
दिल्ली में अधिकारियों के ट्रांसफर-पोस्टिंग पर किसका अधिकार? अब सुप्रीम कोर्ट में 10 जनवरी को सुनवाई
AajTak
दिल्ली में अधिकारियों के ट्रांसफर और पोस्टिंग को लेकर दिल्ली सरकार और उपराज्यपाल के बीच विवाद जारी है. सुप्रीम कोर्ट में इस मामले में 8 दिसंबर को सुनवाई होनी थी, लेकिन अब सुनवाई को टाल दिया गया है. अब इस मामले में 10 जनवरी को सुनवाई होगी.
दिल्ली में अधिकारियों के ट्रांसफर-पोस्टिंग पर अधिकार को लेकर उपराज्यपाल और केजरीवाल सरकार में ठनी हुई है. इसको लेकर सुप्रीम कोर्ट में भी सुनवाई चल रही है. वहीं अब केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कहा है कि इस मामले को 5 जजों से बड़ी बेंच को भेजा जाए. वहीं दिल्ली सरकार ने केंद्र सरकार की इस अर्जी का विरोध किया है.
वहीं देश के मुख्य न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़ ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट की संविधान पीठ 8 दिसंबर को सुनवाई नहीं कर पाएगी क्योंकि पीठ में शामिल जस्टिस कृष्ण मुरारी बीमार हैं. इस मामले में अब सुनवाई की अगली तारीख अगले साल के दूसरे हफ्ते में तय की गई है.
दिल्ली सरकार बनाम उपराज्यपाल मामले में अफसरों की ट्रांसफर-पोस्टिंग पर अधिकार पर विवाद को लेकर सुप्रीम कोर्ट अब 10 जनवरी को सुनवाई करेगा. पहले पांच जजों की संविधान पीठ को 8 दिसंबर को सुनवाई करनी थी, लेकिन अब दूसरी पीठ इस मामले में सुनवाई करेगी.
2 जजों की बेंच ने दिया था बंटा फैसला
साल 2019 में इस मामले में सुप्रीम कोर्ट की दो जजों की बेंच ने बंटा हुआ फैसला दिया था. इस मामले पर जस्टिस एके सीकरी और जस्टिस अशोक भूषण की पीठ ने सुनवाई की थी. जस्टिस सीकरी ने कहा था कि राजधानी में सभी एक्जीक्यूटिव अधिकार दिल्ली सरकार के पास ही रहेंगे. जस्टिस अशोक भूषण ने भी कुछ मुद्दों पर जस्टिस सीकरी के साथ सहमति जताई, लेकिन ट्रांसफर-पोस्टिंग के मुद्दे पर दोनों जजों में मतभेद ही रहा, इसलिए इस मुद्दे को बड़ी बेंच के पास भेज दिया गया था.
ट्रांसफर-पोस्टिंग का अधिकार फिलहाल LG के पास

Guna Hawala Scandal: गुना का हाईप्रोफाइल हवाला कांड अब एक नई करवट ले रहा है. जहां एक तरफ ट्रेनी IPS आयुष जाखड़ की जांच टीम गुजरात के व्यापारी को बयान के लिए बुला रही है, वहीं दूसरी तरफ निवर्तमान एसपी अंकित सोनी के तबादले ने शहर में एक नया विवाद खड़ा कर दिया है. 'लेडी सिंघम' हितिका वासल ने कमान संभाल ली है, लेकिन अंकित सोनी के समर्थन में हिंदू संगठन सड़कों पर उतर आए हैं.

इजरायल अमेरिका और ईरान के बीच चल रहे युद्ध का असर पूरी दुनिया में देखने को मिल रहा है और भारत भी इससे अछूता नहीं है, इस युद्ध के चलते भारत में भी ऊर्जा संकट पैदा हो रहा था, इसी संकट को लेकर पीएम मोदी ने आज संसद में पहली बार सार्वजनिक तौर पर बयान दिया. पश्चिम एशिया में जंग के हालातों पर पीएम मोदी ने लोकसभा में 25 मिनट की स्पीच दी उन्होंने कहा कि तनाव खत्म होना चाहिए. बातचीत से ही समस्या का समाधान है. पीएम ने कहा कि नागरिकों और पावर प्लांट पर हमले मंजूर नहीं हैं. होमुर्ज का रास्ता रोकना स्वीकार नहीं होगा ‘सरकार की कोशिश है कि देश में तेल-गैस संकट न हो. इसके लिए 27 की जगह अब 41 देशों से इंपोर्ट कर रहे हैं. पश्चिम एशिया में एक करोड़ भारतीय रहते हैं. उनकी सुरक्षा हमारी प्राथमिकता है.

हैदराबाद में आगामी रामनवमी शोभा यात्रा को लेकर गोशामहल के विधायक टी. राजा सिंह ने पुलिस प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं. उन्होंने कहा कि साल 2010 से लगातार शोभा यात्रा आयोजित की जा रही है, लेकिन हर साल पुलिस की ओर से बाधाएं खड़ी की जाती हैं. उनका आरोप है कि सिदंबर बाजार, पुराना पुल और बेगम बाजार जैसे इलाकों में विशेष रूप से लाठीचार्ज के लिए टास्क फोर्स तैनात की जाती है. साथ ही उन्होंने दावा किया कि हर साल उनके खिलाफ FIR दर्ज की जाती है और इस बार भी पुलिस अपनी गलतियों का ठीकरा उन पर फोड़ सकती है.










