभित करने वाली थी. क्योंकि अभी तक मैं जितने भी पब्लिक बीच पर गया वह जगह शोर-शराबा और भीड़ से लबालब रही थी .
2018 में, मैं ऑस्ट्रेलिया में एक कॉन्फ्रेंस के सिलसिले में गया था. सिडनी पहुंचा तो दोस्तों ने कहा कि बॉन्डी बीच जरूर देखो. प्रसिद्ध अमेरिकी सीरीज बेवॉच की शूटिंग इसी बीच पर हुई थी. कारण जो भी हो इस बीच को यहां ऑस्ट्रेलिया में न्यूड बीच के नाम से ही जाना जाता है. हालांकि दिल्ली के लोधी गार्डन में घूमने वालों जिस तरह आप जोड़ों को देखकर शर्मिंदा हो जाते हैं वैसा यहां कुछ भी नहीं था. यह केवल न्यूड बीच पर ही नहीं में 15 दिन के ऑस्ट्रेलिया प्रवास में मुझे कभी भी शर्मिंदगी की नौबत नहीं आई. बल्कि कई बार ऐसा लगा कि मेरे देश में ऑस्ट्रेलिया के मुकाबवे अब खुलापन कुछ ज्यादा ही है
फिलहाल सिडनी में ओपेरा हाउस और हॉर्बर ब्रिज के बाद सैलानियों के बीच सबसे अधिक आकर्षण इस बीच का ही रहता है. मई का अंतिम सप्ताह चल रहा था ऑस्ट्रेलिया में कड़ाके की सर्दी की शुरुआत हो चुकी थी. तेज चलती बर्फीली हवाओं के बीच हम बॉन्डी बीच पहुंचते हैं. सूरज के अस्त होने में अब केवल एक घंटे ही बचे थे. बीच पर ठंड के चलते वैसे ही भीड़ नहीं के बराबर है, पर रेस्त्रां फुल पैक्ड दिख रहे थे. तापमान 10 डिग्री के आसपास. भारत से आए हम दोनों के लिए यह नया अनुभव था. हमने मोटे जैकेट पहने हुए थे. फेरी से हार्बर के खूबसूरत नजारे देखते हुए हम वॉटसन्स बे पहुंचे. बीच पर कदम रखते ही ठंडी हवा ने झकझोर दिया. लहरें तेज थीं, रेत सफेद, लेकिन सूरज कमजोर.
पर्यटक कम थे.लेकिन लहरों से अठखेलियां करने के लिए बहुत से लोग अभी समुद्र की ओर सर्फ बोर्ड लेकर मूव कर रहे थे. कुछ वापसी भी कर रहे थे. मेरी वाइफ और मैं बीच पर घूमे, बॉन्डी पैविलियन के पास बैठे. हमने किसी रेस्त्रां में बैठने की बजाए मशीन से कॉफी ली और कुछ देर यूं ही इधर उधर बैठकर आम लोगों से बात करने की कोशिश की. पर लोकल कोई भी नहीं मिला. सभी दूसरे देशों से आए टूरिस्ट ही थे. मैं बार-बार यह जानने का प्रयास करता रहा कि आखिर यह जगह दुनिया की सबसे मशहूर बीचों में से क्यों है.

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