
ठाणे के कपल ने 5 दिन के बेटे को एक लाख रुपये में बेचा, माता-पिता समेत छह गिरफ्तार
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ठाणे के एक कपल ने आर्थिक तंगी से परेशान होकर पांच दिन के बच्चे को महज एक लाख रुपये में बेच दिया. इस मामले में पुलिस ने माता-पिता, ब्रोकर दंपति समेत छह लोगों को गिरफ्तार किया है. इसको लेकर नागपुर में केस दर्ज किया गया है.
महाराष्ट्र के ठाणे के रहने वाले माता-पिता ने 5 दिन के शिशु को महज एक लाख 10 हजार रुपये में निसंतान दंपति को बेच दिया. इस मामले में पुलिस ने बच्चे के माता-पिता समेत छह लोगों को गिरफ्तार किया है. शुरुआती जांच में सामने आया है कि आर्थिक तंगी से परेशान होकर दंपति ने शिशु को बेच दिया था.
अधिकारियों ने बताया कि एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग स्क्वॉयड(AHTS) के अभियान से अवैध बाल तस्करी का एक परेशान करने वाला मामला सामने आया है, जिसमें न केवल बेचने वाले और खरीदने वाले बल्कि लेन-देन में मध्यस्थता करने वाले दो ब्रोकर भी शामिल हैं.
आरोपी माता-पिता ने कथित तौर पर अपने नवजात शिशु को निसंतान दंपत्ति को बेच दिया, जो गोद लेने के लिए उत्सुक थे, लेकिन उन्होंने कानूनी गोद लेने की प्रक्रिया को दरकिनार कर दिया. जैविक माता-पिता के अलावा, पुलिस ने बच्चे को खरीदने वाले जोड़े और सौदे में मदद करने वाले दो दलालों को भी गिरफ्तार कर लिया है.
ठाणे के रहने वाले हैं दोनों कपल
पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सुनील उर्फ भोंदू दयाराम गेंड्रे (31) और उसकी पत्नी श्वेता (27) के रूप में की गई है, जबकि निसंतान दंपत्ति की पहचान पूर्णिमा शेल्के (32) और उनके पति स्नेहदीप धरमदास शेल्के (45) के रूप में की गई है, दोनों ठाणे जिले के बदलापुर के रहने वाले हैं.
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