
बिहार के टेरर मॉड्यूल का SIMI कनेक्शन... लड़कों का ब्रेनवॉश कर देते थे ट्रेनिंग, टारगेट पर थे PM मोदी
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बिहार के फुलवारी शरीफ में SIMI के दो लोग गिरफ्तार हुए हैं और FIR के मुताबिक, इस बार भी पटना में हुए पीएम नरेंद्र मोदी के प्रोग्राम में गड़बड़ी फैलाने की साजिश थी, जबकि 2013 में पीएम मोदी की रैली में धमाका भी SIMI से जुड़े आतंकियों ने किया था.
पटना पुलिस ने दो लोगों को गिरफ्तार किया है, जो एक खास समुदाय के लोगों को प्रशिक्षित कर रहे हैं. ये प्रशिक्षण सिमी के सदस्य अतहर परवेज दे रहा था. अतहर परवेज का भाई मंजर आलम पटना के गांधी मैदान में साल 2013 में पीएम मोदी की हुंकार रैली और बोध गया में हुए बम धमाकों के गिरफ्तार हुआ था. वो फिलहाल जेल में है.
हाल में हुए फुलवारी शरीफ में SIMI के लोग ही गिरफ्तार हुए हैं और FIR के मुताबिक, इस बार भी पटना में हुए पीएम नरेंद्र मोदी के प्रोग्राम में गड़बड़ी फैलाने की साजिश थी, जबकि 2013 में पीएम मोदी की रैली में धमाका भी SIMI से जुड़े आतंकियों ने किया था. इस मामले में अतहर परवेज का भाई मंजर आलम गिरफ्तार हुआ है.
पटना पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार किए गए दोनों लोगों के तार पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (PFI) और सोशल डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ इंडिया (SDPI) से जुड़े हैं. पुलिस ने इन दोनों के पास से पीएफआई का झंडा, बुकलेट, पंपलेट और कई संदिग्ध दस्तावेज बरामद किए हैं, जिसमें भारत को 2047 तक इस्लामिक मुल्क बनाने का जिक्र किया गया है.
पटना पुलिस ने बताया है कि यह दोनों फुलवारी शरीफ इलाके में आतंक की पाठशाला चला रहे थे. अतहर परवेज मार्शल आर्ट और शारीरिक शिक्षा देने के नाम पर मोहम्मद जलालुद्दीन के साथ एनजीओ चला रहा था. अतहर ने 16 हजार रुपये के किराए पर मोहम्मद जलालुद्दीन के फुलवारीशरीफ स्थित अहमद पैलेस, नया टोला इलाके में फ्लैट लिया था.
अतहर परवेज और मोहम्मद जलालुद्दीन दोनों एनजीओ के नाम पर लड़कों को ट्रेनिंग दे रहे थे. उनका मुख्य उद्देश्य हिंदुओं के खिलाफ मुस्लिमों को भड़काना था. मुस्लिम नौजवानों को यह दोनों अस्त्र-शास्त्र की ट्रेनिंग दिया करते थे और फिर राष्ट्रीय स्तर, राज्य स्तर, जिला स्तर पर पीएफआई और एसडीपीआई के सक्रिय सदस्यों के साथ बैठक में किया करता था.
पटना पुलिस ने बताया कि 6 और 7 जुलाई को अतहर परवेज ने किराए पर लिए गए ऑफिस में कई युवाओं को मार्शल आर्ट और शारीरिक शिक्षा देने के नाम पर बुलाया, फिर उन्हें अस्त्र-शस्त्र की ट्रेनिंग और धार्मिक उन्माद फैलाने के लिए भड़काया.

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