
फिर 40 दिन के लिए जेल से बाहर आया रेप-मर्डर का दोषी राम रहीम, बार-बार कैसे मिल रही रिहाई?
AajTak
रेप और मर्डर के दोषी बाबा राम रहीम एक बार फिर 40 दिन की पैरोल पर जेल से बाहर आ गया है. पिछले 8 सालों में वो 375 दिन जेल से बाहर रह चुका है. यानी करीब एक साल से भी ज्यादा वक्त वो आजाद घूमता रहा. जानिए कैसे पैरोल और फरलो के नाम पर कानून का मज़ाक बना रहा है ये 'खास' कैदी.
Rape Murder Guilty Gurmeet Ram Rahim Singh Parole: रेप और मर्डर के दोषी बाबा राम रहीम एक बार फिर जेल से बाहर आ गया है. इस बार उसे 40 दिनों की पैरोल मिली है. अब आप पूछेंगे भला इसमें नया क्या है? पैरोल पर तो वो अक्सर यूं ही जेल से बाहर आता-जाता रहता है. लेकिन जिस तरह से बाबा बार-बार पैरोल और फरलो पर रह-रह कर बाहर आता जा रहा है, वो अपने-आप में एक अनोखा और अनब्रेकेबेल रिकॉर्ड तो बनाता ही जा रहा है. एक ऐसा रिकॉर्ड, जो हर रिहाई के साथ कुछ इतना मजबूत हो रहा है कि आने वाले वक्त में शायद ही हरियाणा का कोई बड़े से बड़ा कैदी उस रिकॉर्ड की बराबरी कर पाए.
पिछले तीन महीनों में ये दूसरा मौका है, जब राम रहीम फिर से पैरोल पर बाहर आ गया है. इससे पहले वो इसी साल यानी 9 अप्रैल 2025 को डेरा सच्चा सौदा के स्थापना दिवस के मौके पर 21 दिनों के लिए बाहर निकला था. अप्रैल खत्म होते-होते वो रोहतक की सुनारिया जेल में वापस चला गया और कमाल देखिए कि अगस्त शुरू होते-होते वो फिर से जेल से बाहर आ गया. सच में इतनी जल्दी-जल्दी तो लोगों को अपनी-अपनी नौकरियों से भी छुट्टी नहीं मिलती है, जितनी जल्दी-जल्दी राम रहीम पैरोल ले लेता है.
अब आइए एक-एक कर बाबा के पैरोल लेने की इस पूरी एनोटॉमी को सिलसिलेवार तरीके से समझते हैं, जिसे जान कर आपकी आंखें खुल जाएंगी और आप ये सोचने पर मजबूर हो जाएंगे कि आखिर कैसे ताकतवर और प्रभावशाली लोग तमाम दावों और वादों के बावजूद कानून को अपनी जेब में रखने में कामयाब हो जाते हैं.
राम रहीम को 25 अगस्त 2017 को पहली बार अपने ही आश्रम की दो साध्वियों के रेप के मामले में गुनहगार करार दिया गया था और यही वो दिन था, जब वो पहली बार जेल गया. तब उसे 10-10 साल की सजा हुई थी. इसके दो साल बाद 11 जनवरी 2019 को वो पत्रकार रामचंद्र छत्रपति की हत्या के इल्जाम में दोषी पाया गया. और उसे आजीवन कारावास की सजा हुई. अगर उसके जेल जाने के पहले दिन यानी 25 अगस्त 2017 से आज के दिन 5 अगस्त 2025 तक का हिसाब लगाया जाए, तो उसने करीब 8 साल यानी 2,902 दिनों की सजा काटी है. मगर कमाल ये है कि पैरोल और फरलो की छुट्टियों की बदौलत इन 8 सालों में से वो करीब 1 साल से भी ज्यादा वक्त जेल से बाहर खुली हवा में मौज काट चुका है.
उसे जेल गए कुल 2902 दिन हुए हैं, जबकि अगर इस बार मिले पैरोल के 40 दिनों को जोड़ लिया जाए, तो उसे जेल से बाहर रहे हुए 375 दिन हो जाएंगे. इस हिसाब से देखा जाए तो इन 8 सालों में 1 साल से भी ज्यादा वक्त तक तो वो बाहर ही रहा है. वैसे ऐसा नहीं है कि राम-रहीम पहले भी पैरोल के ऐसे ही मजे लूट रहा था. जेल जाने के बाद करीब 5 सालों तक तो उसे भी दूसरे कैदियों की तरह ही इक्का-दुक्का ही पैरोल मिलती रही, लेकिन साल 2022 में हरियाणा सरकार ने 'हरियाणा गुड कंडक्ट टेंपोररी प्रिज़नर्स एक्ट' में अमेंडमेंट यानी सुधार क्या किया, राम रहीम की तो मानों लॉटरी ही खुल ही खुल गई.
सबसे पहले जानिए कि राम रहीम को साल 2017 में जेल जाने के बाद से साल 2021 तक कानून में तब्दीली होने तक कब-कब और कितने-कितने दिनों की पैरोल मिली? फिर आपको बताएंगे कि कानून बदलने के बाद कैसे राम रहीम के लिए पैरोल की बाढ़ सी आ गई?

