कोरोना पॉजिटिव होने या ठीक होने के तुरंत बाद क्यों नहीं लेनी चाहिए वैक्सीन
AajTak
कोरोना: एक्सपर्ट के अनुसार कोविडशील्ड में मौजूद इंग्रीडिएंट से एलर्जी है तो उन लोगों को कोविडशील्ड नहीं लगानी चाहिए. इसके साथ ही कोविशील्ड की पहली डोज लगाने के बाद अगर आपको एलर्जी होती है तो आपको दूसरी वैक्सीन नहीं लगानी चाहिए. जानिए- किन वजहों से आपको वैक्सीन के लिए रुकना चाहिए.
देश में कोरोना वैक्सीनेशन का दूसरा चरण शुरू हो चुका है. मरीजों को वैक्सीन लगाने को लेकर भी गाइडलाइन जारी की गई है. भारत में टीकाकरण पर बनाई गई राष्ट्रीय तकनीकी सलाहकार समूह (NTAGI) की ओर से भी वैक्सीन लगवाने के समय को लेकर कई सिफारिशें की गई हैं. इसके अनुसार कोरोना पॉजिटिव हुए लोगों को रिकवरी के 6 महीने के बाद वैक्सीन लगाई जाए. जानिए इसके पीछे की क्या वजह बताई गई है. कोरोना ठीक होने के बाद कम से कम छह महीने का गैप रखना चाहिए. इसके पीछे की वजह ये है कि कोविड मरीज को रिकवरी के दौरान नेचुरल इम्यूनिटी मिल जाती है और उनके अंदर मौजूद एंटीबॉडीज भी उन्हें सुरक्षा प्रदान करते हैं. लिहाजा उन्हें कुछ हफ्ते रुककर कोरोना वैक्सीन की डोज लेनी चाहिए. अगर कोरोना टेस्ट कराने पर रिपोर्ट पॉजिटिव आई हो ऐसे लोगों को भी वैक्सीन की डोज लेने से बचना चाहिए. एक्सपर्ट के अनुसार, आपको तब तक टीका नहीं लगवाना चाहिए जब तक कि आप संक्रमण से पूरी तरह से ठीक नहीं हो जाते हैं. संक्रमण के दौरान वैक्सीन लगाने से न सिर्फ खतरा बढ़ता है, इसके अलावा वैक्सीनेशन सेंटर पर जाने से आप दूसरों तक भी संक्रमण फैला सकते हैं, इसकी आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता है.More Related News

Lava Blaze Duo 3 Launch Date: लावा भारतीय बाजार में नया फोन लेकर आ रहा है. ये फोन दो स्क्रीन वाला होगा. भारतीय बाजार में लावा इस तरह के फोन पहले भी लॉन्च कर चुका है. अपकमिंग लावा फोन AMOLED डिस्प्ले, मीडियाटेक प्रोसेसर और 50MP के रियर कैमरा सेटअप के साथ आएगा. आइए जानते हैं कि इस फोन में क्या कुछ खास होगा.












