
बांग्लादेश: राष्ट्रपति के मोहम्मद यूनुस पर लगाए गए गंभीर आरोपों की हो रही है चर्चा
BBC
मोहम्मद शहाबुद्दीन ने अंतरिम सरकार के कार्यकाल के दौरान बार-बार अपमानित होने का आरोप लगाया है. उनका दावा है कि अहम राष्ट्रीय फ़ैसले लेने के मामले में भी उनको अंधेरे में रखा गया.
बांग्लादेश में करीब 18 महीने की अस्थिरता और उथल-पुथल के बाद बीते सप्ताह तारिक रहमान के नेतृत्व में बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (बीएनपी) गठबंधन ने चुनाव जीत कर सत्ता संभाली थी. लेकिन अब राष्ट्रपति मोहम्मद शहाबुद्दीन के एक इंटरव्यू ने सियासी हलकों में तूफ़ान खड़ा कर दिया है.
राजधानी से प्रकाशित बांग्ला दैनिक 'कालेर कंठो' को दिए इस इंटरव्यू में राष्ट्रपति ने अंतरिम सरकार के कुछ कदमों को असंवैधानिक करार देते हुए उस पर पूरी तरह असहयोग करने का आरोप लगाया है.
उनके इंटरव्यू पर बढ़ते विवाद पर मोहम्मद यूनुस ने तो अब तक कोई टिप्पणी नहीं की है. लेकिन सरकार के सूचना और प्रसारण मंत्री जहीरुद्दीन स्वप्न ने पत्रकारों से कहा कि राष्ट्रपति की टिप्पणियों के अध्ययन के बाद ही सरकार इस पर औपचारिक बयान जारी करेगी.
बंग भवन में बीते शुक्रवार को हुई बातचीत के दौरान मोहम्मद शहाबुद्दीन ने अंतरिम सरकार के कार्यकाल के दौरान बार-बार अपमानित होने का आरोप लगाया है. उनका दावा है कि अहम राष्ट्रीय फ़ैसले लेने के मामले में भी उनको अंधेरे में रखा गया.
हालांकि मोहम्मद यूनुस या उनके किसी सहयोगी ने राष्ट्रपति के आरोपों पर कोई प्रतिक्रिया अब तक नहीं दी है.
बीबीसी हिन्दी के व्हॉट्सऐप चैनल से जुड़ने के लिए यहाँ क्लिक करें
राष्ट्रपति का कहना था, "अंतरिम सरकार के मुख्य सलाहकार डॉक्टर मोहम्मद यूनुस ने संविधान के कई प्रावधानों का उल्लंघन किया है. डेढ़ साल के कार्यकाल में मुझे अंतरिम सरकार की ओर से कई बार अपमानित होना पड़ा."

भारत में, एलपीजी गैस की कीमतों में इज़ाफ़ा होता दिख रहा है. इसकी सप्लाई को लेकर अनिश्चितता का दौर जारी है. एलपीजी की कीमतों और उपलब्धता पर दबाव बढ़ता दिख रहा है और देश के अलग-अलग हिस्सों से ऐसी तस्वीरें सामने आ रही हैं. यहां लोगों को कैसी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है? बीबीसी के रिपोर्टर्स ने देश के अलग-अलग हिस्सों में यही जानने की कोशिश की.












