
दक्षिण गाजा में इजरायल के हमले में एक ही परिवार के 76 सदस्यों की मौत
AajTak
बता दें कि इजरायली सेना ने अपनी सैन्य कार्रवाई तेज कर दी है. इस दौरान आईडीएफ ने खान यूनिस में कई आतंकवादी ठिकानों को ध्वस्त कर दिया. एक आतंकवादी ने एंटी-टैंक आरपीजी मिसाइलें दागीं, लेकिन समय रहते ही उसे मार गिराया गया.
दक्षिण गाजा में इजरायली हवाई हमले में एक ही परिवार के 76 सदस्यों की मौत हो गई है. एक दिन पहले ही संयुक्त राष्ट्र प्रमुख ने चेतावनी दी थी कि गाजा में कहीं भी कोई सुरक्षित नहीं है. गाजा के नागरिक सुरक्षा विभाग के प्रवक्ता महमूद बासल ने कहा, गाजा शहर में एक इमारत पर शुक्रवार का हमला इजरायल-हमास युद्ध के सबसे घातक हमलों में से एक था. यह युद्ध अब अपने 12वें सप्ताह में प्रवेश कर गया है.
एजेंसी के प्रमुख अचिम स्टीनर ने कहा कि इस्साम और उसके परिवार के सदस्यों को खोना हम सभी को बहुत प्रभावित कर गया है. यह युद्ध समाप्त होना चाहिए. 7 अक्टूबर को हमास आतंकवादियों द्वारा सीमा पार से किए गए हमले में करीब 1,200 लोगों की मौत हो गई और करीब 240 लोगों को बंधक बना लिया गया, जिसके बाद इजरायल ने युद्ध की घोषणा कर दी. इजरायल ने तब तक लड़ाई जारी रखने की कसम खाई है जब तक हमास को गाजा में नष्ट और सत्ता से हटा नहीं दिया जाता और सभी बंधकों को मुक्त नहीं कर दिया जाता.
पिछले 16 वर्षों से इस्लामिक आतंकवादी समूह द्वारा शासित गाजा क्षेत्र में स्वास्थ्य अधिकारियों के अनुसार, हमास को नष्ट करने के लिए इजरायल के युद्ध में 20,000 से अधिक फिलिस्तीनी मारे गए हैं और 53,000 से अधिक घायल हुए हैं. इजरायल ने नागरिक मृत्यु दर में वृद्धि के लिए हमास को दोषी ठहराया है. 7 अक्टूबर के बाद से हजारों हवाई हमले हुए हैं.
इजरायल ने तेज किया एक्शन बता दें कि इजरायली सेना ने अपनी सैन्य कार्रवाई तेज कर दी है. इस दौरान आईडीएफ ने खान यूनिस में कई आतंकवादी ठिकानों को ध्वस्त कर दिया. एक आतंकवादी ने एंटी-टैंक आरपीजी मिसाइलें दागीं, लेकिन समय रहते ही उसे मार गिराया गया. शेजैया में एक स्कूल के पास एक मेडिकल क्लिनिक में रखे गए भारी मात्रा में विस्फोटक उपकरण बरामद किए गए. इसके साथ इजरायली सैनिकों ने साउथ गाजा में समुद्र तट के पास एक सुरंग शाफ्ट को नष्ट कर दिया.
मालूम हो कि इजरायल और हमास के बीच चल रही जंग थमने का नाम नहीं ले रही है. लगातार अंतरराष्ट्रीय समुदाय के द्वारा मिल रहे दबाव के बावजूद इजरायल गाजा में पीछे हटने का नाम नहीं ले रहा है. इजरायली सेना द्वारा की जा रही गोलीबारी और बमबारी में हमास के आतंकियों की कमर टूट चुकी है.

अमेरिका और ईरान में इस समय टकराव देखने को मिल रहा है. अमेरिका ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई के संकेत दे रहा है. अमेरिका का विमानवाहक युद्धपोत अब्राहम लिंकन समुद्र के रास्ते ईरान के करीब पहुंच चुका है जिससे ईरान-अमेरिका के बीच युद्ध की आशंकाएं बढ़ गई हैं. हालांकि, अरब देश अमेरिका को ईरान पर हमला करने से रोकने की कोशिश कर रहे हैं. लगातार धमकियों के बावजूद ईरान पर सीधे हमले से क्यों बच रहा अमेरिका? देखें श्वेतपत्र.

अमेरिका ने ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई के संकेत दिए हैं. अमेरिका का विमानवाहक युद्धपोत अब्राहम लिंकन समुद्र के रास्ते ईरान के करीब पहुंच चुका है जिससे ईरान-अमेरिका के बीच युद्ध की आशंकाएं बढ़ गई हैं. वहीं अरब देश अमेरिका को ईरान पर हमला करने से रोकने की कोशिश कर रहे हैं. दूसरी ओर, ईरान ने इजरायल के आठ प्रमुख शहरों पर हमले की योजना तैयार की है. इस बढ़ती तनाव की स्थिति से मध्य पूर्व में सुरक्षा खतरे और बढ़ सकते हैं.

ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई ने अमेरिका और राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर तीखा हमला करते हुए ट्रंप को ईरान में हुई मौतों, नुकसान और बदनामी के लिए जिम्मेदार ठहराया और उन्हें 'अपराधी' बताया. उन्होंने आरोप लगाया कि ईरान में हालिया अशांति अमेरिका की साजिश है और ट्रंप ने खुद इसमें दखल देकर प्रदर्शनकारियों को उकसाया.

व्हाइट हाउस ने गाजा को फिर से बसाने और उस पर शासन के लिए बने 'बोर्ड ऑफ पीस' के सदस्यों की लिस्ट जारी की है. अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप बोर्ड के अध्यक्ष होंगे. जबकि विदेश मंत्री मार्को रुबियो, ट्रंप के विशेष दूत स्टीव विटकॉफ, पूर्व ब्रिटिश प्रधानमंत्री टोनी ब्लेयर और ट्रंप के दामाद जेरेड कुशनर सदस्य होंगे. देखें दुनिया आजतक.









