
कानपुर में फर्जी पासपोर्ट के साथ 4 बांग्लादेशी गिरफ्तार, निकला पाकिस्तान कनेक्शन, अमेरिकी डॉलर और कैश बरामद
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यूपी के कानपुर में पुलिस ने फर्जी कागजातों के आधार पर भारत में रह रहे बांग्लादेशी परिवार के चार सदस्यों को गिरफ्तार किया है. पुलिस का कहना है कि आरोपी पाकिस्तान की भी यात्रा कर चुका है. केंद्रीय एजेंसियों को सूचना दे दी है. इन बांग्लादेशियों के पास सपा विधायक इरफान सोलंकी के नाम से लिखा लेटर मिला है, जिसमें कहा गया है कि ये लोग मूल रूप से कानपुर के मूलगंज के रहने वाले हैं. पुलिस लेटर की जांच कर रही है.
उत्तर प्रदेश के कानपुर में पुलिस ने आज चार बांग्लादेशियों को गिरफ्तार किया है. इनमें आरोपी के साथ ही उसकी पत्नी और बेटा-बेटी शामिल हैं. ये सभी भारतीय बनकर कई साल से कानपुर में रह रहे थे. इनके पास से भारत और बांग्लादेश के दो-दो पासपोर्ट (Fake Passport) मिले हैं.
पुलिस का कहना है कि आरोपी पाकिस्तान की भी यात्रा कर चुका है. उसके पास से भारी मात्रा में कैश और अमेरिकी डॉलर मिले हैं. पुलिस ने केंद्रीय एजेंसियों को सूचना दे दी है.
पुलिस के अनुसार, डॉ. रिजवान नाम का व्यक्ति पिछले कई साल से कानपुर के आर्य नगर में स्थित एक अपार्टमेंट में रहता था. यह अपार्टमेंट 40 हजार रुपए महीने के किराए पर था. डॉ. रिजवान क्या काम करता था, उसका हाई प्रोफाइल खर्च कैसे चलता था, इस बारे में छानबीन की जा रही है.
डॉ. रिजवान के पास से पुलिस को बांग्लादेश और इंडिया के दो-दो पासपोर्ट मिले हैं. इसके अलावा 14 लाख रुपए कैश के साथ-साथ अमेरिकन डॉलर भी काफी मात्रा में मिले हैं. पुलिस का कहना है कि डॉ. रिजवान ने अपने पासपोर्ट पर पाकिस्तान की यात्रा भी की है.
बांग्लादेशियों के पास मिला सपा विधायक इरफान सोलंकी के नाम का लेटर
ज्वाइंट कमिश्नर आनंद प्रकाश तिवारी का कहना है कि इन बांग्लादेशियों के फर्जी सर्टीफिकेट बनाने के लिए सपा विधायक इरफान सोलंकी के नाम से जारी किया गया एक लेटर मिला है. इस लेटर में लिखा गया है कि ये कानपुर के मूलगंज के मूल निवासी हैं. सपा विधायक ने इनको मूलतः मूलगंज का रहने वाला बताया था, जबकि हकीकत में यह बांग्लादेश के रहने वाले हैं.

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