ईरान युद्ध के बीच पाकिस्तान की एक बड़ी साजिश बेनकाब हुई है. पाकिस्तान को लेकर खुलासा हुआ है कि वो उसने अपने एजेंट्स की मदद से भारत में सीसीटीवी लगवाए, जिनके जरिए वीडियो पाकिस्तान भेजे जा रहे थे. गाजियाबाद पुलिस ने पाकिस्तान की इस साजिश को नाकाम किया. पाकिस्तान ने इजरायल से सीख लेकर ऐसा किया. इजरायल ने तेहरान के ट्रैफिक कैमरों को हैक कर खामेनेई को लेकर अहम जानकारी जुटाई थी. देखें वीडियो.

डोनाल्ड ट्रंप ने पूरी दुनिया को कन्फ्यूज कर दिया है. एक तरफ डोनाल्ड ट्रंप और उनके दावे हैं. वहीं दूसरी तरफ इन दावों को आंख दिखाती हकीकत. सवाल ये है कि जंग की बिसात पर ट्रंप कौन सा खेल खेल रहे हैं. जंग की शुरुआत से अबतक डोनाल्ड ट्रंप अपनी आदत के मुताबिक अपने बयान बदल रहे हैं. दुर्भाग्य ये है कि ये जंग है. पहले दिन से वो कह रहे हैं कि हम जीत रहे हैं. जंग के 25 दिन बाद हकीकत कुछ और है. लेकिन वो कह रहे हैं कि उन्होंने ईरान को खत्म कर दिया है. फिर दबाव बढ़ाने के लिए उन्होंने ईरान को 48 घंटे का अल्टीमेटम दे दिया. वहीं अचानक ये कहकर दुनिया को चौंका दिया कि 5 दिन युद्धविराम. ट्रंप की इन बातों ने बता दिया है कि उनके दिमाग में घोर कन्फ्यूजन है.

पश्चिम एशिया में बिगड़े हालातों पर अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और पीएम मोदी की बातचीत हुई है. पीएम मोदी ने सोशल मीडिया एक्स पर इसकी जानकारी दी. पीएम मोदी ने कहा है कि उन्हें ट्रंप का फोन आया और पश्चिम एशिया की स्थिति पर बात हुई. भारत तनाव कम करने और जल्द से जल्द शांति बहाल करने का समर्थन करता है. देखें वीडियो.

मोहम्मद बाघेर जोलघादर, ईरान के नए सुरक्षा रणनीतिकार होंगे. ईरान ने अली लारीजानी की जगह पर मोहम्मद बाघेर की नियुक्ति का ऐलान किया है. ईरान के सरकारी चैनल IRIB के मुताबिक सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई और राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने मोहम्मद बाघेर की नियुक्ति को मंजूरी दी है. ईरान का ये ऐलान ऐसे समय में हुआ है, जब बातचीत के राष्ट्रपति ट्रंप के एकतरफा ऐलान के बावजूद ईरान पलटवार से रुका नहीं. ईरान के हमलों से आज तेल अवीव में रिहाइशी इमारतों की बर्बादी की तस्वीरें आईं. उधर, इजरायल ने ईरान के खोर्रमशहर और इशफाहान में ऊर्जा केंद्रों पर हमले किए. इजरायल ने ईरान के कई शहरों में हमले किए हैं. बीती रात हुए हमलों से साफ है कि बातचीत के लिए 5 दिनों की जो मोहलत ट्रंप ने दी, उसका कोई नतीजा नहीं दिख रहा. इस बीच, वॉल स्ट्रीट जर्नल की रिपोर्ट के मुताबिक सऊदी अरब और UAE भी युद्ध में उतर सकते हैं. सवाल है कि इस युद्ध पर फुलस्टॉप कैसे लगेगा? क्या बातचीत के लिए ईरान को कथित तौर पर मोहलत देने का ट्रंप का दांव नाकाम है?









